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Banda News: ब्याज में छूट के लिए जमा करना होगा एकमुश्त बकाया बिल
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किस्त देने से चूके तो हो जाएंगे डिफाल्टर42 हजार बिजली बिल बकायेदारों को नहीं मिलेगा ओटीएस का लाभ
संवाद न्यूज एजेंसी
बांदा। बिजली विभाग ने बकायेदारों की सुविधा के लिए एकमुश्त समाधान योजना शुरू की है। यदि पिछले वर्ष की ओटीएस योजना में बकायेदार डिफाल्टर हो गया है तो उसे किस्त में बकाया जमा करने की सुविधा नहीं मिलेगी।
एकमुश्त बकाया जमा करने पर ही उसे ब्याज में छूट का लाभ मिलेगा। इसके अलावा बकायेदारों ने यदि किस्त जमा करने में कोताही की तो वह डिफाल्टर हो जाएंगे। फिर उन्हें योजना का लाभ नहीं मिलेगा।
बांदा जोन में आने वाले बांदा, चित्रकूट, महोबा व हमीरपुर जनपद में करीब 5.93 लाख विद्युत उपभोक्ता हैं। इन पर 16 अरब रुपये की बकायेदारी है। पिछले वर्ष भी शासन ने एकमुश्त समाधान योजना शुरू की थी।
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इसमें करीब ढाई लाख उपभोक्ताओं ने एकमुश्त समाधान योजना में पंजीयन कराया था। करीब 42 हजार बकायेदार उपभोक्ता ऐसे रहे हैं, जो कुछ किस्त जमा करने से चूक गए।
अब ये उपभोक्ता डिफाल्टर की श्रेणी में हैं। बिजली विभाग ने 15 दिसंबर से फिर एकमुश्त समाधान योजना शुरू की है। योजना के तहत एक किलोवाट तक के उपभोक्ताओं को पंजीयन के समय बकाया का 30 प्रतिशत जमा करने और बकाया दस किस्तों में भुगतान करने की व्यवस्था है।
वहीं, दो किलोवाट या इससे अधिक वाले उपभोक्ताओं को चार किस्तों में बकाया बिल जमा करने की सुविधा दी गई है। तीन चरणों में यह योजना लागू की गई है।
पहले चरण वालों को 60 से 100 प्रतिशत छूट मिलेगी। आगे चरण में छूट कम होती जाएगी। वहीं, पिछले वर्ष ओटीएस योजना में डिफाल्टर हुए करीब 42 हजार उपभोक्ताओं को किस्तों में बकाया जमा करने की सुविधा नहीं मिलेगी।
उन्हें पंजीयन के समय 30 प्रतिशत रुपये जमा करने होंगे। फिर एक माह बाद उसी तिथि तक बकाया की राशि जमा करनी होगी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
बांदा। बिजली विभाग ने बकायेदारों की सुविधा के लिए एकमुश्त समाधान योजना शुरू की है। यदि पिछले वर्ष की ओटीएस योजना में बकायेदार डिफाल्टर हो गया है तो उसे किस्त में बकाया जमा करने की सुविधा नहीं मिलेगी।
एकमुश्त बकाया जमा करने पर ही उसे ब्याज में छूट का लाभ मिलेगा। इसके अलावा बकायेदारों ने यदि किस्त जमा करने में कोताही की तो वह डिफाल्टर हो जाएंगे। फिर उन्हें योजना का लाभ नहीं मिलेगा।
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बांदा जोन में आने वाले बांदा, चित्रकूट, महोबा व हमीरपुर जनपद में करीब 5.93 लाख विद्युत उपभोक्ता हैं। इन पर 16 अरब रुपये की बकायेदारी है। पिछले वर्ष भी शासन ने एकमुश्त समाधान योजना शुरू की थी।
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इसमें करीब ढाई लाख उपभोक्ताओं ने एकमुश्त समाधान योजना में पंजीयन कराया था। करीब 42 हजार बकायेदार उपभोक्ता ऐसे रहे हैं, जो कुछ किस्त जमा करने से चूक गए।
अब ये उपभोक्ता डिफाल्टर की श्रेणी में हैं। बिजली विभाग ने 15 दिसंबर से फिर एकमुश्त समाधान योजना शुरू की है। योजना के तहत एक किलोवाट तक के उपभोक्ताओं को पंजीयन के समय बकाया का 30 प्रतिशत जमा करने और बकाया दस किस्तों में भुगतान करने की व्यवस्था है।
वहीं, दो किलोवाट या इससे अधिक वाले उपभोक्ताओं को चार किस्तों में बकाया बिल जमा करने की सुविधा दी गई है। तीन चरणों में यह योजना लागू की गई है।
पहले चरण वालों को 60 से 100 प्रतिशत छूट मिलेगी। आगे चरण में छूट कम होती जाएगी। वहीं, पिछले वर्ष ओटीएस योजना में डिफाल्टर हुए करीब 42 हजार उपभोक्ताओं को किस्तों में बकाया जमा करने की सुविधा नहीं मिलेगी।
उन्हें पंजीयन के समय 30 प्रतिशत रुपये जमा करने होंगे। फिर एक माह बाद उसी तिथि तक बकाया की राशि जमा करनी होगी।