{"_id":"570d40a54f1c1bc20f4a6abe","slug":"up-mp-in-the-sand-mafia-firing","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूपी-एमपी के बालू माफिया में गोलीबारी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
यूपी-एमपी के बालू माफिया में गोलीबारी
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
Updated Wed, 13 Apr 2016 12:14 AM IST
विज्ञापन
यूपी-एमपी की सरहद पर इसी बालू खदान में चलीं गोलियां।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बांदा/करतल। बालू के अवैध खनन पर आमादा यूपी और एमपी के खनन माफिया के बीच टकराव और तनाव खूनी होने के आसार बन गए हैं। बालू की खदानों मेें अपना वर्चस्व बनाए रखने के लिए सोमवार की रात सीमावर्ती खदानों में दोनों तरफ से जमकर फायरिंग हुई। करीब चार घंटे तक आसपास का इलाका गोलीबारी से गूंजता रहा। फायरिंग से सहमे नजदीक गांवों के ग्रामीणों ने एक किलोमीटर दूर भागकर रात बिताई। किसी के हताहत होने की फिलहाल कोई खबर नहीं है।
विज्ञापन
बांदा (यूपी) के गांव बिल्हरका (बोड़ा पुरवा) में केन नदी की खदानों से इन दिनों अवैध खनन हो रहा है। इसमें सत्तादल के इटावा के कुछ सफेदपोशों की भी भागीदारी बताई गई है। इस खदान से चंद कदम दूर मध्य प्रदेश की चांदी पाटी गांव की खदान है। यह भी केन नदी की खदान है। दोनों ही खदानों से इन दिनों रात दिन सैकड़ों ट्रक बालू का अवैध खनन और ट्रांसपोटेशन (परिवहन) हो रहा है। बिल्हरका खदान वालों ने चांदीपाटी खदान के बगल से रास्ता बना लिया है और इससे रोजाना दर्जनों ट्रक बालू निकाली जा रही है।
विज्ञापन
रास्ते को लेकर यूपी-एमपी के बालू माफिया बीती रात आमने-सामने आ गए। रात करीब 11 बजे दोनों खदानों से एक-दूसरे की तरफ फायरिंग शुरू कर दी गई। बालू माफिया के गुर्गे
विज्ञापन
अपने को बचाकर सामने वाले पर ताबड़तोड़ फायरिंग करते रहे। गोलीबारी का सिलसिला तड़के तीन बजे तक चला। ग्रामीणों के मुताबिक लगभग 60 राउंड गोलियां चलीं। गोलियों की तड़तड़ाहट से नजदीक स्थित बिल्हरका गांव के मजरा नई दुनियां के ग्रामीण सहमकर और जान बचाकर गांव छोड़ लगभग एक किलोमीटर दूर भाग निकले। ग्रामीण रामभवन, गोरवा, राजा, लल्लू, कूचा रैकवार आदि ने बताया कि वह नदी की तलहटी पर लगाई सब्जी की बारी की रखवाली कर रहे थे, तभी गोलियों की तड़तड़ाहट सुनाई दी। इस पर सभी जान बचाकर भागे और हरनाम सिंह के खेत में आकर पनाह ली।
उधर, इस बाबत पुलिस क्षेत्राधिकारी (नरैनी, बांदा) डॉ. राकेश कुमार का कहना था कि गोली बारी मध्य प्रदेश इलाके में हुई है। यूपी के क्षेत्र में नहीं। न ही पुलिस को किसी पक्ष की तरफ से ऐसी कोई तहरीर दी गई है। फिर भी एहतियात के तौर पर विशेष ग्रामीण पुलिस चौकी करतल को एलर्ट किया गया है। उधर, मध्य प्रदेश के अजयगढ़ थाना प्रभारी हरी सिंह ठाकुर ने कहा कि जांच की जा रही है। साथ ही खदान क्षेत्रों में गश्त बढ़ा दी गई है।