{"_id":"68d844f81a8010494d03940b","slug":"names-of-people-living-in-nepal-are-also-included-in-the-voter-list-bahraich-news-c-98-1-bhr1024-137393-2025-09-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bahraich News: नेपाल में रह रहे लोगों के नाम भी मतदाता सूची में दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bahraich News: नेपाल में रह रहे लोगों के नाम भी मतदाता सूची में दर्ज
Sun, 28 Sep 2025 07:49 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
Updated Sun, 28 Sep 2025 07:49 AM IST
विज्ञापन
मिहींपुरवा। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की तैयारी के बीच विकास खंड बलहा की ग्राम पंचायत दलजीतपुरवा में भारी गड़बड़ी सामने आई है। शिकायत पर हुई जांच के दौरान नायब तहसीलदार ने पाया कि सूची में 517 ऐसे लोगों के नाम दर्ज हैं, जो ग्राम पंचायत में रहते ही नहीं। इनमें से कई नेपाल के निवासी भी हैं।
दलजीतपुरवा निवासी शहजाद का नाम चार अलग-अलग स्थानों पर दर्ज मिला है। मकान संख्या 290 में कुल 112 मतदाता दर्ज हैं, इनमें से तीन लोग 15 वर्षों से नेपाल में रह रहे हैं, रुपईडीहा में भी उनका मकान है। मकान संख्या 72 में 55 मतदाताओं के नाम दर्ज हैं, जबकि इनमें से ज्यादातर लोग नवाबगंज, महसी, शिवपुर व रुपईडीहा में बस चुके हैं।
जांच में यह भी सामने आया कि गांव के 86 मतदाताओं के नाम दो से तीन बार सूची में दर्ज हैं। करीब 50 मतदाता 15 वर्षों से गांव से बाहर रहते हैं।
इतना ही नहीं, सीतापुर जिले के राजापुर निवासी इमामन, अब्दुल कादिर व अब्दुल हसन के नाम भी सूची में पाए गए। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि 100 से ज्यादा ऐसे मतदाताओं का नाम सूची में शामिल हैं, जिनकी मृत्यु हुए 15 वर्ष से ज्यादा हो चुके हैं।
विज्ञापन
उपजिलाधिकारी राम दयाल ने बताया कि विकास खंड बलहा की ओर से भेजी गई संभावित डुप्लीकेट मतदाता सत्यापन सूची में 517 नाम चिह्नित किए गए हैं। इनका दोबारा सत्यापन करने के लिए बीएलओ की टीम लगाई गई है।
गांव निवासी रामरूप ने उपजिलाधिकारी को पत्र देकर कहा है कि हर पंचायत चुनाव में फर्जीवाड़े का खेल-खेला जाता है। मतदान के लिए फर्जी आधारकार्ड का सहारा भी लिया जाता है।-
विज्ञापन
दलजीतपुरवा निवासी शहजाद का नाम चार अलग-अलग स्थानों पर दर्ज मिला है। मकान संख्या 290 में कुल 112 मतदाता दर्ज हैं, इनमें से तीन लोग 15 वर्षों से नेपाल में रह रहे हैं, रुपईडीहा में भी उनका मकान है। मकान संख्या 72 में 55 मतदाताओं के नाम दर्ज हैं, जबकि इनमें से ज्यादातर लोग नवाबगंज, महसी, शिवपुर व रुपईडीहा में बस चुके हैं।
विज्ञापन
जांच में यह भी सामने आया कि गांव के 86 मतदाताओं के नाम दो से तीन बार सूची में दर्ज हैं। करीब 50 मतदाता 15 वर्षों से गांव से बाहर रहते हैं।
इतना ही नहीं, सीतापुर जिले के राजापुर निवासी इमामन, अब्दुल कादिर व अब्दुल हसन के नाम भी सूची में पाए गए। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि 100 से ज्यादा ऐसे मतदाताओं का नाम सूची में शामिल हैं, जिनकी मृत्यु हुए 15 वर्ष से ज्यादा हो चुके हैं।
विज्ञापन
उपजिलाधिकारी राम दयाल ने बताया कि विकास खंड बलहा की ओर से भेजी गई संभावित डुप्लीकेट मतदाता सत्यापन सूची में 517 नाम चिह्नित किए गए हैं। इनका दोबारा सत्यापन करने के लिए बीएलओ की टीम लगाई गई है।
गांव निवासी रामरूप ने उपजिलाधिकारी को पत्र देकर कहा है कि हर पंचायत चुनाव में फर्जीवाड़े का खेल-खेला जाता है। मतदान के लिए फर्जी आधारकार्ड का सहारा भी लिया जाता है।-