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Balrampur News: विवादों के बाद मेला प्रभारी पद से हटाए गए डॉ. सुमंत
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बलरामपुर के देवीपाटन मेला में जानकारी लेती डॉ. सौम्या ।-स्रोत : विभाग
बलरामपुर। विवादों के बाद देवीपाटन मेला प्रभारी पद से चिकित्साधिकारी डॉ. सुमंत सिंह चौहान काे हटा दिया गया। अब तुलसीपुर सीएचसी की महिला चिकित्साधिकारी डॉ. सौम्या नायक को मेला प्रभारी बनाया गया है। बृहस्पतिवार को डॉ. सौम्या ने मेले में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया। दवा व स्टॉफ की उपल्ब्धता के बारे में फीडबैक लिया।
स्वास्थ्य विभाग की तरफ से बीते दिनों देवीपाटन मेले में चिकित्सकीय सेवाओं की देखभाल के लिए सीएचसी श्रीदत्तगंज के चिकित्साधिकारी डॉ. सुमंत सिंह चौहान को मेला प्रभारी बनाया गया था। इसे लेकर कर्मचारियों में नाराजगी थी। दरअसल, डॉ. सुमंत सिंह चौहान पहले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तुलसीपुर में अधीक्षक के पद पर तैनात थे। सीएचसी तुलसीपुर में अधीक्षक रहते हुए डॉ. सुमंत सिंह चौहान पर 10 लाख रुपये की सरकारी दवा को कालातीत करने का आरोप लगा था। सीएमओ के निर्देश पर डॉ. सुमंत सिंह चौहान व फार्मासिस्ट के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज कराई गई थी। डॉ. सुमंत पर एफआईआर दर्ज होने के बाद सीएमओ ने उन्हें सीएचसी श्रीदत्तगंज में चिकित्साधिकारी के रूप में स्थानांतरित कर दिया।
अब आरोपी चिकित्साधिकारी को मेला प्रभारी बनाने पर खूब चर्चाएं हो रही थीं। स्वास्थ्य विभाग की छवि खराब न हो, इसके लिए आननफानन डॉ. सुमंत की जगह डॉ. सौम्या नायक को प्रभारी की जिम्मेदारी सौंप दी गई। इस संबंध में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी ने बताया कि डॉ. सुमंत के खिलाफ अभी दोष सिद्ध नहीं हुआ है। वह विभाग के चिकित्साधिकारी हैं, इसलिए जिम्मेदारी दी गई थी।
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स्वास्थ्य विभाग की तरफ से बीते दिनों देवीपाटन मेले में चिकित्सकीय सेवाओं की देखभाल के लिए सीएचसी श्रीदत्तगंज के चिकित्साधिकारी डॉ. सुमंत सिंह चौहान को मेला प्रभारी बनाया गया था। इसे लेकर कर्मचारियों में नाराजगी थी। दरअसल, डॉ. सुमंत सिंह चौहान पहले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तुलसीपुर में अधीक्षक के पद पर तैनात थे। सीएचसी तुलसीपुर में अधीक्षक रहते हुए डॉ. सुमंत सिंह चौहान पर 10 लाख रुपये की सरकारी दवा को कालातीत करने का आरोप लगा था। सीएमओ के निर्देश पर डॉ. सुमंत सिंह चौहान व फार्मासिस्ट के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज कराई गई थी। डॉ. सुमंत पर एफआईआर दर्ज होने के बाद सीएमओ ने उन्हें सीएचसी श्रीदत्तगंज में चिकित्साधिकारी के रूप में स्थानांतरित कर दिया।
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अब आरोपी चिकित्साधिकारी को मेला प्रभारी बनाने पर खूब चर्चाएं हो रही थीं। स्वास्थ्य विभाग की छवि खराब न हो, इसके लिए आननफानन डॉ. सुमंत की जगह डॉ. सौम्या नायक को प्रभारी की जिम्मेदारी सौंप दी गई। इस संबंध में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी ने बताया कि डॉ. सुमंत के खिलाफ अभी दोष सिद्ध नहीं हुआ है। वह विभाग के चिकित्साधिकारी हैं, इसलिए जिम्मेदारी दी गई थी।
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