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महर्षि वाल्मीकि की जयंती पर हुई जय-जयकार

Tue, 27 Oct 2015 11:41 PM IST
ब्यूूराे/अमर उजाला, बांदा
ब्यूूराे/अमर उजाला, बांदा Updated Tue, 27 Oct 2015 11:41 PM IST
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Maharishi Valmiki was on the anniversary of cheer
बांदा। संत महर्षि वाल्मीकि की जयंती पर कई संगठनों ने कार्यक्रम आयोजित कर उन्हें याद किया। अलबत्ता भाषणों में अक्सर इस संत के गुणगान गाने वाले नेताओं ने उन्हेें भुलाए रखा। नेता पंचायत चुनाव में ही व्यस्त रहे।
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मंगलवार को जयंती पर जिला कांग्रेस कार्यालय में महर्षि के चित्र पर फूल चढ़ाए गए। पूर्व विधायक रामेश्वर प्रसाद ने कहा कि महर्षि ने वाल्मीकि रामायण लिखकर पूरी दुनिया को प्रेम और शांति का संदेश दिया। बुंदेलखंड वाल्मीकि विकास परिषद महासचिव प्रशांत समुद्रे और जिला कांग्रेस महासचिव रामरतन समुदे्र ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि युगों-युगों तक लोगों के दिलोदिमाग में जिंदा रहेंगे। इस अवसर पर मुबीन फारूकी, जहांगीर, हरिश्चंद्र वाजपेई, शिवबली सिंह, रमेश सिंह खेंगर, वारिस अली, जय किशोर गुप्त, सुख देव गांधी शब्बीर आदि शामिल रहे।
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वाल्मीकि स्वच्छकार समाज ने समारोह आयोजित कर वाल्मीकि समाज के लोगों से शिक्षित बनने और कुरीतियां त्यागने का आह्वान किया। नशा और गंदे पेशे से दूर रहकर साफ-सुथरा पेशा अपनाने को कहा। प्रकाश भारतीय, छोटेलाल कठिहार, हरि किशन समुद्रे, संतोष मधुपिया, प्रकाश नारायण, अजीत नाहर, केदारनाथ, जय शंकर, रीता, गायत्री, चंपा, बीडी पंडा आदि शामिल रहे। उधर, श्रीकृष्णा आइडियल हाई सेकेंड्री स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में डॉ. चंद्रिका प्रसाद ललित ने महर्षि वाल्मीकि को महान आदिकवि बताया। कार्यक्रम संयोजक डॉ.जेपी यादव ने वाल्मीकि रामायण को घर-घर पहुंचाने का आह्वान किया। इस अवसर पर निबंध प्रतियोगिता के छात्रों को पुरस्कृत किया गया। प्रधानाचार्य मनीष कुमार, लक्ष्मी पांडेय, योगेंद्र, संदीप त्रिपाठी, नीतू, अलका, संगीता आदि उपस्थित रहे।
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उधर, अखिल भारतीय वाल्मीकि सुदर्शन समाज ने वाल्मीकि जयंती पर अलीगंज में गोष्ठी की। अध्यक्षता तोताराम गहिरवार और संचालन गोरेलाल भारतीय ने किया। जिलाध्यक्ष राजेंद्र कुमार वाल्मीकि ने कहा कि हम महर्षि के वंशज हैं जिन्होंने रामायण जैसे ग्रंथ की रचना की। उन्होंने समाज से शिक्षित बनने को कहा। चुनूबाद बाबू, संत सेवक, गंगाराम भारती, प्रकाश भारती, बबुली बंदेला, प्रदीप, राकेश, कल्लू, उमा, सुनीता, सुमित्रा आदि शामिल रहे।
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