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महिलाओं ने की वट वृक्ष की पूजा
अमर उजाला/बहराइच
Updated Thu, 25 May 2017 11:59 PM IST
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पूजा करतीं महिलाएं
- फोटो : अमर उजाला
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वट सावित्री का पर्व गुरुवार को जिले भर में परंपरागत तरीके से मनाया गया। सुहागिनों ने व्रत रखकर वट वृक्ष की विधिविधान से पूजा-अर्चना की। इस दौरान ईश्वर से अखंड सौभाग्य व परिवार में सुख समृद्धि की कामना की गई। ग्रामीण अंचलों में इस पर्व को लेकर महिलाओं में खासा उत्साह रहा।
वट सावित्री (बरसाइत) पूजन के लिए महिलाओं ने पहले से ही तैयारियां शुरू कर दी थीं। ज्येष्ठ की अमावस्या को होने वाले व्रत को लेकर सुहागिनों ने खासा उत्साह दिखाई दिया। महिलाओं ने बुधवार की शाम बाजार में पूजन सामग्री के साथ धागा, वट वृक्ष की डालियों की खरीदारी की। इसके बाद गुरुवार को सुबह सूर्योदय के साथ ही महिलाएं सजधज कर घरों से निकलीं।
कुछ महिलाओं ने घर में तो कुछ ने बरगद के पेड़ के निकट एकत्र होकर पूजा-अर्चना की। इसके बाद सावित्री द्वारा यमराज से अपने पति सत्यवान के जीवन को बचाने की कथा को सुनने के बाद महिलाओं ने पति की दीर्घायु की प्रार्थना की।
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शहर के ब्राह्मणीपुरा, जोशियापुरा, गुदड़ी, कानूनगोपुरा समेत अन्य मोहल्लों में लगे वट वृक्षों पर पूजन-अर्चन के लिए महिलाओं का तांता लगा रहा। कुछ महिलाओं ने घरों में भी वट वृक्ष की डालियों को रखकर पूजा की। ग्रामीण क्षेत्रों में वट सावित्री पूजन के लिए काफी उत्साह नजर आया।
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वट सावित्री (बरसाइत) पूजन के लिए महिलाओं ने पहले से ही तैयारियां शुरू कर दी थीं। ज्येष्ठ की अमावस्या को होने वाले व्रत को लेकर सुहागिनों ने खासा उत्साह दिखाई दिया। महिलाओं ने बुधवार की शाम बाजार में पूजन सामग्री के साथ धागा, वट वृक्ष की डालियों की खरीदारी की। इसके बाद गुरुवार को सुबह सूर्योदय के साथ ही महिलाएं सजधज कर घरों से निकलीं।
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कुछ महिलाओं ने घर में तो कुछ ने बरगद के पेड़ के निकट एकत्र होकर पूजा-अर्चना की। इसके बाद सावित्री द्वारा यमराज से अपने पति सत्यवान के जीवन को बचाने की कथा को सुनने के बाद महिलाओं ने पति की दीर्घायु की प्रार्थना की।
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शहर के ब्राह्मणीपुरा, जोशियापुरा, गुदड़ी, कानूनगोपुरा समेत अन्य मोहल्लों में लगे वट वृक्षों पर पूजन-अर्चन के लिए महिलाओं का तांता लगा रहा। कुछ महिलाओं ने घरों में भी वट वृक्ष की डालियों को रखकर पूजा की। ग्रामीण क्षेत्रों में वट सावित्री पूजन के लिए काफी उत्साह नजर आया।