फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   Difficult to cut the inside of your body - Jain monk

अपने अंदर अहम के टुकड़े करना सबसे कठिन : जैन मुनि

Thu, 09 Jan 2020 12:09 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 09 Jan 2020 12:09 AM IST
विज्ञापन
Difficult to cut the inside of your body - Jain monk
बड़ौत (बागपत)। उपाध्याय गुप्ति सागर महाराज ने कहा कि सबसे कठिन है, अपने अंदर अहम के टुकड़े करना, क्योंकि अहम ने तो रावण को भी मौत की शैय्या पर लेटा दिया ।
विज्ञापन

वे बुधवार को दिगंबर जैन अतिथि भवन में धर्मसभा में बोल रहे थे। धर्मसभा का शुभारंभ मंगलाचरण से किया। उपाध्याय श्री ने कहा कागज के टुकड़े करना सरल है, कपड़े़ के उससे कुछ कठिन, लोहे या लकड़ी के उस से भी ज्यादा कठिन। दुनिया में अगर सबसे ज्यादा कठिन अपने मन में रह रहे अहम के टुकडे़ करना होता है, जिसने भी अपने अहम के टुकड़े कर दिए, वह अर्हम बन सकता है, उसको अर्हम बनने से कोई नहीं रोक सकता। अहम के कारण ही रावण का पतन हो गया, उसका सर्वनाश हो गया, इसीलिए ताकत के रुपये के अहम में चूर होकर कभी साधु संतों और किसी भी संसारी प्राणी का अपमान नहीं करना, सबका सम्मान करना सबसे मधुर व्यवहार करना, क्योंकि जब जीर्ण शीर्ण अवस्था में मृत्यु शैय्या पर पड़े होंगे, तब ना ताकत काम आएगी, न ही रुपये, इसीलिए अपने मन से अहम का त्याग करो, धर्म करो, क्योंकि जिसने अपने अहम का त्याग कर दिया, उसका समाज में देश में नाम और सम्मान होता है। सभा का संचालन अमित जैन ने किया। इसमें पंकज जैन अजय, अनिल सुख माल, दिनेश, राज कुमार, सिद्धार्थ, आदिश, कृष्णा, अंजू, शालिनी, मोनिका, दीपा आदि भक्त शामिल रहे। सांय कालीन गुरु भक्ति में अनुज जैन पारस, संदीप, टी सी आदि ने संगीत की मधुर स्वर लहरियों के साथ गुरु वंदना की।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed