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Baghpat News: दशलक्षण पर्व के दूसरे दिन जिनालयों में धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन
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-उत्तम मार्दव धर्म को किया अंगीकार, भक्ति भाव से हुआ पूजन-अर्चन फोटो संख्या 3
बड़ौत। श्रावक संयम साधना संस्कार शिविर के दूसरे दिन बुधवार को 1008 जैन श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से महावीर भगवान का पूजन किया। साथ ही उत्तम मार्दव धर्म अपनाया।
दिगंबर जैनाचार्य विशुद्ध सागर महाराज ससंघ के सानिध्य में ऋषभ सभागार में धार्मिक अनुष्ठान हुए। पंडित कमल कुमार और पंडित श्रेयांस जैन के निर्देशन में सुबह जैन सौधर्म इंद्र सुनील कुमार ने जिनेंद्र भगवान की प्रतिमा का गर्म प्रासुक जल से अभिषेक किया। शांतिधारा का सौभाग्य मुकेश जैन पूर्व सभासद और राजीव जैन मोंटी को प्राप्त हुआ। आचार्य श्री का पाद प्रक्षालन अंकित कुमार जैन ने किया। शास्त्र भेंट उषा जैन निपुण जैन गुरुग्राम द्वारा किया गया। शिविर में सुबह पांच बजे से चली दिनचर्या के प्रति जैन श्रधालुओं में विशेष उत्साह दिखाई दिया। सुबह से ध्यान, योग, अभिषेक, पूजन आदि नियमित रूप से धार्मिक क्रियाएं आचार्य संघ के निर्देशन में हुईं। संगीतकार नंदन जैन मध्य प्रदेश ने सुंदर भजन सुनाकर सभी को भाव विभोर कर दिया। प्रवचन के बाद सामयिक, तत्वार्थ सूत्र प्रवचन, प्रतिक्रमन हुए। शाम को आचार्य भक्ति और आरती के साथ शिविर के दूसरे दिन का समापन हुआ। शिविर में धनेंद्र जैन, सुदेश जैन, अरविंद मुन्ना सर्राफ, प्रदीप जैन आदि उपस्थित रहे। उधर, श्री अजितनाथ मंदिर मंडी में भक्तामर विधान का आयोजन किया गया। इसके सौधर्म इंद्र सुनील जैन रहे। पंडित रजनीश शास्त्री ने दशलक्षण धर्म, सोलह कारण और भक्तामर विधान की पूजा भक्ति भाव से कराई। वहीं शहर के शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर, पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर, बड़ा जैन मंदिर में भी विधानों का आयोजन किया गया।
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बड़ौत। श्रावक संयम साधना संस्कार शिविर के दूसरे दिन बुधवार को 1008 जैन श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से महावीर भगवान का पूजन किया। साथ ही उत्तम मार्दव धर्म अपनाया।
दिगंबर जैनाचार्य विशुद्ध सागर महाराज ससंघ के सानिध्य में ऋषभ सभागार में धार्मिक अनुष्ठान हुए। पंडित कमल कुमार और पंडित श्रेयांस जैन के निर्देशन में सुबह जैन सौधर्म इंद्र सुनील कुमार ने जिनेंद्र भगवान की प्रतिमा का गर्म प्रासुक जल से अभिषेक किया। शांतिधारा का सौभाग्य मुकेश जैन पूर्व सभासद और राजीव जैन मोंटी को प्राप्त हुआ। आचार्य श्री का पाद प्रक्षालन अंकित कुमार जैन ने किया। शास्त्र भेंट उषा जैन निपुण जैन गुरुग्राम द्वारा किया गया। शिविर में सुबह पांच बजे से चली दिनचर्या के प्रति जैन श्रधालुओं में विशेष उत्साह दिखाई दिया। सुबह से ध्यान, योग, अभिषेक, पूजन आदि नियमित रूप से धार्मिक क्रियाएं आचार्य संघ के निर्देशन में हुईं। संगीतकार नंदन जैन मध्य प्रदेश ने सुंदर भजन सुनाकर सभी को भाव विभोर कर दिया। प्रवचन के बाद सामयिक, तत्वार्थ सूत्र प्रवचन, प्रतिक्रमन हुए। शाम को आचार्य भक्ति और आरती के साथ शिविर के दूसरे दिन का समापन हुआ। शिविर में धनेंद्र जैन, सुदेश जैन, अरविंद मुन्ना सर्राफ, प्रदीप जैन आदि उपस्थित रहे। उधर, श्री अजितनाथ मंदिर मंडी में भक्तामर विधान का आयोजन किया गया। इसके सौधर्म इंद्र सुनील जैन रहे। पंडित रजनीश शास्त्री ने दशलक्षण धर्म, सोलह कारण और भक्तामर विधान की पूजा भक्ति भाव से कराई। वहीं शहर के शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर, पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर, बड़ा जैन मंदिर में भी विधानों का आयोजन किया गया।
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