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निरपुड़ा पहुंचे हथकरघा सहायक आयुक्त
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संवाद न्यूज एजेंसी
दोघट। निरपुड़ा गांव में उपेक्षा का दंश झेल रहे बाड़ा बस्ती के दस्तकारों को अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद सरकारी मदद की कुछ उम्मीद जगी है। हथकरघा विभाग के सहायक आयुक्त सुनील यादव ने बुधवार को गांव में पहुंचकर दस्तकारों को आर्थिक सहायता, मुद्रा लोन आदि दिलाने का आश्वासन दिया है।
निरपुड़ा गांव की बाड़ा बस्ती में करीब 200 परिवार रहते है जो दस्तकारी का काम करते है। मौजूदा समय में यह लोग पायदान बनाते है। पहले यह लोग कंबल, दरी आदि बनाते थे। सरकारी उपेक्षा के कारण इन परिवारों की हालत आर्थिक रूप से खराब होती जा रही है। बस्ती के करीब 15 बच्चे स्कूल जाते है। अन्य सभी बच्चे घरों में परिजनों की पायदान बनाने में मदद करते है। यहां से 200 परिवार से ज्यादा पलायन कर चुके है। वहां की पूरी स्थिति को अमर उजाला ने मंगलवार के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसके बाद हथकरघा विभाग के सहायक आयुक्त सुनील यादव गांव में पहुंचे और उन्होंने दस्तकारों के साथ बैठक की। सहायक आयुक्त ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि वह उनको मुद्रा लोन दिलाएंगे। उनकी बेटियों की शादी में 30-30 हजार रुपये तक की आर्थिक मदद की जाएगी। अन्य मांगों को भी शीघ्र पूरा किया जाएगा। इस दौरान इरशाद, महमूद, मुजीब, जावेद आदि उपस्थित रहे।
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दोघट। निरपुड़ा गांव में उपेक्षा का दंश झेल रहे बाड़ा बस्ती के दस्तकारों को अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद सरकारी मदद की कुछ उम्मीद जगी है। हथकरघा विभाग के सहायक आयुक्त सुनील यादव ने बुधवार को गांव में पहुंचकर दस्तकारों को आर्थिक सहायता, मुद्रा लोन आदि दिलाने का आश्वासन दिया है।
निरपुड़ा गांव की बाड़ा बस्ती में करीब 200 परिवार रहते है जो दस्तकारी का काम करते है। मौजूदा समय में यह लोग पायदान बनाते है। पहले यह लोग कंबल, दरी आदि बनाते थे। सरकारी उपेक्षा के कारण इन परिवारों की हालत आर्थिक रूप से खराब होती जा रही है। बस्ती के करीब 15 बच्चे स्कूल जाते है। अन्य सभी बच्चे घरों में परिजनों की पायदान बनाने में मदद करते है। यहां से 200 परिवार से ज्यादा पलायन कर चुके है। वहां की पूरी स्थिति को अमर उजाला ने मंगलवार के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसके बाद हथकरघा विभाग के सहायक आयुक्त सुनील यादव गांव में पहुंचे और उन्होंने दस्तकारों के साथ बैठक की। सहायक आयुक्त ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि वह उनको मुद्रा लोन दिलाएंगे। उनकी बेटियों की शादी में 30-30 हजार रुपये तक की आर्थिक मदद की जाएगी। अन्य मांगों को भी शीघ्र पूरा किया जाएगा। इस दौरान इरशाद, महमूद, मुजीब, जावेद आदि उपस्थित रहे।
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