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मोदी का मंच भी नहीं कर पाया भाजपाइयों को एकजुट
Fri, 26 Apr 2019 11:03 PM IST
प्रशांत कुमार
banda
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Published by: प्रशांत कुमार
Updated Fri, 26 Apr 2019 11:03 PM IST
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बांदा में गुरुवार को प्रधानमंत्री के मंच पर नजर नहीं आए सांसद और कई नेता।
- फोटो : amarujala
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आमद भी यहां भाजपा नेताओं को एक एकजुट नहीं कर सकी। टिकट की टीस प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में साफ उभरकर सामने आई। भाजपा के मौजूदा सांसद भैरो प्रसाद मिश्र ने ही मंच से परहेज रखा। पूर्व जिलाध्यक्ष सहित कई अन्य नेता भी मोदी मंच पर नदारद रहे।
टिकट को लेकर भाजपा में अंदरूनी खींचतान कई माह पहले ही शुरू हो गई थी। टिकट घोषित होने के बाद यह खुलकर सामने आ गई। मौजूदा सांसद भैरो प्रसाद मिश्र टिकट न मिलने से न सिर्फ खफा हो गए बल्कि पार्टी हाईकमान द्वारा घोषित प्रत्याशी (आरके सिंह पटेल) पर भी कई तीखे प्रहार किए। उधर, पूर्व जिलाध्यक्ष और पार्टी के वरिष्ठ नेता अशोक त्रिपाठी जीतू के सुर भी टिकट घोषणा के बाद बदल गए।
उन्होंने तो यहां तक कह डाला कि भाजपा में अटैची संस्कृति चल रही है।
भाजपा नेताओं को उम्मीद थी कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आने से यह रूठे नेता भी मान जाएंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। रूठे नेता मोदी के मंच पर नहीं आए। शायद उनकी मान-मनौव्वल भी कायदे से नहीं की गई। और अब इसके आसार भी कम हैं कि रूठे नेता पार्टी के चुनाव प्रचार में शामिल हों।
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टिकट को लेकर भाजपा में अंदरूनी खींचतान कई माह पहले ही शुरू हो गई थी। टिकट घोषित होने के बाद यह खुलकर सामने आ गई। मौजूदा सांसद भैरो प्रसाद मिश्र टिकट न मिलने से न सिर्फ खफा हो गए बल्कि पार्टी हाईकमान द्वारा घोषित प्रत्याशी (आरके सिंह पटेल) पर भी कई तीखे प्रहार किए। उधर, पूर्व जिलाध्यक्ष और पार्टी के वरिष्ठ नेता अशोक त्रिपाठी जीतू के सुर भी टिकट घोषणा के बाद बदल गए।
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उन्होंने तो यहां तक कह डाला कि भाजपा में अटैची संस्कृति चल रही है।
भाजपा नेताओं को उम्मीद थी कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आने से यह रूठे नेता भी मान जाएंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। रूठे नेता मोदी के मंच पर नहीं आए। शायद उनकी मान-मनौव्वल भी कायदे से नहीं की गई। और अब इसके आसार भी कम हैं कि रूठे नेता पार्टी के चुनाव प्रचार में शामिल हों।
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