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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   'Farmers get reasonable prices, education to daughters'

‘किसानों को वाजिब दाम मिले, बेटियों को शिक्षाÓ’

Mon, 10 Apr 2017 12:46 AM IST
अमर उजाला / ब्यूरो/ बागपत
अमर उजाला / ब्यूरो/ बागपत Updated Mon, 10 Apr 2017 12:46 AM IST
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बागपत। खेती-किसानी से पहले व्यापार और फिर राजनीति में आए सहेंद्र सिंह रमाला पहली बार विधानसभा पहुंचे हैं। पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह की कर्मस्थली रहे छपरौली क्षेत्र के विकास का वह तानाबाना बुन रहे हैं। कहते हैं कि जिस मकसद के लिए राजनीति में आए, अब उसे पूरा करने की शुरूआत करेंगे। कानून व्यवस्था, बेटियों की शिक्षा और फसलों के वाजिब दाम किसानों को हर हाल में मिलने ही चाहिए। रालोद के विधायक भाजपा सरकार की कर्ज माफी पर सवाल उठाते हैं। प्रस्तुत हैं सहेंद्र सिंह से अमर उजाला की बातचीत के अंश....
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सवाल : भाजपा सरकार की ओर से की गई कर्ज माफी पर आपकी क्या प्रतिक्रिया है।
जवाब: भाजपा कर्ज माफी को प्रसिद्धि पाने के लिए इस्तेमाल कर रही है। चुनाव में एलान किया था लघु और सीमांत किसानों की कर्ज माफी करेंगे, लेकिन अब कर्ज माफी में शर्तें जोड़ दी गई। चुनाव में तो किसी शर्त का जिक्र नहीं था। अब भाजपा की नीयत में खोट    नजर आ रहा है। 
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सवाल : बीजेपी सरकार बनने से क्या कानून व्यवस्था सुधरी है।
जवाब : रोज हत्याएं हो रही है। लूट हो रही हैं। बेटियां सुरक्षित नहीं है। लोग डर डरकर घर से बाहर निकलते हैं। पुलिस पर भरोसा नहीं है, ऐसे में कैसे कह सकते हैं कि कानून व्यवस्था में सुधार हुआ है। हालात पहले जैसे ही हैं। सुधार के नाम पर सिर्फ  वाहन चेकिंग होती है, आम लोगों को परेशान किया जाता है। 
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सवाल: किसानों की सबसे बड़ी समस्या आपको क्या लगती है।
जवाब: फसलों का वाजिब दाम नहीं मिलना। किसान से पूछिए फसल को तैयार करने में लागत, मेहनत के बात उसे क्या हासिल होता है। किसान के हाथ खाली है, सिर्फ खेती के भरोसे रहने वाले किसानों की आर्थिक स्थिति खराब होती जा रही है। ऐसे में किसान को खेती से जोड़े रखने के लिए उनकी फसल का वाजिब दाम दिलाना होगा। इसके लिए वह खुद भी मुख्यमंत्री और अन्य मंत्रियों से मिलकर क्षेत्र के किसानों का पक्ष रखेंगे।
सवाल: देहात में बालिका शिक्षा में सुधार के लिए क्या करेंगे।
जवाब: छपरौली क्षेत्र में सरकार से महिला महाविद्यालय खुलवाने की मांग की है। ताकि बेटियों को कम से कम सफर करना पड़े। अपने घर के नजदीक ही उच्च शिक्षा हासिल हो सके। अभिभावकों को भी इससे राहत मिलेगी, क्योंकि मां-बाप के लिए बेटी की सुरक्षा भी एक चिंता है। इसलिए इस क्षेत्र में सबसे ज्यादा काम करने की जरूरत है।

सवाल: बागपत की अन्य किन समस्याओं के समाधान की जरूरत है।
जवाब: दिल्ली-यमुनौत्री हाईवे का सरकार प्राथमिकता के साथ बनाए, इससे चार जिलों के लोगों को लाभ होगा। युवाओं के लिए रोजगार के विकल्प खुलने चाहिए। युवा बेरोजगार हैं। चीनी मिलें समय पर भुगतान करें, परिवहन की व्यवस्था, सड़कें, चौगामा क्षेत्र में पेयजल की समस्या, दो पुल नदियों पर बनने चाहिए। अन्य समस्याएं भी दूर कराएंगे।
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