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Banda News: ट्रक की टक्कर से बाइक सवार नाना और नाती की मौत
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नरैनी (बांदा)। अपने गांव से नरैनी की बाजार जा रहे बाइक सवार नाना और नाती को बालू से भरे मिनी ट्रक (डग्गी) ने टक्कर मार दी। इससे दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद ट्रक चालक ट्रक समेत भाग निकला।
कोतवाली क्षेत्र के केवटन पुरवा नौगवां गांव निवासी राजेश निषाद (20) अपने नाना रमपुरवा गुढ़ाकला निवासी जगदेव निषाद (62) के साथ अपने गांव से बुधवार की दोपहर को नरैनी बाजार करने जा रहे थे। इसी दौरान नरैनी की ओर से आ रहे बालू से भरे मिनी ट्रक (डग्गी) ने कालिंजर मार्ग पांडे का पुरवा मोड़ पर उनकी बाइक में टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि बाइक क्षतिग्रस्त होकर डिवाइडर में चढ़ गई।
हादसे में बाइक सवार नाना और नाती छिटककर सड़क पर जा गिरे, जिससे उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। बाइक राजेश चला रहा था। वह हेलमेट नहीं लगाए था। उधर, ग्रामीणों की सूचना पर पहुंचे एसआई इंदल यादव ने दोनों शवों को पहले सीएचसी फिर बांदा पोस्टमार्टम हाउस पहुंचाया। हादसे के संबंध में नाती कुलदीप ने बताया कि मृतक नाना जगदेव खेती-किसानी काम करते थे। उनके चार पुत्र संतोष, नत्थू, शंभू व बंगाली हैं।
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इंचार्ज कोतवाली निरीक्षक सुरेश कुमार सैनी ने बताया कि दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। ट्रक व चालक की तलाश की जा रही है। इसके लिए घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी को खंगाला जा रहा है।
छह बहनों के इकलौते भाई थे राजेश
मृतक राजेश गांव में रहकर अपने पिता के साथ किसानी करते थे। वह अविवाहित थे। उनकी सात बीघा खेती है। राजेश के पिता भिंजू निषाद ने बताया कि बेटा छह बहनों में इकलौता भाई था।। तीन बहनों की शादी हो चुकी है। उधर, खेती किसानी से संपन्न दो परिवारों में मातम का माहौल है। अचानक हुए इस हादसे को लेकर बड़ी संख्या में निषाद बिरादरी के लोग सीएचसी में पहुंचे। वहां मृतक राजेश की छोटी बहनें तीन बार गश खाकर बेहोश हुईं। पिता भिंजू निषाद ने बताया कि राजेश के नाना के घर से उनके घर की दूरी एक किलोमीटर है।
दिन भर निकलते हैं बालू से भरे ट्रक
तहसील क्षेत्र में मध्य प्रदेश का बार्डर भी है। यूपी और एमपी को मिलाकर यहां छह बालू की खदानें संचालित हैं। इनसे दिन भर बालू से भरे ट्रक गुजरते हैं। कई बार स्थानीय लोगों ने नो इंट्री लगवाने की मांग की, लेकिन उनकी मांग अब तक पूरी नहीं हुई। स्थानीय लोगों का कहना कि अगर दिन के समय नो इंट्री लग जाए तो काफी हद तक हादसों से बचा जा सकता है।
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कोतवाली क्षेत्र के केवटन पुरवा नौगवां गांव निवासी राजेश निषाद (20) अपने नाना रमपुरवा गुढ़ाकला निवासी जगदेव निषाद (62) के साथ अपने गांव से बुधवार की दोपहर को नरैनी बाजार करने जा रहे थे। इसी दौरान नरैनी की ओर से आ रहे बालू से भरे मिनी ट्रक (डग्गी) ने कालिंजर मार्ग पांडे का पुरवा मोड़ पर उनकी बाइक में टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि बाइक क्षतिग्रस्त होकर डिवाइडर में चढ़ गई।
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हादसे में बाइक सवार नाना और नाती छिटककर सड़क पर जा गिरे, जिससे उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। बाइक राजेश चला रहा था। वह हेलमेट नहीं लगाए था। उधर, ग्रामीणों की सूचना पर पहुंचे एसआई इंदल यादव ने दोनों शवों को पहले सीएचसी फिर बांदा पोस्टमार्टम हाउस पहुंचाया। हादसे के संबंध में नाती कुलदीप ने बताया कि मृतक नाना जगदेव खेती-किसानी काम करते थे। उनके चार पुत्र संतोष, नत्थू, शंभू व बंगाली हैं।
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इंचार्ज कोतवाली निरीक्षक सुरेश कुमार सैनी ने बताया कि दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। ट्रक व चालक की तलाश की जा रही है। इसके लिए घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी को खंगाला जा रहा है।
छह बहनों के इकलौते भाई थे राजेश
मृतक राजेश गांव में रहकर अपने पिता के साथ किसानी करते थे। वह अविवाहित थे। उनकी सात बीघा खेती है। राजेश के पिता भिंजू निषाद ने बताया कि बेटा छह बहनों में इकलौता भाई था।। तीन बहनों की शादी हो चुकी है। उधर, खेती किसानी से संपन्न दो परिवारों में मातम का माहौल है। अचानक हुए इस हादसे को लेकर बड़ी संख्या में निषाद बिरादरी के लोग सीएचसी में पहुंचे। वहां मृतक राजेश की छोटी बहनें तीन बार गश खाकर बेहोश हुईं। पिता भिंजू निषाद ने बताया कि राजेश के नाना के घर से उनके घर की दूरी एक किलोमीटर है।
दिन भर निकलते हैं बालू से भरे ट्रक
तहसील क्षेत्र में मध्य प्रदेश का बार्डर भी है। यूपी और एमपी को मिलाकर यहां छह बालू की खदानें संचालित हैं। इनसे दिन भर बालू से भरे ट्रक गुजरते हैं। कई बार स्थानीय लोगों ने नो इंट्री लगवाने की मांग की, लेकिन उनकी मांग अब तक पूरी नहीं हुई। स्थानीय लोगों का कहना कि अगर दिन के समय नो इंट्री लग जाए तो काफी हद तक हादसों से बचा जा सकता है।