{"_id":"62434b573af5506c06390d4b","slug":"first-got-the-family-vaccinated-then-woke-up-the-locality-baghpat-news-mrt582355315","type":"story","status":"publish","title_hn":"पहले परिवार को टीका लगवाया, फिर मोहल्ले में अभियान चलवाया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पहले परिवार को टीका लगवाया, फिर मोहल्ले में अभियान चलवाया
विज्ञापन
बागपत के मुगलपुरा मोहल्ले में वैक्सीन लगवाने के बाद परिवार के साथ कार्ड दिखाते शराफत
- फोटो : BAGHPAT
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत। कोरोना रोधी टीका लगाने की जब शुरूआत हुई तो इसका कुछ जगह विरोध हुआ। ऐसे भी परिवार आगे आए, जिन्होंने पहले अपने पूरे परिवार को टीका लगवाया और फिर मोहल्ले में अभियान चलवाया। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी खुद मानते हैं कि कई जगह टीका लगवाने के लिए लोग आगे नहीं आ रहे थे। वे विरोध कर रहे थे। वहां कुछ परिवारों के सहयोग से टीकाकरण संभव हो सका है।
जब कोरोना रोधी टीका लगाने की शुरूआत हुई तो मुगलपुरा मोहल्ले में सबसे ज्यादा परेशानी हुई। वहां टीका लगवाने के लिए कोई आगे नहीं आया। स्वास्थ्य विभाग की टीम को विरोध तक झेलना पड़ा। ऐसे में वहां रहने वाले सरताज ने सबसे पहले अपने परिवार को टीका लगवाने की पहल की तथा अपनी पत्नी सुल्ताना, बेटा रियाज व रिहान को टीका लगवाया। अपने परिवार को ही टीका नहीं लगवाया, बल्कि मोहल्ले में जागरूकता अभियान चलाते हुए लोगों को बताया कि टीका लगवाने पर कोरोना संक्रमण से बचाव होगा। इसके बाद वहां सभी परिवारों ने टीका लगवाया और टीकाकरण को लेकर सभी संदेह दूर हो चुके हैं, जिससे लोग काफी रुचि टीकाकरण में दिखा रहे हैं।
जहां सबसे ज्यादा संक्रमण हुआ
भजन विहार में कोरोना संक्रमण सबसे ज्यादा फैला तथा दूसरी लहर में हालात काफी खराब हो गए थे। इसके बाद लोगों में टीकाकरण को लेकर इस तरह होड़ मची कि सभी ने अस्पताल में जाकर टीका लगवाया। ऐसे ही टीकाकरण लगवाने वाले अनिल यादव, उनकी पत्नी ममता यादव, बच्चे खुशबू व विक्रांत ने बताया कि टीका लगवाकर ऐसा महसूस होता है कि उनको कोरोना से बचाव का सुरक्षा कवच मिला है।
विज्ञापन
हमारे परिवार के सभी सदस्यों को लगा टीका
गौरीपुर गांव की काजल के परिवार में पिता विक्रम सिंह, माता सुनीता व दो भाई हैं। काजल बताती हैं कि उनके परिवार में सभी ने कोरोना रोधी टीका लगवाया है। सरकार के टीका लगाने की शुरूआत करने के बाद सभी ने अस्पताल में जाकर टीका लगवाया। इस तरह ही नेहा के परिवार में पिता हरवीर सिंह, माता संगीता, दो भाई को टीका लग चुका है। नेहा बताती हैं कि टीके से कोरोना संक्रमण से बचा जा सकता है।
विज्ञापन
जब कोरोना रोधी टीका लगाने की शुरूआत हुई तो मुगलपुरा मोहल्ले में सबसे ज्यादा परेशानी हुई। वहां टीका लगवाने के लिए कोई आगे नहीं आया। स्वास्थ्य विभाग की टीम को विरोध तक झेलना पड़ा। ऐसे में वहां रहने वाले सरताज ने सबसे पहले अपने परिवार को टीका लगवाने की पहल की तथा अपनी पत्नी सुल्ताना, बेटा रियाज व रिहान को टीका लगवाया। अपने परिवार को ही टीका नहीं लगवाया, बल्कि मोहल्ले में जागरूकता अभियान चलाते हुए लोगों को बताया कि टीका लगवाने पर कोरोना संक्रमण से बचाव होगा। इसके बाद वहां सभी परिवारों ने टीका लगवाया और टीकाकरण को लेकर सभी संदेह दूर हो चुके हैं, जिससे लोग काफी रुचि टीकाकरण में दिखा रहे हैं।
विज्ञापन
जहां सबसे ज्यादा संक्रमण हुआ
भजन विहार में कोरोना संक्रमण सबसे ज्यादा फैला तथा दूसरी लहर में हालात काफी खराब हो गए थे। इसके बाद लोगों में टीकाकरण को लेकर इस तरह होड़ मची कि सभी ने अस्पताल में जाकर टीका लगवाया। ऐसे ही टीकाकरण लगवाने वाले अनिल यादव, उनकी पत्नी ममता यादव, बच्चे खुशबू व विक्रांत ने बताया कि टीका लगवाकर ऐसा महसूस होता है कि उनको कोरोना से बचाव का सुरक्षा कवच मिला है।
विज्ञापन
हमारे परिवार के सभी सदस्यों को लगा टीका
गौरीपुर गांव की काजल के परिवार में पिता विक्रम सिंह, माता सुनीता व दो भाई हैं। काजल बताती हैं कि उनके परिवार में सभी ने कोरोना रोधी टीका लगवाया है। सरकार के टीका लगाने की शुरूआत करने के बाद सभी ने अस्पताल में जाकर टीका लगवाया। इस तरह ही नेहा के परिवार में पिता हरवीर सिंह, माता संगीता, दो भाई को टीका लग चुका है। नेहा बताती हैं कि टीके से कोरोना संक्रमण से बचा जा सकता है।

काजल- फोटो : BAGHPAT

नेहा- फोटो : BAGHPAT