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सरौरा में घर-घर जाकर पूछा लोगों का दर्द
ब्यूरो/अमर उजाला, दोघट
Updated Tue, 14 Jun 2016 12:41 AM IST
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सरौरा गांव में ग्रामीणों की समस्याएं सुनते प्रशासनिक अधिकारी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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तवेला गढ़ी गांव के मजरे सरौरा में सोमवार को विभिन्न विभागों के अधिकारी पहुंचे। पेंशन, शौचालय, राशन वितरण की जानकारी ली। ग्रामीणों ने अफसरों को अपनी समस्याएं बताईं।
नायब तहसीलदार नसीम अहमद, कानूनगो कृष्णपाल शर्मा, लेखपाल सहेंद्र, ग्राम सचिव नैन पाल, भूमि संरक्षण विभाग से देवेंद्र शर्मा, जिला समन्वयक नरेंद्र उज्ज्वल ने सोमवार को गांव में पहुंचकर ग्रामीणों की समस्याएं जानीं। इस दौरान ग्राम प्रधान राजीव कुमार भी उनके साथ रहे। जिन घरों में शौचालय नहीं है, उन्हें चिन्हित किया और उनके नाम नोट किए।
प्रशासन की टीम ने पेंशन के बारे में ग्रामीणों से जानकारी ली और जिन पात्र लोगों को पेंशन नहीं मिल रही है, उनके नाम नोट किए। ग्रामीणों ने अधिकारियों को बताया गांव की राशन वितरण समस्या को भी । उन्होंने टीम को बताया उन्हें समय पर राशन नहीं मिलता है। राशन डीलर 40-50 मिनट ही राशन का वितरण करता है और वापस चला जाता है।
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इस कारण बहुत से परिवार राशन से वंछित रह जाते हैं। ग्रामीणों ने बताया गांव के 58 घरों में शौचालय नहीं है। खेतों में नलकूपों के कनेक्शन कुरथल फीडर से जुड़े हैं। इस कारण गांव के नलकूपों को जनपद मुजफ्फरनगर के बुढ़ाना कसबे से विद्युत सप्लाई दी जाती है। उन्होंने गांव के नलकूपों के कनेक्शन तवेला गढ़ी फीडर से जोड़ने की मांग उठाई।
उन्होंने बताया गांव में बंदरों का भी आतंक है। गांव के चारों तरफ वन क्षेत्र में है।
इनमें बंदरों की संख्या बहुत अधिक है। बंदरों ने किसानों का खेतों में भी जाना दूभर कर रखा है। बंदर लोगों पर हमला भी कर रहे हैं। गांव में आकर बच्चों और महिलाओं पर हमला कर देते हैं। जिला समन्वयक नरेंद्र उज्ज्वल ने ग्रामीणों को बताया फिलहाल गांव में 42 घरों में शौचालयों का निर्माण कराया जाएगा। ग्रामीणों की जो भी समस्या है, उसे जन चौपाल में मौजूद अधिकारी मौके पर ही दूर करेंगे।
आज सरौरा में जन चौपाल
तवेला गढ़ी गांव के मजरे सरौरा में मंगलवार को जन चौपाल का आयोजन होगा। इसमें ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान होगा। डीएम हृदय शंकर तिवारी खुद जन चौपाल में मौजूद होंगे। गौरतलब है कि अमर उजाला ने सरौरा गांव की समस्या को प्रमुखता से उठाया था।
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नायब तहसीलदार नसीम अहमद, कानूनगो कृष्णपाल शर्मा, लेखपाल सहेंद्र, ग्राम सचिव नैन पाल, भूमि संरक्षण विभाग से देवेंद्र शर्मा, जिला समन्वयक नरेंद्र उज्ज्वल ने सोमवार को गांव में पहुंचकर ग्रामीणों की समस्याएं जानीं। इस दौरान ग्राम प्रधान राजीव कुमार भी उनके साथ रहे। जिन घरों में शौचालय नहीं है, उन्हें चिन्हित किया और उनके नाम नोट किए।
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प्रशासन की टीम ने पेंशन के बारे में ग्रामीणों से जानकारी ली और जिन पात्र लोगों को पेंशन नहीं मिल रही है, उनके नाम नोट किए। ग्रामीणों ने अधिकारियों को बताया गांव की राशन वितरण समस्या को भी । उन्होंने टीम को बताया उन्हें समय पर राशन नहीं मिलता है। राशन डीलर 40-50 मिनट ही राशन का वितरण करता है और वापस चला जाता है।
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इस कारण बहुत से परिवार राशन से वंछित रह जाते हैं। ग्रामीणों ने बताया गांव के 58 घरों में शौचालय नहीं है। खेतों में नलकूपों के कनेक्शन कुरथल फीडर से जुड़े हैं। इस कारण गांव के नलकूपों को जनपद मुजफ्फरनगर के बुढ़ाना कसबे से विद्युत सप्लाई दी जाती है। उन्होंने गांव के नलकूपों के कनेक्शन तवेला गढ़ी फीडर से जोड़ने की मांग उठाई।
उन्होंने बताया गांव में बंदरों का भी आतंक है। गांव के चारों तरफ वन क्षेत्र में है।
इनमें बंदरों की संख्या बहुत अधिक है। बंदरों ने किसानों का खेतों में भी जाना दूभर कर रखा है। बंदर लोगों पर हमला भी कर रहे हैं। गांव में आकर बच्चों और महिलाओं पर हमला कर देते हैं। जिला समन्वयक नरेंद्र उज्ज्वल ने ग्रामीणों को बताया फिलहाल गांव में 42 घरों में शौचालयों का निर्माण कराया जाएगा। ग्रामीणों की जो भी समस्या है, उसे जन चौपाल में मौजूद अधिकारी मौके पर ही दूर करेंगे।
आज सरौरा में जन चौपाल
तवेला गढ़ी गांव के मजरे सरौरा में मंगलवार को जन चौपाल का आयोजन होगा। इसमें ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान होगा। डीएम हृदय शंकर तिवारी खुद जन चौपाल में मौजूद होंगे। गौरतलब है कि अमर उजाला ने सरौरा गांव की समस्या को प्रमुखता से उठाया था।