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डायरिया से मासूम की मौत, 10 लोग बीमार
ब्यूरो,अमर उजाला,बलिया
Updated Thu, 13 Oct 2016 08:32 PM IST
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नगर पंचायत में समय से साफ-सफाई न कराने के कारण डायरिया से एक मासूम की मौत हो गई वहीं चार परिवार के 10 लोग बीमार पड़ गए। इसके बावजूद अभी तक नगर पंचायत का रवैया लापरवाही भरा है। बीते मंगलवार की दोपहर कस्बा के वार्ड न. 6 निवासी विजय गोंड (55) को अचानक उल्टी दस्त शुरू हुई।
अभी परिवार वाले उनकों डॉक्टर के पास ले जाने की तैयारी कर रहे थे कि, उसी समय उनकी पत्नी कमलावती (50) तथा उनका पोते अमित(7) को भी उल्टी दस्त शुरू हो गई। उधर बगल के शैलेन्द्र गोंड के दोनों पुत्र सुनील (17) व सुमित (10) को भी उल्टी दस्त शुरू हो गई। वहीं बगल के प्रदीप का लड़का राजा (10) और दिलीप की लड़की कमला (5)वर्ष व लड़का किसन (2) भी बीमारी की चपेट में आ गए। जिनको उपचार के दौरान प्राथमिक स्वास्थ से जिला अस्पताल रेफर कर दिया।
ठीक दो दिन बाद बुधवार की शाम क़स्बा के वार्ड नंबर चार निवासी मनोज तिवारी की लड़की मुनि (3) को भी अचानक उल्टी-दस्त शुरू हो गई। ज्यों ही उसे इलाज के लिए ले गए तो पता चला कि उनकी कृति (7)वर्षीय बेटी व बेटा बाबू (3)को भी उल्टी दस्त शुरू हो गई। इलाज के दौरान ही उनकी मुन्नी की मौत हो गई। कस्बा में अभी तक डाक्टरों की कोई टीम नहीं पहुंची है और नहीं नपं द्वारा साफ-सफाई का कोई माकूल इंतजाम किया गया है। जिसको लेकर कस्बावासियों में जहां भय व्याप्त है। वहीं रोष भी है।
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पीड़ित के परिजनों ने जिला अधिकारी गोविन्दराजू एनएस का ध्यान आकृष्ट कराते हुए इस रोग से बचाव के लिए तुरंत साफ-सफाई के माकूल इंतजाम के साथ ब्लीचिंग आदि छिड़काव करने की मांग की है। साथ ही प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर 24 घंटे डाक्टरों की तैनाती के साथ पर्याप्त मात्रा में दवा मुहैया कराने की मांग की है।
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अभी परिवार वाले उनकों डॉक्टर के पास ले जाने की तैयारी कर रहे थे कि, उसी समय उनकी पत्नी कमलावती (50) तथा उनका पोते अमित(7) को भी उल्टी दस्त शुरू हो गई। उधर बगल के शैलेन्द्र गोंड के दोनों पुत्र सुनील (17) व सुमित (10) को भी उल्टी दस्त शुरू हो गई। वहीं बगल के प्रदीप का लड़का राजा (10) और दिलीप की लड़की कमला (5)वर्ष व लड़का किसन (2) भी बीमारी की चपेट में आ गए। जिनको उपचार के दौरान प्राथमिक स्वास्थ से जिला अस्पताल रेफर कर दिया।
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ठीक दो दिन बाद बुधवार की शाम क़स्बा के वार्ड नंबर चार निवासी मनोज तिवारी की लड़की मुनि (3) को भी अचानक उल्टी-दस्त शुरू हो गई। ज्यों ही उसे इलाज के लिए ले गए तो पता चला कि उनकी कृति (7)वर्षीय बेटी व बेटा बाबू (3)को भी उल्टी दस्त शुरू हो गई। इलाज के दौरान ही उनकी मुन्नी की मौत हो गई। कस्बा में अभी तक डाक्टरों की कोई टीम नहीं पहुंची है और नहीं नपं द्वारा साफ-सफाई का कोई माकूल इंतजाम किया गया है। जिसको लेकर कस्बावासियों में जहां भय व्याप्त है। वहीं रोष भी है।
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पीड़ित के परिजनों ने जिला अधिकारी गोविन्दराजू एनएस का ध्यान आकृष्ट कराते हुए इस रोग से बचाव के लिए तुरंत साफ-सफाई के माकूल इंतजाम के साथ ब्लीचिंग आदि छिड़काव करने की मांग की है। साथ ही प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर 24 घंटे डाक्टरों की तैनाती के साथ पर्याप्त मात्रा में दवा मुहैया कराने की मांग की है।