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सगे भाइयों की मौत से पठाननपुरवा गांव में मचा कोहराम
Updated Wed, 11 Oct 2017 12:31 AM IST
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नानपारा-बहराइच मार्ग पर ट्र्रॉली का टायर बदलते समय हादसा
बहराइच। नानपारा-बहराइच मार्ग पर कबड़ियन मड़ैया के निकट पंक्चर हुए ट्र्रॉली का टायर बदल रहे सगे भाइयों को नानपारा की ओर से आ रही तेज रफ्तार एसयूवी ने रौंद दिया। मौके पर ही दोनों की मौत हो गई। आसपास के लोगों ने सूचना थाने पर दी।
रात में ही सगे भाइयों का शव घर पहुंचा तो कोहराम मच गया। सुबह थाने के दो पुलिसकर्मी गांव पहुंचे, लेकिन परिवारीजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया। पंचनामा के बाद शव को दफनाया गया। इस दौरान परिवारीजन पछाड़े खा-खाकर गिर रहे थे। दुर्घटना के बाद बोलेरो का चालक वाहन समेत फरार हो गया। अब तक उसका पता नहीं चल सका है।
रामगांव थाना अंतर्गत रायपुर के पठाननपुरवा गांव निवासी ताजुद्दीन उर्फ ननकू (30) अपने सगे भाई नईम उर्फ अउवा (22) के साथ ट्रैक्टर ट्रॉली लेकर नानपारा गए थे। सोमवार देर रात ट्रैक्टर ट्रॉली से दोनों भाई वापस घर लौट रहे थे। नानपारा-बहराइच मार्ग पर कबड़ियन मड़ैया गांव के निकट पहुंचने पर ट्रॉली का टायर पंक्चर हो गया।
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दोनों भाई वाहन रोक कर ट्रॉली का टायर बदलने लगे। इसी दौरान नानपारा की ओर से आ रही तेज रफ्तार एसयूवी दोनों भाइयों को रौंदते हुए निकल गई। भाइयों की चीख सुनकर आसपास के लोग दौड़े, लेकिन तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी।
ग्रामीणों ने उनकी पहचान कर सूचना गांव में दी। रात में ही शव घर पहुंचा तो कोहराम मच गया। घटना की सूचना रामगांव थाने व गंभीरवा पुलिस चौकी को दी गई। सुबह दो सिपाही गांव पहुंचे, लेकिन परिवारीजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया।
इस पर पंचनामा कर शव को दफनाया गया। गंभीरवा चौकी इंचार्ज गोविंद का कहना है कि वह हाईकोर्ट में पेशी के चलते सोमवार को लखनऊ गए थे। सुबह पुलिस टीम गांव भेजी गई, लेकिन परिवार के लोगों ने पोस्टमार्टम कराने से इन्कार किया। अगर तहरीर मिलेगी तो उसी के अनुरूप कार्रवाई करेंगे।
जनाजा उठाते ही बेहोश हो गया पिता
मंगलवार दोपहर में जब सगे भाइयों का जनाजा घर से निकल रहा था तो पिता छब्बू बेहोश हो गया। उन्हें लोगों ने किसी तरह संभाला। उधर मृतक ताजुद्दीन की पत्नी ताजरुन की हालत भी बदहवासों जैसी हो गई है। गौरतलब हो कि छब्बू के 10 बेटे व तीन बेटियां हैं। ताजुद्दीन दूसरे नंबर और नईम आठवें नंबर का बेटा था।
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बहराइच। नानपारा-बहराइच मार्ग पर कबड़ियन मड़ैया के निकट पंक्चर हुए ट्र्रॉली का टायर बदल रहे सगे भाइयों को नानपारा की ओर से आ रही तेज रफ्तार एसयूवी ने रौंद दिया। मौके पर ही दोनों की मौत हो गई। आसपास के लोगों ने सूचना थाने पर दी।
रात में ही सगे भाइयों का शव घर पहुंचा तो कोहराम मच गया। सुबह थाने के दो पुलिसकर्मी गांव पहुंचे, लेकिन परिवारीजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया। पंचनामा के बाद शव को दफनाया गया। इस दौरान परिवारीजन पछाड़े खा-खाकर गिर रहे थे। दुर्घटना के बाद बोलेरो का चालक वाहन समेत फरार हो गया। अब तक उसका पता नहीं चल सका है।
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रामगांव थाना अंतर्गत रायपुर के पठाननपुरवा गांव निवासी ताजुद्दीन उर्फ ननकू (30) अपने सगे भाई नईम उर्फ अउवा (22) के साथ ट्रैक्टर ट्रॉली लेकर नानपारा गए थे। सोमवार देर रात ट्रैक्टर ट्रॉली से दोनों भाई वापस घर लौट रहे थे। नानपारा-बहराइच मार्ग पर कबड़ियन मड़ैया गांव के निकट पहुंचने पर ट्रॉली का टायर पंक्चर हो गया।
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दोनों भाई वाहन रोक कर ट्रॉली का टायर बदलने लगे। इसी दौरान नानपारा की ओर से आ रही तेज रफ्तार एसयूवी दोनों भाइयों को रौंदते हुए निकल गई। भाइयों की चीख सुनकर आसपास के लोग दौड़े, लेकिन तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी।
ग्रामीणों ने उनकी पहचान कर सूचना गांव में दी। रात में ही शव घर पहुंचा तो कोहराम मच गया। घटना की सूचना रामगांव थाने व गंभीरवा पुलिस चौकी को दी गई। सुबह दो सिपाही गांव पहुंचे, लेकिन परिवारीजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया।
इस पर पंचनामा कर शव को दफनाया गया। गंभीरवा चौकी इंचार्ज गोविंद का कहना है कि वह हाईकोर्ट में पेशी के चलते सोमवार को लखनऊ गए थे। सुबह पुलिस टीम गांव भेजी गई, लेकिन परिवार के लोगों ने पोस्टमार्टम कराने से इन्कार किया। अगर तहरीर मिलेगी तो उसी के अनुरूप कार्रवाई करेंगे।
जनाजा उठाते ही बेहोश हो गया पिता
मंगलवार दोपहर में जब सगे भाइयों का जनाजा घर से निकल रहा था तो पिता छब्बू बेहोश हो गया। उन्हें लोगों ने किसी तरह संभाला। उधर मृतक ताजुद्दीन की पत्नी ताजरुन की हालत भी बदहवासों जैसी हो गई है। गौरतलब हो कि छब्बू के 10 बेटे व तीन बेटियां हैं। ताजुद्दीन दूसरे नंबर और नईम आठवें नंबर का बेटा था।