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विवाद को मध्यस् थता के द्वारा ही निपटाए: राजमणि
Updated Fri, 12 Jan 2018 11:21 PM IST
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पूर। विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वाधान ज्योति एकेडमी में किया गया। साक्षरता दिसव में वक्ताओं ने कहा कि किसी भी विवाद को मध्यस्थता से निपटाया जा सकता है।
अध्यक्षता कर रहे जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव राजमणि ने बताया कि किसी प्रकार के झगड़े विवाद या मुकदमे समझौता हम मध्यस्थता के द्वारा कर सकते हैं। बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सन 1887 से किसी भी प्रकार का व्यवसायिक अनुबंधित सामाजिक विवाद, जमीनी विवाद, वैवाहिक ,परिवारिक विवाद आज किसी भी प्रकार का विवाद हो हम मध्यस्थता के द्वारा इस को हल कर सकते हैं। जिससे समय के अलावा हमारी आर्थिक बचत भी होगी और हम चैन और सुकून की जिंदगी जी सकते हैं।
उप जिलाधिकारी राजेश यादव ने बताया कि पहले के जमाने में गांव के झगड़ों को गांव में ही निपटा दिया जाता था पंचायत के द्वारा, लेकिन आज के परिवेश में ठीक उल्टा हो गया है। उन्होंने यह भी बताया कि मुकदमे की यही रफ्तार रही तो मुकदमों का फैसला करने में 70 साल लग जाएंगे तभी मुकदमों का निस्तारण नहीं हो पाएगा। इसके लिए मुकदमेबाजी से बचे और विधिक साक्षरता शिविर के तहत होने वाली मध्यस्थता का लाभ उठाकर सुलह-समझौते से मामले का निस्तारण करें।
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इस मौके पर तहसीलदार आलोक कुमार, अजय तिवारी, कुबेर यादव, रामविलास यादव, काशीनाथ यादव, अशोक श्रीवास्तव, मनोज यादव, कल्पनाथ वर्मा आदि मौजूद रहे।
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अध्यक्षता कर रहे जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव राजमणि ने बताया कि किसी प्रकार के झगड़े विवाद या मुकदमे समझौता हम मध्यस्थता के द्वारा कर सकते हैं। बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सन 1887 से किसी भी प्रकार का व्यवसायिक अनुबंधित सामाजिक विवाद, जमीनी विवाद, वैवाहिक ,परिवारिक विवाद आज किसी भी प्रकार का विवाद हो हम मध्यस्थता के द्वारा इस को हल कर सकते हैं। जिससे समय के अलावा हमारी आर्थिक बचत भी होगी और हम चैन और सुकून की जिंदगी जी सकते हैं।
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उप जिलाधिकारी राजेश यादव ने बताया कि पहले के जमाने में गांव के झगड़ों को गांव में ही निपटा दिया जाता था पंचायत के द्वारा, लेकिन आज के परिवेश में ठीक उल्टा हो गया है। उन्होंने यह भी बताया कि मुकदमे की यही रफ्तार रही तो मुकदमों का फैसला करने में 70 साल लग जाएंगे तभी मुकदमों का निस्तारण नहीं हो पाएगा। इसके लिए मुकदमेबाजी से बचे और विधिक साक्षरता शिविर के तहत होने वाली मध्यस्थता का लाभ उठाकर सुलह-समझौते से मामले का निस्तारण करें।
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इस मौके पर तहसीलदार आलोक कुमार, अजय तिवारी, कुबेर यादव, रामविलास यादव, काशीनाथ यादव, अशोक श्रीवास्तव, मनोज यादव, कल्पनाथ वर्मा आदि मौजूद रहे।