बलिया। नगर के टाउन हॉल के बापू भवन में रविवार को शंकराचार्य परिषद और भाग्योदय फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में हिन्दू पंचायत आयोजित हुई। जिसमें भारत को सनातनी वैदिक राष्ट्र घोषित करने का संकल्प दिलाया गया।
शंकराचार्य परिषद के अध्यक्ष स्वामी आनन्द स्वरूप महाराज ने कहा कि आज का समय एक ऐसा दौर है जब हम अपने हक, अपने अधिकार को ले सकते हैं, मांग सकते हैं, छीन सकते हैं। भारत 1947 में आजाद हुआ, वह सफलता सबकी एकता से ही संभव हो सकी थी। उन्होंने कहा कि तुष्टिकरण करने वाले जितने भी वामपंथी हैं वे हिन्दू विरोधी हैं। यह बात आज देशवासियों की समझ में आ चुकी है। इसलिए अब वह विपरीत परिस्थिति अनुकूल हुई हैं। उन्होंने कहा कि शंकराचार्य परिषद और भाग्योदय फाउंडेशन का यह प्रयास इस दिशा में बड़ी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। शंकराचार्य परिषद के राष्ट्रीय पार्षद डॉ. विद्या सागर उपाध्याय ने कहा कि गम्भीर चिंतन का विषय है कि हिंदुत्व के संरक्षण के लिए वर्तमान में कोई भी राष्ट्र अस्तित्व में नहीं है, जबकि इस्लाम व अन्य मजहबों के संरक्षण और संवर्धन हेतु अनेक राष्ट्र व संगठन निरंतर प्रयत्नशील हैं। इसलिए हिंदुत्व व सनातन संस्कारों को जीवित रखने हेतु भारत का हिन्दू राष्ट्र होना अत्यन्त आवश्यक है। इस मौके पर यतींद्र चौबे, आशुतोष गौतम, मुकेश राणा, चंद्रशेखर उपाध्याय, मारुत नंदन, गोविंद पांडेय, प्रवीण दीक्षित आदि रहे।