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अमीनगर सराय में बाइकर्स ने रुपये नहीं मिले तो रिटायर फौजी को गोली मारी, मौत
ब्यूरो/अमर उजाला, अमीनगर सराय
Updated Sat, 08 Oct 2016 04:11 PM IST
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पुलिसकर्मियों और खिंदौड़ा के लोगों के बीच होती नोकझोंक ।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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कस्बे की पंजाब नेशनल बैंक की शाखा से रुपये निकालकर अपने घर खिंदौड़ा गांव लौट रहे रिटायर फौजी महेंद्र सिंह (70) की बाइक सवार तीन बदमाशों ने लूट का विरोध करने पर गोली मारकर हत्या कर दी। साथी सेवानिवृत्त फौजी विक्रम पर भी बदमाशों ने गोली चलाई। वे गोली लगने से बाल-बाल बच गए। घटना से गुस्साए लोगों ने जमकर हंगामा किया। पुलिस से लोगों की हाथापाई हुई। एसपी पूनम ने लोगों को समझाबुझाकर शांत किया।
सिंघावली अहीर थाना क्षेत्र के गांव खिंदौड़ा निवासी महेंद्र सिंह, रिटायर फौजी थे। वे अपने दो बेटों दिनेश और पीतम के साथ मेरठ में टीपी नगर थानाक्षेत्र के दिनेश विहार में रहते थे। शुक्रवार को बेटे दिनेश के साथ कस्बा अमीनगर सराय की पीएनबी शाखा में पहुंचे। उन्होंने बैंक से 45 हजार रुपये निकलकर दिनेश को दे दिए थे। दिनेश मेरठ चला गया। बैंक में ही उनको गांव के ही रिटायर फौजी विक्रम सिंह मिले।
महेंद्र सिंह अपने साथी विक्रम की बाइक पर गांव के लिए चल दिए। खिंदौड़ा नहर वाले रास्ते पर पीछे से बाइक सवार तीन बदमाशों ने उनकी बाइक को रुकवा लिया। दो बदमाशों ने पिस्टल सटाते हुए महेंद्र से कहा कि जो रुपये बैंक से निकलाकर लाया है वह देे, महेंद्र ने कहा पैसे तो बेटा दिनेश लेकर चला गया है।
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यह सुनते ही एक बदमाश ने उनके सीने में गोली मार दी। उनकी मौके पर ही मौत हो गई। उसके बाद विक्रम को पैसे देने के लिए बोला, विक्रम ने अपनी जेब से आठ हजार रुपये निकालकर दे दिए। उसके बाद बदमाश ने विक्रम पर फायर किया। वे बाल-बाल बच गए। बदमाश फायरिंग करते हुए फरार हो गए।
घटना के बाद मौके पर काफी लोग इकट्ठे हो गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने वहां से गोली का खोखा बरामद किया तथा शव को कब्जे में लेने का प्रयास किया, लेकिन लोगों ने शव को नहीं उठाने दिया। इस दौरान पुलिस की लोगों से नोकझोंक हुई।
मौके पर उच्चाधिकारियों के नहीं पहुंचने पर गुस्साए लोग शव को ट्रैक्टर में रखकर बागपत-मेरठ मार्ग पर जाम लगाने के लिए चल दिए। पुलिस अफसरों ने उनको रोकने की कोशिश की तो लोगों की पुलिस से हाथापाई भी हुई। लोगों ने पुलिस को जमकर खरी-खोटी सुनाई।
एसपी पूनम ने कस्बा अमीनगर सराय में पहुंचकर लोगों को समझाबुझाकर शांत किया और बदमाशों को जल्द गिरफ्तार कर केस का खुलासा करने का आश्वासन दिया। लोगों ने खिंदौड़ा मार्ग पर नाग देवता मंदिर के पास पुलिस चौकी बनवाने की मांग की।
एएसपी के गले लगकर फूट-फूटकर रोए परिजन
अमीनगर सराय। घटना से दुखी परिजन एएसपी अजीजुल हक के गले लगकर फूट-फूटकर रोए। एएसपी ने आश्वासन दिया कि बदमाशों को बख्शा नहीं जाएगा। उनको कड़ी सजा दी जाएगी। उधर, महेंद्र के चार बेटे है। बड़ा बेटा जितेंद्र खिंदौड़ा गांव में खेती करता है। सतेंद्र सोनीपत, दिनेश व पीतम सिंह मेरठ में रहते हैं। घटना से परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
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सिंघावली अहीर थाना क्षेत्र के गांव खिंदौड़ा निवासी महेंद्र सिंह, रिटायर फौजी थे। वे अपने दो बेटों दिनेश और पीतम के साथ मेरठ में टीपी नगर थानाक्षेत्र के दिनेश विहार में रहते थे। शुक्रवार को बेटे दिनेश के साथ कस्बा अमीनगर सराय की पीएनबी शाखा में पहुंचे। उन्होंने बैंक से 45 हजार रुपये निकलकर दिनेश को दे दिए थे। दिनेश मेरठ चला गया। बैंक में ही उनको गांव के ही रिटायर फौजी विक्रम सिंह मिले।
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महेंद्र सिंह अपने साथी विक्रम की बाइक पर गांव के लिए चल दिए। खिंदौड़ा नहर वाले रास्ते पर पीछे से बाइक सवार तीन बदमाशों ने उनकी बाइक को रुकवा लिया। दो बदमाशों ने पिस्टल सटाते हुए महेंद्र से कहा कि जो रुपये बैंक से निकलाकर लाया है वह देे, महेंद्र ने कहा पैसे तो बेटा दिनेश लेकर चला गया है।
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यह सुनते ही एक बदमाश ने उनके सीने में गोली मार दी। उनकी मौके पर ही मौत हो गई। उसके बाद विक्रम को पैसे देने के लिए बोला, विक्रम ने अपनी जेब से आठ हजार रुपये निकालकर दे दिए। उसके बाद बदमाश ने विक्रम पर फायर किया। वे बाल-बाल बच गए। बदमाश फायरिंग करते हुए फरार हो गए।
घटना के बाद मौके पर काफी लोग इकट्ठे हो गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने वहां से गोली का खोखा बरामद किया तथा शव को कब्जे में लेने का प्रयास किया, लेकिन लोगों ने शव को नहीं उठाने दिया। इस दौरान पुलिस की लोगों से नोकझोंक हुई।
मौके पर उच्चाधिकारियों के नहीं पहुंचने पर गुस्साए लोग शव को ट्रैक्टर में रखकर बागपत-मेरठ मार्ग पर जाम लगाने के लिए चल दिए। पुलिस अफसरों ने उनको रोकने की कोशिश की तो लोगों की पुलिस से हाथापाई भी हुई। लोगों ने पुलिस को जमकर खरी-खोटी सुनाई।
एसपी पूनम ने कस्बा अमीनगर सराय में पहुंचकर लोगों को समझाबुझाकर शांत किया और बदमाशों को जल्द गिरफ्तार कर केस का खुलासा करने का आश्वासन दिया। लोगों ने खिंदौड़ा मार्ग पर नाग देवता मंदिर के पास पुलिस चौकी बनवाने की मांग की।
एएसपी के गले लगकर फूट-फूटकर रोए परिजन
अमीनगर सराय। घटना से दुखी परिजन एएसपी अजीजुल हक के गले लगकर फूट-फूटकर रोए। एएसपी ने आश्वासन दिया कि बदमाशों को बख्शा नहीं जाएगा। उनको कड़ी सजा दी जाएगी। उधर, महेंद्र के चार बेटे है। बड़ा बेटा जितेंद्र खिंदौड़ा गांव में खेती करता है। सतेंद्र सोनीपत, दिनेश व पीतम सिंह मेरठ में रहते हैं। घटना से परिवार में कोहराम मचा हुआ है।