फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   suffer diseases by drinking water or die thirsty

खतरे में हजारों जान: यूपी के इस गांव का दर्द, बेबस लोग बोले- पानी पीकर बीमारियां झेलें या प्यासे रहकर मरें

Thu, 28 Jul 2022 06:35 PM IST
मेरठ ब्यूरो अमर उजाला ब्यूरो, बागपत
अमर उजाला ब्यूरो, बागपत Published by: मेरठ ब्यूरो Updated Thu, 28 Jul 2022 06:35 PM IST
सार

बागपत के लोगों का यह दर्द छिपाने से भी नहीं छिपेगा। भले ही प्रशासनिक अधिकारी बड़े-बड़े दावे करते हैं लेकिन, यहां की जमीनी हकीकत तो कुछ और ही है। पूरा मामला जानकर आप भी हैरान रह जाएंगे।

विज्ञापन
suffer diseases by drinking water or die thirsty
बागपत में पानी की समस्या। - फोटो : amar ujala

विस्तार

हिंडन नदी के किनारे बसे ललियाना गांव के लोग अलग ही दर्द झेल रहे हैं। उनकी पीड़ा है कि वह पानी पीकर बीमारियां झेलें या प्यासे रहकर मरें। क्योंकि नदी के दूषित पानी का असर गांव में दिख रहा है और हैंडपंप से दूषित पानी निकल रहा है। उस पानी को पीने से ग्रामीण त्वचा, पेट समेत अन्य बीमारियों से ग्रस्त हो रहे हैं। अब पीने के लिए पानी चाहिए तो उनको रोजाना जेब से पैसे खर्च करने पड़ रहे हैं।

विज्ञापन


हिंडन नदी के किनारे बसे ललियाना के ग्रामीणों ने बताया कि पहले कभी-कभी बरसात के मौसम में गांव में लगे हैंडपंपों से दूषित पानी निकलता था। तब केवल कुछ दिन परेशानी होती थी और पानी साफ निकलने पर समस्या खुद ही दूर हो जाती थी। अब पिछले कई महीने से समस्या लगातार है। गांव के सभी हैंडपंपों से दूषित पानी निकल रहा है। उस पानी को पीने से ग्रामीणों में त्वचा व पेट समेत अन्य बीमारियां हो रही हैं।
विज्ञापन


ऐसे में ग्रामीणों के सामने सबसे बड़ी समस्या है कि वह बीमारियों से कैसे बचें, क्योंकि पानी को सभी कार्यों में इस्तेमाल करने के साथ ही पीना भी जरूरी है। ग्रामीणों ने पीने के लिए आरओ का पानी खरीदना शुरू कर दिया है, लेकिन उसमें हर महीने एक हजार रुपये तक खर्च हो रहे हैं। ऐसे में आर्थिक रूप से कमजोर परिवार पानी खरीद नहीं सकते हैं। वह किसी तरह गांव के बाहर से पानी लाकर काम चलाते हैं। ग्रामीणों ने जिम्मेदार अधिकारियों से जल्द समस्या का समाधान कराने की मांग की।
विज्ञापन
विज्ञापन


किसी को पथरी तो कोई पेट व त्वचा रोग झेल रहा
गांव में अमित को पथरी है तो कंवरपाल पेट की बीमारी से जूझ रहे हैं। मोमीना, साबिर, शाहिद, किट्टू, संजय व अभिषेक पानी के कारण त्वचा रोग से पीड़ित हैं। वह डॉक्टर के पास जांच कराने गए तो उनको पानी के कारण ही बीमारी होने की बात बताई गई।

यह भी पढ़ें: यूपी के दर्जनों गांवों का दर्द: हर साल का यही हाल, जान जोखिम में डालकर नदी पार कर रहे लोग, पढ़ें पूरी रिपोर्ट

पानी से आती है बदबू
गांव में लगे ज्यादातर हैंडपंपों का पानी दूषित हो गया है, जिनसे निकलने वाले पानी में बदबू आती है और कुछ देर बाद पीला हो जाता है। जिसका सेवन करने से बीमारी बढ़ रही है। - विपिन माहेश्वरी, ग्रामीण

एलर्जी समेत कई बीमारी फैल रही
हिंडन नदी में दूषित पानी के कारण गांव का भूजल भी खराब हो गया है, जिससे हैंडपंपों से दूषित पानी निकल रहा है। इस कारण एलर्जी समेत कई बीमारियां हो रही हैं। इस पानी को पीने से डर भी लगता है। - आदिल

खतरे से खाली नहीं पानी का सेवन
घर के बाहर गली में वर्षों पुराने हैंडपंप से दूषित पानी निकलने की समस्या से अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन समाधान नहीं हुआ। हैंडपंप से निकलने वाले दूषित पानी का सेवन करने से बीमारी का खतरा है। - शहनवाज

बढ़ रहा बीमारियों का खतरा
गांव में दूषित पानी के कारण बीमारी फैल रही है, जिसका इलाज भी कराया जा रहा है। अब दूषित पेयजल का सेवन करने से बीमारी बढ़ सकती है, इसलिए पानी खरीदकर पीना पड़ रहा है। उसमें हर महीने हजारों रुपये खर्च हो जाते हैं। - वकील

गांव में शुद्ध पेयजल आपूर्ति के लिए पेयजल हैडटैंक का निर्माण कराया जा रहा है, जल्द ही निर्माण पूरा होने के बाद ग्रामीणों को पाइपलाइन से शुद्ध पेयजल मुहैया कराया जाएगा। - मुकेश देवी, प्रधान

मामला संज्ञान में आया है और गांव में पानी की जांच कराई जाएगी। हैंडपंपों का पानी दूषित मिलता है, तो उन्हें बंद करा दिया जाएगा। प्रधान व सचिव के साथ मिलकर शुद्ध पेयजल के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करा दी जाएगी। - विवेक शर्मा, जेई जल निगम

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed