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लाल निशान से आधा मीटर नीचे घाघरा का पानी
Updated Wed, 12 Jul 2017 10:23 PM IST
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बेल्थरारोड। घाघरा नदी के जलस्तर में उतार-चढ़ाव का सिलसिला जारी है। जलस्तर लाल निशान से आधा मीटर नीचे रह गया है। पिछले कई दिनों तक जलस्तर में लगातार वृद्धि का सिलसिला जारी रहने के बाद नदी में बुधवार को स्थिरता होने से तटवर्ती ग्रामों के वाशिंदों ने राहत की सांस ली है। बावजूद नदी के मिजाज में अप्रत्याशित परिवर्तन से लोग भयग्रस्त हो गए हैं। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार बुधवार को अपराह्न जलस्तर 63.500 मीटर पर स्थिर हो गया। जबकि लाल निशान 64.010 है। इसके पूर्व मंगलवार को कई दिनों तक जलस्तर में वृद्धि के बाद 63.470 पर स्थिरता आ गई। उसके बाद 30 सेंटीमीटर तक जल वृद्धि के पश्चात नदी स्थिर हो गई, जो बुधवार की शाम तक जारी रहा। लाल निशान से करीब आधा मीटर नीचे बह रही घाघरा ने तबाही मचाना शुरू कर दिया है। बाढ़ का पानी गांव की ओर बढ़ने लगा है। इसके साथ ही कई गांव के लोग कटान की समस्या से जूझ रहे हैं। आमतौर पर जल स्तर में वृद्धि के साथ कटान का खतरा कम होता है। लेकिन चैनपुर, गुलौरा, मठिया, सहिया, छपिया आदि स्थानों पर कटान हो रही है। कटान रोकने के लिए अभी तक निरोधात्मक कार्रवाई नहीं किए जाने से तटीय वाशिंदों में रोष व्याप्त है। हाहा नाला से लेकर खैरा घाट तक पानी फैल गया है। आबादी की ओर पानी बढ़ने लगा है। गुलौरा- मठियां के शिव मंदिर के निकट स्थित पेड़ कटान की भेंट चढ़ गया। तुर्तीपार का माली बस्ती समेत अन्य कुछ ग्राम पानी से घिर गए हैं।
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