खेकड़ा। श्री धार्मिक रामलीला और श्रीबालाजी रामलीला कमेटियों की रामलीला लंकापति रावण के वध के साथ संपन्न हो गई। श्रीराम ने रावण का वध कर बुराई का अंत किया। भगवान श्रीराम के जयकारों से पंडाल गूंज उठे।
रामलीलाओं के मंचन में अंतिम दिन य़ुद्ध में भगवान श्रीराम ने रावण का वध किया। मंचन के दौरान कलाकारों का संवाद हुआ। रावण का भाई अहिरावण राम-लक्ष्मण को धोखे से अपहरण कर पाताल लोक ले जाता है। देवी दरबार में राम-लक्ष्मण की बलि देने लगता तो हनुमान मौके पर पहुंचकर अहिरावण का वध कर देते हैं। राम और रावण के बीच हुए भयंकर युद्ध हुआ। श्रीराम ने रावण की नाभि में तीर मारकर अमृत सुखा दिया और रावण का वध किया। श्री धार्मिक रामलीला में प्रधान दीपक शर्मा, डायरेक्टर नरेश शर्मा, तरूण गुप्ता, पुष्पेंद्र कुमार, नेतराम, अरुण धामा, जतिन, श्रीबालाजी रामलीला में अध्यक्ष नितिन जैन, डायरेक्टर राजेश शर्मा मौजूद रहे।