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कच्चे मकान में रह रहे कृष्ण को नहीं मिला घर

Fri, 22 Nov 2019 12:36 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 22 Nov 2019 12:36 AM IST
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kacche makan mein rahakar nahin mil raha ghar
कच्चे मकान में रह रहे कृष्ण को नहीं मिला घर
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बिनौली (बागपत)। केंद्र व प्रदेश सरकार के प्रयासों एवं दावों के विपरीत सरकारी अमले की मनमानी के चलते जौहड़ी गांव के दशकों से कच्चे मकान में रह रहे कृष्ण को मकान नसीब नहीं हो रहा है।

बड़ौत ब्लाक के जौहड़ी गांव के कृष्ण प्रजापति पुत्र परसराम का ग्राउंड सर्वे के बाद वर्ष 2015-16 में लोहिया ग्रामीण आवास योजना के लिए जनपद स्तर पर बनी पात्रता सूची में भी नाम शामिल हुआ। इसके बाद फिर वर्ष 2018 में बनी सूची में भी नाम शामिल हुआ, लेकिन फिर भी आज तक उसका आवास नहीं बना। कृष्ण का गांव में कच्चा मकान है। इसमें वह अपनी पत्नी मीरा व पांच बच्चों सहित पिछले करीब तीन दशक से रहते हैं। अधिक बरसात होने पर वह पास में स्थित अपने चाचा पूरण के मकान में शरण लेने को मजबूर होता है। मजदूरी कर परिवार की गुजर बशर करने वाले कृष्ण का श्रमिक कार्ड भी बना है, लेकिन इसके बाद भी सरकारी नुमाइंदों को इसका आशियाना बनवाने के लिए कोई रुचि नहीं है। कृष्ण अपना आशियाना बनवाने के लिए ग्राम पंचायत सचिव, बीडीओ से लेकर जनपद स्तर के अधिकारियों के दफ्तरों के चक्कर लगा रहा है। प्रदेश के मुख्यमंत्री से भी वह इस बाबत गुहार लगा चुका है, लेकिन अब आस टूटने लगी है। इस संबंध में बीडीओ बड़ौत राहुल वर्मा ने कहा सर्वे कराकर पात्रों के नाम केंद्र सरकार को भेजे हैं। धनराशि मिलते ही आवास बनवाए जाएंगे। कृष्ण पात्र है तो उसका भी आवास बनवाया जाएगा।
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