फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ballia News ›   Chandrashekhar was a protagonist of the politics of principles: Harivansh

सिद्धांतों की राजनीति के नायक थे चंद्रशेखर : हरिवंश

Fri, 30 Oct 2026 01:38 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 30 Oct 2026 01:38 AM IST
विज्ञापन
Chandrashekhar was a protagonist of the politics of principles: Harivansh
लोकनायक जयप्रकाश नारायण के 125वें और जननायक चंद्रशेखर के 100वें जयंती वर्ष पर बृहस्पतिवार को टी
बलिया। लोकनायक जयप्रकाश नारायण के 125वें और जननायक चंद्रशेखर के 100वें जयंती वर्ष पर बृहस्पतिवार को टीडी कॉलेज के मनोरंजन सभागार में राष्ट्रीय संगोष्ठी एवं संवाद हुआ।
विज्ञापन

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य वक्ता राज्यसभा के उप सभापति हरिवंश ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। उन्होंने कहा कि चंद्रशेखर 65 वर्षों के राजनीतिक जीवन में 40 वर्ष संसद में रहे। वह सिद्धांतों और स्वाभिमान की राजनीति के नायक थे। हरिवंश ने कहा कि चंद्रशेखर ने कांग्रेस में रहते हुए भी उसकी सर्वोच्च संस्था का विरोध किया। आपातकाल के दौरान उन्होंने सत्ता का सुख छोड़कर जेल जाना स्वीकार किया। तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की कैबिनेट में शामिल होने का प्रस्ताव ठुकराकर उन्होंने प्रतिरोध का रास्ता चुना।
विज्ञापन

चंद्रशेखर की पुस्तक मेरी जेल डायरी का उल्लेख करते हुए हरिवंश ने कहा कि वह विरले राजनेता थे। उन्होंने जेल डायरी को भाषा की दृष्टि से भी उत्कृष्ट कृति बताया। कहा कि चंद्रशेखर पूरे समाज को अपना परिवार मानते थे। उनके लेखन में निजी परिजनों का उल्लेख नहीं मिलता। युवा पीढ़ी को उनके जीवन और विचारों का गहन अध्ययन करना चाहिए, क्योंकि चंद्रशेखर अपने आप में एक संस्था थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

हरिवंश ने कहा कि चंद्रशेखर के नेतृत्व में जनता पार्टी ने पहली बार केंद्र में कांग्रेस को सत्ता से बाहर किया। प्रधानमंत्री के रूप में छह महीने के कार्यकाल में भी उन्होंने कई महत्वपूर्ण काम किए। जेपी और चंद्रशेखर के राजनीतिक प्रभाव का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि संविधान की रक्षा में इन दोनों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उन्होंने ऊर्जा संकट के बीच भारत की प्रगति का जिक्र करते हुए कहा कि सक्षम नेतृत्व से देश आगे बढ़ता है।
विशिष्ट अतिथि वरिष्ठ पत्रकार विवेक पांडेय ने कहा कि सलाखों के पीछे रहते हुए भी स्वतंत्रता का अनुभव कैसे किया जा सकता है, यह चंद्रशेखर की जेल डायरी में देखने को मिलता है। उन्होंने कहा कि बलिया के लिए गौरव की बात है कि आज दुनिया में चंद्रशेखर की राजनीति का अध्ययन किया जा रहा है। उन्होंने देश की राजनीति को नई दिशा दी थी। बीज वक्तव्य डॉ. जैनेंद्र पांडेय ने दिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता टीडी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. दयालानंद राय ने की, जबकि संचालन अखिलेश सिन्हा ने किया। इस अवसर पर सुभाष चंद्र श्रीवास्तव, मनोरंजन सिंह, डॉ. अखिलेश राय, अनिल सिंह, आशीष त्रिवेदी, रणवीर सिंह सेंगर, उपेंद्र सिंह, उमेश सिंह, अजय सिंह और मनोज शर्मा सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
इनसेट...
युवाओं से स्वच्छता अभियान चलाने की अपील

राज्यसभा के उप सभापति हरिवंश ने सभागार में उपस्थित लोगों को स्वच्छता का संदेश दिया। उन्होंने चंद्रशेखर के स्वच्छता के प्रति आग्रह का उल्लेख करते हुए कहा कि युवाओं को अपनी ग्राम पंचायतों और विद्यालयों में स्वच्छता अभियान चलाना चाहिए। इसके लिए सरकार का इंतजार नहीं करना चाहिए।

इनसेट...
मेधावियों और लोक सेवकों को किया सम्मानित

बलिया। कार्यक्रम में हरिवंश ने जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय के मेधावी विद्यार्थियों को स्मृति चिह्न और शॉल देकर सम्मानित किया। इसके अलावा पूर्व प्रमुख अनिल सिंह, प्रवीण सिंह, इफ्तखार खान, रूपेश सिंह, दुष्यंत सिंह, राम प्रकाश यादव, प्रिया, गीता, डॉ. कादंबनी सिंह, शशिप्रेम देव, मुकेश सिंह, दिलीप कुमार सिंह, उमेश सिंह, भवतोष पांडेय, प्रदीप यादव, अजय सिंह, धर्मेंद्र प्रताप सिंह, खुशी कुमारी, रिया वर्मा, भाग्यलक्ष्मी और रामनाथ पासवान सहित अन्य लोगों को लोक सेवक एवं मेधा सम्मान प्रदान किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed