{"_id":"57127eeb4f1c1bd36c4a6bee","slug":"rickety-bus-depot","type":"story","status":"publish","title_hn":"आधे को सहूलियत, बाकी को भूले ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आधे को सहूलियत, बाकी को भूले
ब्यूरो/ अमर उजाला, बलिया
Updated Sat, 16 Apr 2016 11:35 PM IST
विज्ञापन
बदहाल बस डिपो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कभी गुलजार रहने वाला उजियार रोडवेज बस स्टेशन अब विराना हो गया है। यहां बलिया और गाजीपुर जाने वाले यात्रियों की काफी तादाद है लेकिन रोडवेज ने बस स्टेशन भरौली कर दिया है। इससे बक्सर की ओर से आने वालों को तो सहूलियत हो गई लेकिन बलिया और गाजीपुर के यात्री परेशान हो रहे हैं।
पहले बक्सर और उजियार घाट के बीच पांटून का पुल बनता था। बरसात के दिनों में स्टीमर का संचालन होता था। बक्सर से आने वाले गाजीपुर और बलिया के गांवों के यात्रियों के लिए रोडवेज ने यहां उजियारघाट में बस स्टेशन बनाया था। भरौली में पक्का पुल बनने के बाद यहां के स्टेशन को भरौली स्थानांतरित कर दिया गया।
अब बक्सर से स्टीमर से आने वालों को गाजीपुर के लिए बस पकड़नी हो तो उसे उल्टा भरौली जाना पड़ता है। इसी तरह बलिया जाने के लिए भी बस पकड़ने के लिए भरौली तक की दौड़ लगानी पड़ती है। उजियार से भरौली के बीच आटो और जीप वाले लोगों से मनमाना किराया वसूल करते हैं।
विज्ञापन
लगभग दो दशक पहले उजियार घाट डिपो से सोनभद्र, मध्यप्रदेश, वाराणसी, मीरजापुर, इलाहाबाद, बलिया, गाजीपुर, मऊ, देवरिया, आजमगढ़, जौनपुर और गोरखपुर की बसें मिलती थीं। आज बलिया से भरौली के लिए भी रोडवेज की एक भी बस नहीं है।
अब केवल भरौली से गाजीपुर तक ही जाना संभव है। बसों का संचालन बंद होने से उजियार घाट वीराना हो गया है। अब यहां अराजकतत्वों का जमावड़ा होता है, जिससे क्षेत्रीय निवासी आजिज हैं और फिर से बस स्टेशन शुरू करने की मांग करने लगे हैं।
विज्ञापन
पहले बक्सर और उजियार घाट के बीच पांटून का पुल बनता था। बरसात के दिनों में स्टीमर का संचालन होता था। बक्सर से आने वाले गाजीपुर और बलिया के गांवों के यात्रियों के लिए रोडवेज ने यहां उजियारघाट में बस स्टेशन बनाया था। भरौली में पक्का पुल बनने के बाद यहां के स्टेशन को भरौली स्थानांतरित कर दिया गया।
विज्ञापन
अब बक्सर से स्टीमर से आने वालों को गाजीपुर के लिए बस पकड़नी हो तो उसे उल्टा भरौली जाना पड़ता है। इसी तरह बलिया जाने के लिए भी बस पकड़ने के लिए भरौली तक की दौड़ लगानी पड़ती है। उजियार से भरौली के बीच आटो और जीप वाले लोगों से मनमाना किराया वसूल करते हैं।
विज्ञापन
लगभग दो दशक पहले उजियार घाट डिपो से सोनभद्र, मध्यप्रदेश, वाराणसी, मीरजापुर, इलाहाबाद, बलिया, गाजीपुर, मऊ, देवरिया, आजमगढ़, जौनपुर और गोरखपुर की बसें मिलती थीं। आज बलिया से भरौली के लिए भी रोडवेज की एक भी बस नहीं है।
अब केवल भरौली से गाजीपुर तक ही जाना संभव है। बसों का संचालन बंद होने से उजियार घाट वीराना हो गया है। अब यहां अराजकतत्वों का जमावड़ा होता है, जिससे क्षेत्रीय निवासी आजिज हैं और फिर से बस स्टेशन शुरू करने की मांग करने लगे हैं।