{"_id":"5f19d0448ebc3e63ce2496fb","slug":"jcb-went-on-a-rampage-and-the-families-were-adamant-baghpat-news-mrt492708586","type":"story","status":"publish","title_hn":"आशियाने पर चली जेसीबी तो अड़ गए परिवार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आशियाने पर चली जेसीबी तो अड़ गए परिवार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
तीन घंटे तक रही गहमागहमी, मुआवजा मांगा
अमर उजाला ब्यूरो
बागपत। काठा गांव में पांच घरों पर जेसीबी चली तो परिवारों ने सामने आकर विरोध किया। मशीन के सामने खड़े हो गए। दोबारा पैमाइश कराई गई। पीड़ित परिवारों का कहना है कि उन्हें मुआवजा नहीं मिला है, इसलिए घर भी नहीं तोड़े जाने चाहिए।
बृहस्पतिवार को सुबह करीब 11 बजे पुलिस प्रशासन की टीम काठा गांव पहुंच गई। चिह्नित किए गए घरों में मौजूद लोगों से घर छोड़ने के लिए कहा। इसके बाद विरोध शुरू हो गया। तीन घंटे तक हंगामे की स्थिति बन गई। शिव चरण शर्मा, छोटे लाल शर्मा की मांग पर दोबारा पैमाइश कराई गई। चिह्नित किए गए घरों के अंदर तक निशान लगे। करीब तीन घंटे बाद जेसीबी चली तो परिवारों ने अपना सामान समेटना शुरू कर दिया। पीड़ित परिवारों ने कहा कि उन्हें मुआवजा नहीं मिला है, इसलिए घर तोड़ने का अधिकार भी नहीं है। उनके घर आबादी क्षेत्र में है।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
बागपत। काठा गांव में पांच घरों पर जेसीबी चली तो परिवारों ने सामने आकर विरोध किया। मशीन के सामने खड़े हो गए। दोबारा पैमाइश कराई गई। पीड़ित परिवारों का कहना है कि उन्हें मुआवजा नहीं मिला है, इसलिए घर भी नहीं तोड़े जाने चाहिए।
बृहस्पतिवार को सुबह करीब 11 बजे पुलिस प्रशासन की टीम काठा गांव पहुंच गई। चिह्नित किए गए घरों में मौजूद लोगों से घर छोड़ने के लिए कहा। इसके बाद विरोध शुरू हो गया। तीन घंटे तक हंगामे की स्थिति बन गई। शिव चरण शर्मा, छोटे लाल शर्मा की मांग पर दोबारा पैमाइश कराई गई। चिह्नित किए गए घरों के अंदर तक निशान लगे। करीब तीन घंटे बाद जेसीबी चली तो परिवारों ने अपना सामान समेटना शुरू कर दिया। पीड़ित परिवारों ने कहा कि उन्हें मुआवजा नहीं मिला है, इसलिए घर तोड़ने का अधिकार भी नहीं है। उनके घर आबादी क्षेत्र में है।
विज्ञापन