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Bahraich News: तराई में बेमौसम बारिश से किसानों की बढ़ी चिंता
Sat, 31 Oct 2026 12:23 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
Updated Sat, 31 Oct 2026 12:23 AM IST
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फखरपुर इलाके में खेत में कटी हुई धान की फसल बारिश में भीगी। -संवाद
बहराइच। जिले में अर्नब तूफान का असर बृहस्पतिवार की रात से दिखने लगा। देर रात तेज हवा के साथ शुरू हुई रिमझिम बारिश से तापमान में करीब चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। इससे शुक्रवार सुबह से ही लोगों को ठंड का अहसास होने लगा। बेमौसम बारिश ने धान और गन्ना की खेती करने वालों किसानों की चिंता बढ़ा दी है। मौसम विभाग ने शनिवार को भी तेज हवा के साथ बारिश होने की संभावना जताई है।
तूफान की आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन ने पहले ही अलर्ट जारी कर दिया था। इसके चलते लोगों ने जरूरी काम निपटा लिए थे। बृहस्पतिवार देर रात बारिश शुरू हुई, जो शुक्रवार दोपहर से फिर तेज हो गई और देर रात तक जारी रही। बारिश के कारण मुख्य बाजारों समेत सार्वजनिक स्थानों पर सन्नाटा पसरा रहा।
तेज हवा और बारिश की आशंका को देखते हुए कई क्षेत्रों के किसानों ने धान की फसल काटकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना शुरू कर दिया था। हालांकि, अभी बड़ी संख्या में किसानों की फसल खेतों में खड़ी है। बीते माह आए तूफान में भी फसल को काफी नुकसान हुआ था। ऐसे में दोबारा बेमौसम बारिश से उन्हें फसल खराब होने का डर सता रहा है।
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कटाई-मड़ाई का चल रहा है काम
धान की फसल पककर तैयार है और कटाई-मड़ाई का काम चल रहा है। बारिश से खेतों में पानी भरने के कारण कटी हुई फसल और पराली भीग रही है। वहीं, खेतों में खड़ी धान की फसल के दाने गिरने और काले पड़ने की आशंका है। इससे उपज की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। कृषि वैज्ञानिक डॉ. अरुण राजभर ने बताया कि बारिश से सब्जी उत्पादक किसानों को भी नुकसान हो सकता है। खेतों में जलभराव होने से तैयार सब्जियां सड़ने लगती हैं। इसके अलावा तेज हवा और बारिश से केले और गन्ने की फसल भी प्रभावित हो सकती है।
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अभी और बारिश का अनुमान
मौसम विशेषज्ञ डॉ. पीएल त्रिपाठी ने बताया कि तूफान के असर से लगातार बारिश हो रही है। शनिवार को भी तेज हवा के साथ बारिश होने की संभावना है। रविवार को मौसम साफ हो सकता है।
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सक्रिय किया गया है कंट्रोल रूम
अर्नब तूफान को देखते हुए जिला प्रशासन ने कंट्रोल रूम सक्रिय कर दिया है। डीएम राजेश कुमार पांडेय ने बताया कि नोडल अधिकारियों की तैनाती की गई है। पुलिस प्रशासन और अन्य विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक कार्य किए जा रहे हैं।
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तूफान की आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन ने पहले ही अलर्ट जारी कर दिया था। इसके चलते लोगों ने जरूरी काम निपटा लिए थे। बृहस्पतिवार देर रात बारिश शुरू हुई, जो शुक्रवार दोपहर से फिर तेज हो गई और देर रात तक जारी रही। बारिश के कारण मुख्य बाजारों समेत सार्वजनिक स्थानों पर सन्नाटा पसरा रहा।
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तेज हवा और बारिश की आशंका को देखते हुए कई क्षेत्रों के किसानों ने धान की फसल काटकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना शुरू कर दिया था। हालांकि, अभी बड़ी संख्या में किसानों की फसल खेतों में खड़ी है। बीते माह आए तूफान में भी फसल को काफी नुकसान हुआ था। ऐसे में दोबारा बेमौसम बारिश से उन्हें फसल खराब होने का डर सता रहा है।
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कटाई-मड़ाई का चल रहा है काम
धान की फसल पककर तैयार है और कटाई-मड़ाई का काम चल रहा है। बारिश से खेतों में पानी भरने के कारण कटी हुई फसल और पराली भीग रही है। वहीं, खेतों में खड़ी धान की फसल के दाने गिरने और काले पड़ने की आशंका है। इससे उपज की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। कृषि वैज्ञानिक डॉ. अरुण राजभर ने बताया कि बारिश से सब्जी उत्पादक किसानों को भी नुकसान हो सकता है। खेतों में जलभराव होने से तैयार सब्जियां सड़ने लगती हैं। इसके अलावा तेज हवा और बारिश से केले और गन्ने की फसल भी प्रभावित हो सकती है।
अभी और बारिश का अनुमान
मौसम विशेषज्ञ डॉ. पीएल त्रिपाठी ने बताया कि तूफान के असर से लगातार बारिश हो रही है। शनिवार को भी तेज हवा के साथ बारिश होने की संभावना है। रविवार को मौसम साफ हो सकता है।
सक्रिय किया गया है कंट्रोल रूम
अर्नब तूफान को देखते हुए जिला प्रशासन ने कंट्रोल रूम सक्रिय कर दिया है। डीएम राजेश कुमार पांडेय ने बताया कि नोडल अधिकारियों की तैनाती की गई है। पुलिस प्रशासन और अन्य विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक कार्य किए जा रहे हैं।