{"_id":"5a64d5044f1c1b93268b5a32","slug":"121516557572-banda-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सचिव व प्रधानों ने नियम विरुद्ध बनवाए शौचालय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सचिव व प्रधानों ने नियम विरुद्ध बनवाए शौचालय
Updated Sun, 21 Jan 2018 11:29 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
बांदा। ग्राम प्रधान व सचिव नियमों को ताक पर रखकर शौचालय बनवा रहे हैं। बेसलाइन सर्वे से मेल न खाने वाले परिवारों के यहां शौचालय बनवाया तो इसे सरकारी धन का दुरुपयोग माना जाएगा। प्रधान व सचिवों से रिकवरी कराई जाएगी। उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
उप निदेशक पंचायत दिनेश कुमार सिंह ने बताया कि चित्रकूटधाम मंडल में भ्रमण के दौरान समीक्षा में शौचालयों के निर्माण में अनियमितता की शिकायतें मिली हैं। पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय की वेबसाइट पर उपलब्ध ग्राम पंचायतों के त्रुटिपूर्ण बेसलाइन सर्वे को ग्राम पंचायतों की खुली बैठकों के जरिये संशोधित कराया जाना था। लेकिन सचिव व प्रधान मनमानी ढंग से परिवार के मुखिया के नाम शौचालय न बनवाकर कई-कई शौचालय एक ही परिवार में बनावा रहे हैं।
इसी फर्जीवाड़े के साथ गांवों को ओडीएफ बनाया जा रहा है। यह आपत्तिजनक और वित्तीय अनियिमतताओं का प्रतीक है। उन्होंने जिला पंचायत राज अधिकारियों को अंतिम चेतावनी देते हुए कहा कि अपने जिला कंसलटेंटों के जरिए बिना खुली बैठक में बेसलाइन सर्वे संसोधन या अद्यतन किए जाने की कार्रवाई उपलब्ध हुए किसी भी परिवार के मुखिया के नाम में पेयजल व स्वच्छता मंत्रालय की वेबसाइट पर कोई परिवर्तन नहीं कराएंगे।
विज्ञापन
यही कार्य एडीओ पंचायत अपने-अपने खंड प्रेरकों के जरिए करेंगे। उन्होंने कहा कि बेसलाइन सर्वे से मेल न खाने वाले लाभार्थी परिवारों में शौचालय निर्मित कराने वाले प्रधान व सचिवों से धनराशि को दुरुपयोग की श्रेणी में मानते हुए वसूली कराई जोगी।
उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई और प्रधानों के खिलाफ उत्तर प्रदेश पंचायतराज अधिनियम की धारा 27(2) के तहत वसूली व कार्रवाई की जाएगी। प्रधानों के वित्तीय व प्रशासनिक अधिकारों पर रोक लगाई जाएगी।
ऐसी स्थिति में जिला कंसलटेंट व खंड प्रेरकों की सेवा समाप्त कर दी जाएगी। एडीओ पंचायत के खिलाफ भी कार्रवाई को संस्तुति करेंगे। नियमानुसार कार्यवाही न करने पर डीपीआरओ सीधे उत्तरदायी होंगे।
सचिव व प्रधानों ने नियम विरुद्ध बनवाए शौचालय
डीडी पंचायत ने दी वसूली व कार्रवाई की चेतावनी
मंडल में निरीक्षण के दौरान समीक्षा में मिली खामियां
जिम्मेदार एडीओ के खिलाफ होगी कार्रवाई की संस्तुति
विज्ञापन
बांदा। ग्राम प्रधान व सचिव नियमों को ताक पर रखकर शौचालय बनवा रहे हैं। बेसलाइन सर्वे से मेल न खाने वाले परिवारों के यहां शौचालय बनवाया तो इसे सरकारी धन का दुरुपयोग माना जाएगा। प्रधान व सचिवों से रिकवरी कराई जाएगी। उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
उप निदेशक पंचायत दिनेश कुमार सिंह ने बताया कि चित्रकूटधाम मंडल में भ्रमण के दौरान समीक्षा में शौचालयों के निर्माण में अनियमितता की शिकायतें मिली हैं। पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय की वेबसाइट पर उपलब्ध ग्राम पंचायतों के त्रुटिपूर्ण बेसलाइन सर्वे को ग्राम पंचायतों की खुली बैठकों के जरिये संशोधित कराया जाना था। लेकिन सचिव व प्रधान मनमानी ढंग से परिवार के मुखिया के नाम शौचालय न बनवाकर कई-कई शौचालय एक ही परिवार में बनावा रहे हैं।
विज्ञापन
इसी फर्जीवाड़े के साथ गांवों को ओडीएफ बनाया जा रहा है। यह आपत्तिजनक और वित्तीय अनियिमतताओं का प्रतीक है। उन्होंने जिला पंचायत राज अधिकारियों को अंतिम चेतावनी देते हुए कहा कि अपने जिला कंसलटेंटों के जरिए बिना खुली बैठक में बेसलाइन सर्वे संसोधन या अद्यतन किए जाने की कार्रवाई उपलब्ध हुए किसी भी परिवार के मुखिया के नाम में पेयजल व स्वच्छता मंत्रालय की वेबसाइट पर कोई परिवर्तन नहीं कराएंगे।
विज्ञापन
यही कार्य एडीओ पंचायत अपने-अपने खंड प्रेरकों के जरिए करेंगे। उन्होंने कहा कि बेसलाइन सर्वे से मेल न खाने वाले लाभार्थी परिवारों में शौचालय निर्मित कराने वाले प्रधान व सचिवों से धनराशि को दुरुपयोग की श्रेणी में मानते हुए वसूली कराई जोगी।
उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई और प्रधानों के खिलाफ उत्तर प्रदेश पंचायतराज अधिनियम की धारा 27(2) के तहत वसूली व कार्रवाई की जाएगी। प्रधानों के वित्तीय व प्रशासनिक अधिकारों पर रोक लगाई जाएगी।
ऐसी स्थिति में जिला कंसलटेंट व खंड प्रेरकों की सेवा समाप्त कर दी जाएगी। एडीओ पंचायत के खिलाफ भी कार्रवाई को संस्तुति करेंगे। नियमानुसार कार्यवाही न करने पर डीपीआरओ सीधे उत्तरदायी होंगे।
सचिव व प्रधानों ने नियम विरुद्ध बनवाए शौचालय
डीडी पंचायत ने दी वसूली व कार्रवाई की चेतावनी
मंडल में निरीक्षण के दौरान समीक्षा में मिली खामियां
जिम्मेदार एडीओ के खिलाफ होगी कार्रवाई की संस्तुति