{"_id":"6609af582039b81583045794","slug":"insect-attack-on-blooming-mangoes-bahraich-news-c-104-1-slko1050-104221-2024-04-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bahraich News: बौर से लदे आम पर कीटों का प्रकोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bahraich News: बौर से लदे आम पर कीटों का प्रकोप
Mon, 01 Apr 2024 12:15 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
Updated Mon, 01 Apr 2024 12:15 AM IST
विज्ञापन
श्रावस्ती। वसंत के आगमन के साथ ही आम के पेड़ बौर से लद चुके हैं। जानकारों के मुताबिक इस बार विगत वर्ष की तुलना में कई गुना ज्यादा बौर आया है। हालांकि अब इस पर कीटों का प्रकोप है। समय रहते ध्यान न देने पर इस बार आम महंगा हो सकता है।
बागवान बताते हैं कि मौसम अनुकूल होने से कभी फल न देने वाले पेड़ों पर भी बौर दिखाई दे रहे हैं। वहीं तेज हवा भी बौर को नुकसान पहुंच रही है। अधिकांश बाग मालिकों के ध्यान न देने के कारण जहां आम के बौर काले पड़ रहे हैं। वहीं कई स्थानों पर बौर सूख कर गिर रहे हैं। अगर यही आलम रहा तो बौर से ढके पेड़ों की डालियों पर फल शायद ही देखने को मिले।
जिला कृषि अधिकारी अमित प्रकाश मिश्रा बताते हैं कि पेड़ों पर आए बौर में तीन से पांच प्रतिशत बौर फीमेल व शेष मेल होते हैं, जो स्वाभाविक रूप से गिरेंगे। इसके साथ इस समय बौर पर हापर कीट का प्रकोप है। इससे बचने के लिए बागवान कैराथेन अथवा कलेक्सीन के साथ कोई कीटनाशक दवा का छिड़काव करें। बागों में फल न गिरें इसके लिए एग्रोना या स्कीट अथवा प्लेनोफिक्स का छिड़काव करें तथा बाग की नमी बनाए रखें।
विज्ञापन
विज्ञापन
बागवान बताते हैं कि मौसम अनुकूल होने से कभी फल न देने वाले पेड़ों पर भी बौर दिखाई दे रहे हैं। वहीं तेज हवा भी बौर को नुकसान पहुंच रही है। अधिकांश बाग मालिकों के ध्यान न देने के कारण जहां आम के बौर काले पड़ रहे हैं। वहीं कई स्थानों पर बौर सूख कर गिर रहे हैं। अगर यही आलम रहा तो बौर से ढके पेड़ों की डालियों पर फल शायद ही देखने को मिले।
विज्ञापन
जिला कृषि अधिकारी अमित प्रकाश मिश्रा बताते हैं कि पेड़ों पर आए बौर में तीन से पांच प्रतिशत बौर फीमेल व शेष मेल होते हैं, जो स्वाभाविक रूप से गिरेंगे। इसके साथ इस समय बौर पर हापर कीट का प्रकोप है। इससे बचने के लिए बागवान कैराथेन अथवा कलेक्सीन के साथ कोई कीटनाशक दवा का छिड़काव करें। बागों में फल न गिरें इसके लिए एग्रोना या स्कीट अथवा प्लेनोफिक्स का छिड़काव करें तथा बाग की नमी बनाए रखें।
विज्ञापन