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मंडल के 78 फीसदी किसानों को मिलेगी सम्मान राशि
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बांदा। केंद्र सरकार के अंतरिम बजट में लागू की गई प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से चित्रकूटधाम मंडल के 78 फीसदी किसानों को लाभ मिलेगा। चारों जिलों के 6 लाख 81 हजार 218 लाख लघु एवं सीमांत (2 हेक्टेयर तक की जोत वाले) किसानों को हर साल उनके खाते में 4 अरब 8 करोड़ 73 लाख रुपये पहुंचेंगे। यह पैसा सीधे उनके खाते में जाएगा। पहली किस्त अप्रैल तक पहुंचने की उम्मीद है। योजना के तहत किसानों को हर वर्ष तीन किस्तों में 6000 रुपये दिए जाएंगे। हर किस्त प्रति चार माह में मिलेगी। इसे 1 दिसंबर 2018 से लागू किया गया है।
चुनावी साल में भाजपा सरकार ने किसानों को साधने की कवायद में उन्हें हर साल 6000 रुपये देने का फैसला किया है। इसे प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का नाम दिया गया है। इस घोषणा से पूरे देश के 12 करोड़ किसानों को फायदा होने की बात कही जा रही है। इसमें बुंदेलखंड के भी 8 लाख से ज्यादा किसान शामिल हैं। चित्रकूटधाम मंडल के चारों जिलों में दो हेक्टेयर जोत वाले (लघु एवं सीमांत) किसानों की कुल संख्या 6,81,218 है। कृषि विभाग के मुताबिक मंडल में कुल किसानों की संख्या 8,76,136 है।
चित्रकूटधाम मंडल में लघु व सीमांत और कुल किसानों की संख्या
जनपद लघु एवं सीमांत कुल किसान
बांदा 2,84,702 3,59,888
चित्रकूट 1,22,196 1,44,913
हमीरपुर 1,47,096 1,96,144
महोबा 1,27,244 1,75,191
योग 6,81,218 8,76,136
बुंदेलखंड में हर साल 22 लाख लोगों का पलायन
बांदा। मनरेगा सहित तमाम रोजगार परक योजनाएं लघु और सीमांत तथा खेतिहर मजदूर पेशा किसानों को बुंदेलखंड से पलायन से नहीं रोक सकीं। किसानों को 6000 रुपये वार्षिक यानी 500 रुपये प्रति माह की सम्मान निधि शायद ही पलायन पर कोई लगाम लगा सके। सांख्यिकी विभाग के आंकड़ों के मुताबिक बुंदेलखंड से प्रति वर्ष रोजीरोटी की तलाश में पलायन करने वालों का आंकड़ा 22 लाख से ज्यादा है।
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सर्वाधिक पलायन चित्रकूटधाम मंडल में बांदा और झांसी मंडल में झांसी में होता है। खास बात यह है कि पलायन करने वालों में महिलाओं की संख्या ज्यादा है। सातों जिलों में पलायन करने वाले पुरुषों की संख्या जहां लगभग 3 लाख 40 हजार 433 के आसपास बताई गई है, वहीं महिलाओं की तादाद 18 लाख 95 हजार 655 बताई जा रही है। यानी एक पुरुष के साथ पांच से अधिक महिलाएं पलायन कर रही हैं।
पलायन करने वाले के जिलेवार आंकड़े
जिला पुरुष महिला कुल पलायन
बांदा 55,061 3,46,646 4,01,707
चित्रकूट 25,729 1,72,031 1,97,760
हमीरपुर 32,059 2,38,272 2,70,331
महोबा 20,507 1,68,253 1,88,760
जालौन 63,134 3,41,265 4,04,399
झांसी 1,09,468 3,89,189 4,98,657
ललितपुर 34,475 2,39,999 2,74,474
योग 3,40,433 18,95,655 22,36,088
सम्मान निधि दे दी, जोत सीमा नहीं बढ़ाई
बांदा। दो हेक्टेयर तक के जोत वाले लघुु एवं सीमांत किसानों को 500 रुपये प्रतिमाह की सम्मान निधि तो दे दी, लेकिन केंद्र सरकार ने बुंदेलखंड में जोत सीमा बढ़ाने की किसानों और जनप्रतिनिधियों की जोरशोर से की जा रही मांग को नजरंदाज कर दिया। सत्तारूढ़ दल के भाजपा सांसद भी यह मांग कर चुके हैं।
भाजपा सांसद भैरो प्रसाद मिश्र ने दिसंबर माह में लोकसभा में संकल्प पेश करके बुंदेलखंड के लघु और सीमांत किसानों की जोत सीमा 2 हेक्टेयर से बढ़ाकर 5 हेक्टेयर करने की केंद्र सरकार से पुरजोर मांग की थी। लोकसभा महासचिव ने इसे संज्ञान में लेते हुए केंद्र और राज्य सरकार को कार्रवाई के लिए यह प्रस्ताव भेज दिया था, लेकिन बजट में जोत सीमा बढ़ाने का कोई जिक्र नहीं है।
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चुनावी साल में भाजपा सरकार ने किसानों को साधने की कवायद में उन्हें हर साल 6000 रुपये देने का फैसला किया है। इसे प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का नाम दिया गया है। इस घोषणा से पूरे देश के 12 करोड़ किसानों को फायदा होने की बात कही जा रही है। इसमें बुंदेलखंड के भी 8 लाख से ज्यादा किसान शामिल हैं। चित्रकूटधाम मंडल के चारों जिलों में दो हेक्टेयर जोत वाले (लघु एवं सीमांत) किसानों की कुल संख्या 6,81,218 है। कृषि विभाग के मुताबिक मंडल में कुल किसानों की संख्या 8,76,136 है।
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चित्रकूटधाम मंडल में लघु व सीमांत और कुल किसानों की संख्या
जनपद लघु एवं सीमांत कुल किसान
बांदा 2,84,702 3,59,888
चित्रकूट 1,22,196 1,44,913
हमीरपुर 1,47,096 1,96,144
महोबा 1,27,244 1,75,191
योग 6,81,218 8,76,136
बुंदेलखंड में हर साल 22 लाख लोगों का पलायन
बांदा। मनरेगा सहित तमाम रोजगार परक योजनाएं लघु और सीमांत तथा खेतिहर मजदूर पेशा किसानों को बुंदेलखंड से पलायन से नहीं रोक सकीं। किसानों को 6000 रुपये वार्षिक यानी 500 रुपये प्रति माह की सम्मान निधि शायद ही पलायन पर कोई लगाम लगा सके। सांख्यिकी विभाग के आंकड़ों के मुताबिक बुंदेलखंड से प्रति वर्ष रोजीरोटी की तलाश में पलायन करने वालों का आंकड़ा 22 लाख से ज्यादा है।
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सर्वाधिक पलायन चित्रकूटधाम मंडल में बांदा और झांसी मंडल में झांसी में होता है। खास बात यह है कि पलायन करने वालों में महिलाओं की संख्या ज्यादा है। सातों जिलों में पलायन करने वाले पुरुषों की संख्या जहां लगभग 3 लाख 40 हजार 433 के आसपास बताई गई है, वहीं महिलाओं की तादाद 18 लाख 95 हजार 655 बताई जा रही है। यानी एक पुरुष के साथ पांच से अधिक महिलाएं पलायन कर रही हैं।
पलायन करने वाले के जिलेवार आंकड़े
जिला पुरुष महिला कुल पलायन
बांदा 55,061 3,46,646 4,01,707
चित्रकूट 25,729 1,72,031 1,97,760
हमीरपुर 32,059 2,38,272 2,70,331
महोबा 20,507 1,68,253 1,88,760
जालौन 63,134 3,41,265 4,04,399
झांसी 1,09,468 3,89,189 4,98,657
ललितपुर 34,475 2,39,999 2,74,474
योग 3,40,433 18,95,655 22,36,088
सम्मान निधि दे दी, जोत सीमा नहीं बढ़ाई
बांदा। दो हेक्टेयर तक के जोत वाले लघुु एवं सीमांत किसानों को 500 रुपये प्रतिमाह की सम्मान निधि तो दे दी, लेकिन केंद्र सरकार ने बुंदेलखंड में जोत सीमा बढ़ाने की किसानों और जनप्रतिनिधियों की जोरशोर से की जा रही मांग को नजरंदाज कर दिया। सत्तारूढ़ दल के भाजपा सांसद भी यह मांग कर चुके हैं।
भाजपा सांसद भैरो प्रसाद मिश्र ने दिसंबर माह में लोकसभा में संकल्प पेश करके बुंदेलखंड के लघु और सीमांत किसानों की जोत सीमा 2 हेक्टेयर से बढ़ाकर 5 हेक्टेयर करने की केंद्र सरकार से पुरजोर मांग की थी। लोकसभा महासचिव ने इसे संज्ञान में लेते हुए केंद्र और राज्य सरकार को कार्रवाई के लिए यह प्रस्ताव भेज दिया था, लेकिन बजट में जोत सीमा बढ़ाने का कोई जिक्र नहीं है।