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Baghpat News: विकास भवन में दबती रहीं शिकायतें, पूर्ति विभाग में बढ़ता रहा भ्रष्टाचार

Tue, 02 Jun 2026 01:02 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 02 Jun 2026 01:02 AM IST
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Complaints continued to be stifled at Vikas Bhawan, while corruption in the Supply Department continued to rise.
बागपत। जिला पूर्ति अधिकारी अनूप तिवारी और एआरओ जोगेंद्र के रिश्वत लेते हुए पकड़े जाने के बाद नए खुलासे हो रहे हैं। पूर्ति विभाग के अधिकारियों के खिलाफ विकास भवन में सबसे ज्यादा शिकायतें पहुंचीं और वहां यह शिकायतें दबती रहीं। इन शिकायतों के दबने से पूर्ति विभाग में भ्रष्टाचार बढ़ता रहा।
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पूर्ति विभाग के अधिकारियों के खिलाफ विकास भवन और कलक्ट्रेट दोनों जगह 38 शिकायतें पहुंचीं। इनमें भी विकास भवन में सबसे ज्यादा 24 शिकायतें आईं, मगर एक भी शिकायत में सही से जांच तक नहीं हुई। कागजों में जांच करके सभी शिकायतों का निस्तारण होता रहा। पहले ही शिकायतों की जांच सही से करके कार्रवाई होती तो जिले की साख पर भ्रष्टाचार का इतना बड़ा बट्टा नहीं लगता।
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-खेड़ा इस्लामपुर में फर्जीवाड़ा पकड़ा, कार्रवाई कुछ नहीं की
खेड़ा इस्लामपुर में राशन की दुकान आवंटन कराने के लिए फर्जीवाड़ा करने की शिकायत विकास भवन से लेकर कलक्ट्रेट तक 11 बार हुई। इसमें शुरुआत में आवेदन करने वाले समूह की जांच में फर्जीवाड़ा पकड़ में आ गया। जिस महिला संध्या का नाम फर्जीवाड़ा करके शामिल किया गया था, उसको ही बाद में राशन की दुकान दे दी गई। फर्जीवाड़ा करने वाले अधिकारियों पर कोई कार्रवाई आज तक नहीं की गई।
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-बसौद की 14 शिकायतें हुईं, एक-दूसरे पर टालते रहे अधिकारी
बसौद गांव में शकुंतला पर राशन वितरण में गड़बड़ी का आरोप लगने पर पूर्ति विभाग ने उसकी दुकान को निरस्त कर दिया। वहां दोबारा से दुकान आवंटन की प्रक्रिया शुरू हुई तो शकुंतला के भतीजे विशाल ने आवेदन कर दिया। उसको दुकान देने का प्रस्ताव हुआ तो आठ बार कलक्ट्रेट में शिकायत की गई। छह बार विकास भवन में शिकायत करते हुए हंगामा हुआ। इसके बाद भी जांच के नाम पर खानापूर्ति की गई और अधिकारी एक-दूसरे पर टालते रहे। यह मामला भी फाइलों में दबकर रह गया।

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विकास भवन में यह सभी शिकायतें मुझसे पहले आई थीं। इनमें जांच कराई जाएगी कि आखिर किस स्तर पर कार्रवाई अटकी हुई है। अब दोबारा से शिकायत आती है तो उसके आधार पर जांच कराई जाएगी।-अनिल कुमार सिंह, सीडीओ
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