फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   30% of HIV patients below 15 years of age

एचआईवी रोगियों में 30 फीसदी 15 वर्ष से कम उम्र के

Fri, 14 Feb 2020 11:45 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 14 Feb 2020 11:45 PM IST
विज्ञापन
30% of HIV patients below 15 years of age
बांदा। यह चिंताजनक और गंभीर बात है कि जानलेवा एचआईवी का शिकंजा युवाओं और उम्रदराज लोगों तक सीमित नहीं हैं। यह किशोर और किशोरियों और बच्चों को भी गिरफ्त में ले रहा है। भारत में 30 फीसदी एचआईवी रोगी 15 साल से कम उम्र के हैं। ऐसे में जरूरी है कि इन भावी युवाओं को एचआईवी के बारे में समझाया जाए और उन्हें जानकारी दी जाए। ये बातें भारत में एचआईवी/एड्स के ब्रांड एंबेसडर अभिनव सिंह ने कही। शुक्रवार को वे कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित एचआईवी उन्मुखीकरण कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि विश्व में चार करोड़ लोग एचआईवी से पीड़ित हैं। इनमें 22 लाख लोग भारत में हैं। सबसे ज्यादा 3.3 लाख एचआईवी मरीज महाराष्ट्र में हैं। उत्तर प्रदेश में 1.34 लाख एड्स की गिरफ्त में हैं। बताया कि एचआईवी मरीजों में 30 फीसदी 15 साल से कम के उम्र हैं। कहा कि एचआईवी की वजह उन्हें जानकारी न होना है। इस पर युवाओं और किशोर उम्र के बच्चों से खुलकर बात और चर्चा की जानी चाहिए। उन्हें यह भी बताना चाहिए कि एचआईवी क्यों होता है और इससे बचने के क्या रास्ते हैं? उपलब्ध सरकारी इलाज के बारे में लोगों को जानकारी दी जाए, ताकि बांदा एड्स से पूरी तरह मुक्त हो सके।
विज्ञापन

कार्यशाला में अपर सीएमओ डा. वीपी वर्मा ने बताया कि एड्स (अक्वायर्ड इम्यूनो डिफिशियेंसी सिंड्रोम) वाइरस से होने वाला गंभीर रोग है। इससे रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर हो जाती है। कई बीमारियों के लक्षण दिखाई देने लगते हैं। बताया कि एड्स का वायरस मुख्य तौर से संक्रमित सुई के इस्तेमाल, असुरक्षित यौन संबध, संक्रमित खून और एचआईवी पीड़ित महिला से पैदा होने वाले बच्चे से होता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

कार्यशाला की अध्यक्षता कर रहे डीएम हीरालाल ने कहा कि एचआईवी एड्स के युवा ब्रांड एंबेसडर अभिनव सिंह एड्स के प्रति जागरूकता में महत्वपूर्ण योगदान कर रहे हैं। कहा कि बांदा जिले में एचआईवी की रोकथाम के लिए क्षय रोग विभाग और स्वास्थ्य विभाग और सक्रियता और गंभीरता से काम करें। कार्यशाला में कार्यक्रम प्रबंधक कुशल यादव, सीएमएस डा. संपूर्णानंद मिश्र, अभ्युदय संस्थान की सदस्य ममता पांडेय, डीपीएम एड्स ब्रजेंद्र कुमार, जेके पांडेय , प्रधानाचार्य मेजर मिथलेश कुमार पांडेय सहित एनसीसी कैड्टस और स्काउट गाइडस तथा एनएसएस के छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

38 देशों में एड्स की अलख जगा चुके हैं अभिनव
बांदा। भारत में एचआईवी एड्स के ब्रांड एंबेस्डर अभिनव सिंह यूनाइटेड नेशंस, जेनेवा द्वारा स्पेशल यूथ फेलोशिप प्राप्त करने वाले पहले भारतीय हैं। इसके अलावा वे न्यूयार्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा के 70वें सत्र में भारत का प्रतिनिधित्व भी कर चुके हैं। नार्वे के एक अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन में उन्हें ‘उभरते नेता’ के खिताब से सम्मानित किया जा चुका है। अभिनव सिंह भारत सहित 38 देशों में एड्स के प्रति जागरूकता फैलाने में शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed