फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ballia News ›   The water level of Ganga is rising at the speed of ten centimeters, people are scared.

Ballia News: दस सेटीमीटर की रफ्तार से बढ़ रहा गंगा का जलस्तर,सहमे लोग

Thu, 08 Aug 2024 06:38 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 08 Aug 2024 06:38 AM IST
विज्ञापन
The water level of Ganga is rising at the speed of ten centimeters, people are scared.
मझौवां। सरजू नदी के साथ अब गंगा नदी का भी तेवर तल्ख होने लगा है, जिसे देखकर आधा दर्जन गांवों के लोग दहशत में है। हर तरफ गंगा नदी उपजाऊ भूमि को अपने पेटे में समेटती चली जा रही हैं उधर गांव के तरफ भी कटान तेज हो गया है। गायघाट गेज पर बुधवार की दोपहर 12 बजें गंगा ने वार्निग लेबल 56.615 मीटर को पार कर तटवर्ती क्षेत्र में खतरे की घंटी बजा दी है।
विज्ञापन

केंद्रीय जल आयोग गायघाट के अनुसार बुधवार की दोपहर 12 बजें गंगा का जलस्तर 57.080 मीटर दर्ज किया गया। इसके साथ दस सेमी प्रति घण्टे की रफ्तार से बढोत्तरी जारी हैं। यहां खतरा बिंदु 57.615 मीटर व मीडियम फ्लड लेबल 58.615 मीटर हैं। अगर ऐसे ही गंगा नदी में बढ़ाव का क्रम जारी रहा तो लाल निशान को बुधवार की देर रात तक पार कर जाएगा। ग्रामीणों का कहना है कि अगर जलस्तर में गिरावट नहीं होगा तो अगले 24 घंटे के अंदर इलाकों के निचले हिस्से में पानी फैल जाएगा। बाढ़ पीड़ितों ने अपना सुरक्षित ठौर तलासने में जुट गए हैं। अगर यही स्थिति रही तो सोनार टोला, सुघर छपरा, दूबे छपरा, गोपालपुर,उदई छपरा, नौरंगा, भुआल छपरा इत्यादि गांवों का अस्तित्व संकट में पड़ जायेगा। दूबे छपरा गांव को बचाने के लिए लगभग 9 करोड़ की लागत से पीचिंग कार्य बाढ़ विभाग ने कराया था। वह भी गंगा नदी के कटान के जद में आकर सुरक्षात्मक कार्य का अस्तित्व भी धीरे धीरे गंगा नदी की उफनाई लहरों के जद में चला जा रहा है। गंगा नदी के बैकरोलिंग से कटान तेज होने के कारण ग्रामीणों में दहशत है।
विज्ञापन

000
25 हजार की आबादी पर मंडराने लगा बाढ़ का खतरा
मझौवां। गंगा के जलस्तर में लगातार बढ़ाव से 25 हजार आबादी तथा 250 हेक्टेयर खेतों में खड़ी फसलों पर गंगा के बाढ़ का खतरा मंडराने लगा। अगर गंगा नदी का जलस्तर इसी तरह बढ़ता रहा तो अगले 24 घण्टे में तटवर्ती गांवों में गोपालपुर, दुबे छपरा, उदई छपरा, आलम राय के टोला, बड़का व छोटका बुधनचक, मठिया, मुरली छपरा, जगदेवा, पाण्डेयपुर, मिश्र गिरी के मठिया, चिंतामणि राय के टोला, गुदरी राय के टोला, वंश गोपाल छपरा आदि लगभग 25, हजार की आबादी तथा दुबे छपरा से टेंगरही संसार टोला तटबंध तक एनएच 31 के दक्षिणी किनारे पर के लगभग ढाई सौ हेक्टेयर भाग पर बाढ़ का पानी गिरने लगेगा। उधर पचरुखिया, मझौवां, धर्मपूरा,शुक्ल छपरा, बेलहरी, रुद्रपुर, गायघाट के लगभग एक हजार एकड़ खड़ी फसल पूरी तरह जलमग्न हो गया हैं, जबकि नीचे वाले हिस्से सड़क के किनारे तक बाढ़ के पानी से भर गया है ।
विज्ञापन
विज्ञापन


000

छह से अधिक गांवों का अस्तित्व संकट में
मझौवां। गंगा नदी के जलस्तर में बढ़ोत्तरी होते ही कटान का सिलसिला बुधवार के दिन भी जारी रहा। गंगा नदी तटीय भू-भाग को काटते-छपटते भगवानपुर, चक्की (नौरंगा) तक पहुंच चुकी है। इससे आधा दर्जन से अधिक गांवों पर खतरा मंडराने लगा है जबकि शासन प्रशासन अभी भी लापरवाही बरत रहा है। कटानरोधी कार्य में अब तक अरबो रुपये की खपत जरूर हुआ, लेकिन विभागीय भ्रष्टाचार ने एक बार फिर साबित कर दिया कि कटानरोधी कार्य के प्रति वे सदा उदासीन रहे है।

0000
बाढ़ व कटान से बचाव के लिए आवश्यक उपाय किए जा रहे।
-संजय मिश्रा, अधिशासी अभियंता बाढ़ विभाग।
---------------
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed