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ब्लड कंपोनेंट सपरेशन यूनिट के पांच साल बाद खुले ताले
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
Updated Sun, 15 May 2016 12:00 AM IST
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ब्लड बैंक की सपरेशन यूनिट में लगे उपकरणों को दिखाते प्रभारी डॉ.एसके वाजपेई
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बांदा। करीब पांच साल से धूल फांक रही जिला अस्पताल की ब्लड कंपोनेट सपरेशन यूनिट शुरू हो गई है। अब यहां 24 घंटे ब्लड बैंक चालू रहेगा। यह बुंदेलखंड की इकलौती यूनिट है। शासन और स्थानीय अधिकारियों की कोशिशों से करीब एक दर्जन कर्मचारियों की तैनाती के बाद यूनिट के ताले खुल सके।
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लगभग दो करोड़ की आधुनिक मशीनों से लैस ब्लड कंपोनेंट सपरेशन यूनिट का उद्घाटन बसपा सरकार में तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने दो सितंबर 2011 को किया था। सत्ता परिवर्तन के बाद स्टाफ की कमी से इस पर ताले पड़ गए।
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करोड़ों की मशीनें धूल खाती रहीं। न सिर्फ बांदा बल्कि बुंदेलखंड के मरीज इस सुविधा से महरूम रहे। अब शासन और प्रशासन ने इसकी सुध ली है। संविदा पर स्टाफ तैनात करके इसे चालू कर दिया गया है। ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. एसके वाजपेई ने बताया कि अब ब्लड बैंक 24 घंटे काम करेगा।
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चिकित्सक डॉ.पीसी अहिरवार, टेक्नीशियन आसिम खां, नर्सिंग असिस्टेंट पंकज जायसवाल, फार्मेसिस्ट प्रतीक जायसवाल, लैब अटेंडेंट रमनलाल और वार्ड ब्वाय संजय साहू, मुशीर अहमद, गंगाचरण राजपूत और जनरेटर आपरेटर प्रमोद अवस्थी नियुक्त किए गए हैं। जल्द ही दो चिकित्सक और नियुक्त होंगे। डॉ.वाजपेई ने बताया कि यहां से मेडिकल कालेज और पंजीकृत प्राइवेट अस्पतालों में भी रक्त की आपूर्ति की जा रही है। a