{"_id":"571925084f1c1baa208b4aea","slug":"amazon-girl-launched-the-campaign-to-save-the-river-and-the-environment","type":"story","status":"publish","title_hn":"जल वीरांगना ने शुरू की नदी और पर्यावरण बचाओ मुहिम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जल वीरांगना ने शुरू की नदी और पर्यावरण बचाओ मुहिम
ब्यूरो/अमर उजाला, बागपत
Updated Fri, 22 Apr 2016 12:37 AM IST
विज्ञापन
छात्रा मनस्संज्ञिनी।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत के बड़ौत में हिंडन नदी पुनर्जीवन योजना की ब्रांड एंबेसडर बनी बड़ौत की बेटी मनस्संज्ञिनी ने अपनी नदी और पर्यावरण बचाओ मुहिम को आगे बढ़ा अब देश के सर्वोच्च पदों पर बैठे लोगों को अपील के रूप में पत्र लिखा।
मनस्संज्ञिनी ने देश के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, उच्चतम न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश और सभी मुख्य पार्टियों के अध्यक्षों को इस अपील में लिखा है कि वे हमारी नदियां, तालाब और कुएं हमें उसी हालत में लौटा देने की कृपा करें, जिस हालत में महात्मा गांधी ने हमें आजादी के समय दिए थे।
इस बेटी ने जो, खुद को जल वीरांगना कहलाना पसंद करती है, इन सभी बड़े नेताओं और सम्मानित व्यक्तियों को यह वादा भी किया है कि यदि वे ऐसा करते हैं तो वह गांव-गांव जाकर बच्चों और बड़ों को इस अभियान में शामिल करेगी और वे सब उसके साथ मिलकर भविष्य में अपनी नदियों और तालाबों की रक्षा स्वयं करेंगे।
विज्ञापन
मनस्संज्ञिनी ने पत्रकारों को बताया देश भर में जल संकट है और हमारे किसान भी सूखे से मुश्किल में हैं। उसने देश के बड़े-बड़े लोगों को यह अपील की है कि वे इस भयानक समस्या से देश को निकालने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं और वह देश के आम जनों को इस समस्या से जोड़ने की मुुहिम चलाएगी।
उन्होंने बताया उसे अब दिल्ली और अन्य क्षेत्रों के स्कूलों से भी निमंत्रण आने लगे हैं कि वह वहां के बच्चों को संबोधित करें और उन्हें पर्यावरण और जल संकट के प्रति जागरूक करें। उन्होंने इस संबंध में अपना पहला संबोधित गुड़गांव के रिवली स्कूल में 20 अप्रैल को पृथ्वी दिवस के उपलक्ष्य में किया। मनस्संज्ञिनी स्कूली बच्चों और क्षेत्र के गांव-गांव जाकर बच्चों के समूहों को इकट्ठा करेगी और उन्हें लेकर पांच मई को दिल्ली कूच करगी। वहां जंतर-मंतर पर ये सैकड़ों बच्चे देश के अग्रणी नेताओं तक अपनी बात पहुंचाएंगे।
विज्ञापन
मनस्संज्ञिनी ने देश के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, उच्चतम न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश और सभी मुख्य पार्टियों के अध्यक्षों को इस अपील में लिखा है कि वे हमारी नदियां, तालाब और कुएं हमें उसी हालत में लौटा देने की कृपा करें, जिस हालत में महात्मा गांधी ने हमें आजादी के समय दिए थे।
विज्ञापन
इस बेटी ने जो, खुद को जल वीरांगना कहलाना पसंद करती है, इन सभी बड़े नेताओं और सम्मानित व्यक्तियों को यह वादा भी किया है कि यदि वे ऐसा करते हैं तो वह गांव-गांव जाकर बच्चों और बड़ों को इस अभियान में शामिल करेगी और वे सब उसके साथ मिलकर भविष्य में अपनी नदियों और तालाबों की रक्षा स्वयं करेंगे।
विज्ञापन
मनस्संज्ञिनी ने पत्रकारों को बताया देश भर में जल संकट है और हमारे किसान भी सूखे से मुश्किल में हैं। उसने देश के बड़े-बड़े लोगों को यह अपील की है कि वे इस भयानक समस्या से देश को निकालने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं और वह देश के आम जनों को इस समस्या से जोड़ने की मुुहिम चलाएगी।
उन्होंने बताया उसे अब दिल्ली और अन्य क्षेत्रों के स्कूलों से भी निमंत्रण आने लगे हैं कि वह वहां के बच्चों को संबोधित करें और उन्हें पर्यावरण और जल संकट के प्रति जागरूक करें। उन्होंने इस संबंध में अपना पहला संबोधित गुड़गांव के रिवली स्कूल में 20 अप्रैल को पृथ्वी दिवस के उपलक्ष्य में किया। मनस्संज्ञिनी स्कूली बच्चों और क्षेत्र के गांव-गांव जाकर बच्चों के समूहों को इकट्ठा करेगी और उन्हें लेकर पांच मई को दिल्ली कूच करगी। वहां जंतर-मंतर पर ये सैकड़ों बच्चे देश के अग्रणी नेताओं तक अपनी बात पहुंचाएंगे।