फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   Traders lost one and a half billion in 32 days captive

32 दिन की बंदी ने कारोबारियों को डेढ़ अरब की चपत

Tue, 01 Jun 2021 11:25 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 01 Jun 2021 11:25 PM IST
विज्ञापन
Traders lost one and a half billion in 32 days captive
कोरोना कर्फ्यू से ठप हो गया था सोना-चांदी, कपड़ा, बर्तन और ऑटो मोबाइल का कारोबार
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत (बागपत)। जनपद में 32 दिन के कोरोना कर्फ्यू ने कारोबारियों की कमर तोड़कर रख दी है। मई माह में सबसे अधिक शादियां थी, जिसमें कारोबारियों को अच्छा फायदा होने की उम्मीद थी। दुकानदारों ने अच्छी खासी तैयारी कर रखी थी। मगर कोरोना कर्फ्यू ने सोना-चांदी, कपड़ा, बर्तन और आटो मोबाइल के बाजार को भारी नुकसान पहुंचाया। व्यापारी नेताओं की मानें तो 32 दिन की बंदी से लगभग डेढ़ अरब रुपये का कारोबार प्रभावित हुआ है।
कोरोना संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए जिले में 30 अप्रैल को कोरोना कर्फ्यू की घोषणा की गई थी। जिसमें आवश्यक वस्तुओं की दुकानें तो सुबह छह से ग्यारह बजे तक खुलने की अनुमति थी। मगर बाजार पर पूरी सख्ती के साथ बंद करा दिया गया। जिस समय बाजार बंद कराया, उस वक्त खरीदारों की भारी भीड़ उमड़ रही थी। लोग संक्रमण की परवाह किए बगैर खरीदारी कर रहे थे। मई माह में सबसे अधिक शादी-विवाह के आयोजन होने से दुकानदारों को उम्मीद थी कि पिछले वर्ष जो नुकसान हुआ है, उसकी भरपाई हो जाएगी। मगर उनके सपने सच होने के पहले ही कोरोना कर्फ्यू की घोषणा हो गई और बाजारों में पुलिस का पहरा बिठा दिया गया।
विज्ञापन

यह कारोबार हुआ सबसे अधिक प्रभावित
सर्राफ प्रभात जैन ने बताया कि सोना-चांदी का लगभग 50 करोड़ का कारोबार प्रभावित हुआ है। कपड़ा व्यापारी अनुज जैन के अनुसार जनपद में कपड़ा का 30 करोड़ का कारोबार प्रभावित हुआ है, जबकि बर्तन का लगभग तीन करोड़ का कारोबार प्रभावित हुआ है। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे स्थित आटोमोबाइल्स संचालक पूर्व प्रमुख सतेंद्र मलिक ने बताया कि ऑटोमोबाइल्स का 10 करोड़ के कारोबार का नुकसान हुआ है, वहीं इसके अलावा इलेक्ट्रानिक्स चार करोड़ और डीजल-पेट्रोल का 20 करोड़ कारोबार प्रभावित हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोरोना कर्फ्यू के चलते आगे बढ़ा दी शादी की तिथियां
कोरोना कर्फ्यू की पाबंदियों के चलते मई माह में अधिकांश शादी-विवाह नहीं हो पाए। अब यह शादियां नवंबर, दिसंबर और फरवरी में होंगी। तिथियों के बढ़ने व्यापारियों ने भी राहत की सांस ली है। मगर दुकानदारों ने जो तैयारी की थी, उस पर पानी फिर गया है।
मैरिज हॉल, फूल कारोबारियों का बज गया बाजा
मई माह में सबसे अधिक शादियां होने से मैरिज हॉल संचालकों और फूल कारोबारियों को पिछले वर्ष हुए नुकसान की भरपाई करने की तैयारी में थे। मगर उनकी उम्मीदों पर पानी फिर गया, कोरोना कर्फ्यू ने इस बार भी उनका बैंडबाजा बजा दिया। मैरिज हॉल संचालकों का गर्मी में शादी होने पर अधिक फायदा होता है। दरअसल में वह एसी और नान एसी का अलग रेट निश्चित कर रखा है। गर्मी के दिनों में लोग एसी रूम और हॉल लेना पसंद करते हैं।
क्या बोले व्यापारी नेता
संयुक्त व्यापार मंडल के नगर महामंत्री नवनीत जैन का कहना है कि कोरोना के 32 दिन ने सभी तैयारियों पर पानी फेर दिया। मई माह में जिसकी शादी थी, उसने तिथि आगे बढ़ा दी हैं। सोने-चांदी के जो आर्डर मिले थे, ग्राहक उसे लेने ही नहीं आया। दुकानों में कपड़े की दुकानें सजी रह गई, मगर बंद होने से ग्राहक ही नहीं आए। जिले में 32 दिन की बंदी से डेढ़ अरब से अधिक रुपये का कारोबार प्रभावित हुआ है।

व्यापारी नेता नवीन जैन व डॉ. योगेश जिंदल ने बताया कि मई माह में जो कोरोना कर्फ्यू रहा, अगर वह जून में लगता तो उतना नुकसान न होता। मई माह में ही सबसे अधिक शादियां थी और उस समय कोरोना कर्फ्यू लगा दिया। इससे जनपद के व्यापारियों को काफी नुकसान पहुंचा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed