फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   Investigation officer reached jail, Mukhtar's barrack sealed

Banda News: जेल पहुंचे जांच अधिकारी, मुख्तार की बैरक सील

Mon, 01 Apr 2024 04:34 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Mon, 01 Apr 2024 04:34 PM IST
विज्ञापन
Investigation officer reached jail, Mukhtar's barrack sealed
बांदा। मुख्तार अंसारी को दफनाए जाने के साथ ही उसकी मौत की न्यायिक व मजिस्ट्रेटी जांच भी शुरू हो गईं है। जिलाधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल, जिला जज डॉ. बब्लू सारंग, अपर मुख्य न्यायाधीश गरिमा सिंह, एसपी अंकुर अग्रवाल और एडीएम राजेश कुमार टीम के साथ दोपहर करीब एक बजे मंडलीय कारागार पहुंचे। एक घंटे की जांच के दौरान टीम ने मुख्तार की बैरक, वहां लगे आठ सीसीटीवी कैमरे व उसकी दवाओं के पर्चों की जांच की। सूत्रों का दावा है कि टीम ने मुख्तार की बैरक को सील कर दिया है और एक से डेढ़ महीने तक के कैमरे के फुटेज कब्जे में ले लिए हैं।
विज्ञापन


बता दें कि मुख्तार की मौत के बाद ही दोनों तरह की जांच के आदेश जारी दिए गए थे। मुख्तार को शनिवार को दफनाए जाने के तुरंत बाद अधिकारियों का काफिला मंडलीय कारागार पहुंच गया। सूत्रों के अनुसार जेल के भीतर जांच टीम ने जेल अधीक्षक, जेलर व कर्मचारियों से पूछताछ की।
विज्ञापन




मुख्तार की बैरक देखी और वहां लगे आठों सीसीटीवी कैमरों से तकरीबन एक माह के फुटेज भी निकलवाए। हाल में कितने लोग, कब-कब मुख्तार से मिलने पहुंचे, मुख्तार ने सप्ताह भीतर क्या खाया और पिया सभी तहर की जानकारी ली। हालांकि जांच के बारे में अधिकारियों ने किसी से कुछ भी बताने से साफ इन्कार कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


- रसोइये के गले में लटकता था कैमरा

जेल सूत्रों की मानें तो जो रसोइया मुख्तार को खाना बनाकर देने जाता था। उसके भी गले में एक कैमरा लटका रहता था। ताकि उसकी एक-एक हरकत पर नजर रखी जा सके। इस हालात में कहीं पर भी गड़बड़ी की आशंका बहुत ही कम मानी जा रही है।



- पेट पर हाथ रखकर कहता था, कुछ करो डाॅक्टर साहब



मुख्तार को पेट की तकलीफ तो थी। सूत्रों के अनुसार इसका पता इस बात से भी चलता है कि जब भी कोई डॉक्टर उसे देखने जेल जाता था तो वह अपने दोनों हाथ पेट पर रखकर कहता था, इसका कुछ करो डॉक्टर साहब, यह पेट तो लगता है कि जान ही लेकर छोड़ेगा।

सूत्रों का दावा है कि टीम ने मुख्तार की बैरक को सील कर दिया है और एक से डेढ़ महीने तक के कैमरे के फुटेज एकत्र किए हैं। इसके अलावा उसकी दवाइयों के सारे पर्चे और फाइल भी साक्ष्य के तौर पर अपने साथ ले गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed