{"_id":"6851d60f1974dc89f0075d6f","slug":"cdpo-nawabganj-removed-for-laxity-in-departmental-work-bahraich-news-c-98-1-bhr1003-132308-2025-06-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bahraich News: विभागीय कार्य में शिथिलता पर हटाए गए सीडीपीओ नवाबगंज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bahraich News: विभागीय कार्य में शिथिलता पर हटाए गए सीडीपीओ नवाबगंज
Wed, 18 Jun 2025 02:24 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
Updated Wed, 18 Jun 2025 02:24 AM IST
विज्ञापन
बहराइच के कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक को संबोधित करतीं डीएम।
बहराइच। महिला कल्याण एवं बाल विकास व पुष्टाहार निदेशालय के फेस ऑथेंटिकेशन मॉड्यूल के कार्यान्वयन की समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक में ब्लॉक नवाबगंज की प्रगति असंतोषजनक पाई गई। इस पर डीएम ने सीडीपीओ नवाबगंज सुशील कुमार को मुख्यालय से संबद्ध किए जाने का निर्देश दिया। साथ ही मुख्य सेविकाओं को कार्य में सुधार लाने की चेतावनी दी।
डीएम मोनिका रानी ने सभी मुख्य सेविकाओं को कड़े निर्देश दिए कि अपने सेक्टर के अंतर्गत युद्धस्तर पर कार्य करते हुए शुक्रवार तक प्रगति में सुधार लाएं, अन्यथा की स्थिति में विभागीय कार्यवाही प्रस्तावित कर दी जाएगी। डीएम ने सीडीपीओ को निर्देश दिया कि विभागीय कर्मचारियों तथा पंचायत सहायकों से सहयोग प्राप्त कर लाभार्थियों को इस बात के लिए प्रेरित करें कि वे स्वेच्छा से फेस ऑथेंटिकेशन और ईकेवाईसी कराने में सहयोग प्रदान करें, ताकि उन्हें विभागीय सुविधाओं का लाभ निर्बाध रूप से मिलता रहे। उन्हें इस बात की भी जानकारी दी जाए कि ऐसा न करने पर पोषाहार रोक दिया जाएगा। इस अवसर पर डीडीओ राजकुमार, डीपीओ राजकपूर सहित सभी सीडीपीओ, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व अन्य मौजूद रहे।
एक जुलाई से लागू हो जाएगी पोषण ट्रैकर एप पर लाभार्थियों की फीडिंग
महिला एवं बाल विकास मंत्रालय बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार निदेशालय उत्तर प्रदेश द्वारा पोषण ट्रैकर एप के माध्यम से फेस ऑथेंटिकेशन मॉड्यूल के कार्यान्वयन के संबंध में निर्देश दिए गए हैं। इसमें आंगनबाड़ी केंद्रों पर आने वाले छह माह से तीन वर्ष, तीन से छह वर्ष आयु वर्ग के लाभार्थी गर्भवती व धात्री महिला व किशोरी बालिका शामिल हैं। इनकी उपस्थिति व पोषाहार प्राप्त करने वाले लाभर्थियों की पोषण ट्रैकर पर फीडिंग एक जुलाई 2025 से अनिवार्य रूप से लागू हो जाएगी। लक्षित लाभार्थियों तक अनुपूरक पुष्टाहार की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए यह भी निर्णय लिया गया है कि टीएचआर वितरण के लिए फेशियल रिकाग्निशन सिस्टम (एफआरएस) को एक जुलाई 2025 से अनिवार्य कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
डीएम मोनिका रानी ने सभी मुख्य सेविकाओं को कड़े निर्देश दिए कि अपने सेक्टर के अंतर्गत युद्धस्तर पर कार्य करते हुए शुक्रवार तक प्रगति में सुधार लाएं, अन्यथा की स्थिति में विभागीय कार्यवाही प्रस्तावित कर दी जाएगी। डीएम ने सीडीपीओ को निर्देश दिया कि विभागीय कर्मचारियों तथा पंचायत सहायकों से सहयोग प्राप्त कर लाभार्थियों को इस बात के लिए प्रेरित करें कि वे स्वेच्छा से फेस ऑथेंटिकेशन और ईकेवाईसी कराने में सहयोग प्रदान करें, ताकि उन्हें विभागीय सुविधाओं का लाभ निर्बाध रूप से मिलता रहे। उन्हें इस बात की भी जानकारी दी जाए कि ऐसा न करने पर पोषाहार रोक दिया जाएगा। इस अवसर पर डीडीओ राजकुमार, डीपीओ राजकपूर सहित सभी सीडीपीओ, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व अन्य मौजूद रहे।
विज्ञापन
एक जुलाई से लागू हो जाएगी पोषण ट्रैकर एप पर लाभार्थियों की फीडिंग
महिला एवं बाल विकास मंत्रालय बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार निदेशालय उत्तर प्रदेश द्वारा पोषण ट्रैकर एप के माध्यम से फेस ऑथेंटिकेशन मॉड्यूल के कार्यान्वयन के संबंध में निर्देश दिए गए हैं। इसमें आंगनबाड़ी केंद्रों पर आने वाले छह माह से तीन वर्ष, तीन से छह वर्ष आयु वर्ग के लाभार्थी गर्भवती व धात्री महिला व किशोरी बालिका शामिल हैं। इनकी उपस्थिति व पोषाहार प्राप्त करने वाले लाभर्थियों की पोषण ट्रैकर पर फीडिंग एक जुलाई 2025 से अनिवार्य रूप से लागू हो जाएगी। लक्षित लाभार्थियों तक अनुपूरक पुष्टाहार की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए यह भी निर्णय लिया गया है कि टीएचआर वितरण के लिए फेशियल रिकाग्निशन सिस्टम (एफआरएस) को एक जुलाई 2025 से अनिवार्य कर दिया जाएगा।
विज्ञापन