{"_id":"5af9ea544f1c1b195e8b4842","slug":"191526327892-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चारण के साथ 60 अर्घ्य चढाये","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चारण के साथ 60 अर्घ्य चढाये
Updated Tue, 15 May 2018 01:28 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चारण के साथ 60 अर्घ्य चढ़ाए
बिनौली (बागपत)। बरनावा के ज्ञान सागर गुरुकुल में सोमवार को सर्वतोभद्र महामंडल विधान शुरू हुआ। इसमें श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चारण के साथ 60 अर्घ्य चढ़ाए।
विधान का शुभारंभ सौधर्म इंद्र बजाज परिवार आगरा के देवेंद्र जैन ने ध्वजारोहण के साथ किया। इसके बाद डॉ. श्रेयांश जैन के निर्देशन में विधानाचार्य ब्रहमचारी संतोष जैन ने त्रिलोक्य भवनवासी जिनालय, असुर कुमार जिनालय, नाग कुमार देव जिनालय, संपूर्ण कुमार जिनालय पूजा सहित विधान की क्रियाएं कराई। अशोक जैन, राज कुमार जैन, योगेंद्र जैन, प्रभात जैन ने मंडप प्रतिष्ठा की। ब्रह्मचारी अतुल भैया ने दीप जलाया तथा इंद्र प्रतिष्ठा और सकलीकरण की क्रिया कराई। इसके बाद श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चारण के साथ अर्घ्य चढ़ाए।
इस अवसर पर जैन संत एलाचार्य प्रभावना भूषण ने कहा कि परमात्मा की सच्चे मन से भक्ति करने वाले मनुष्य को जीवन में सुख और शांति मिलती है। सत्य अहिंसा और संयम को धारण करने वाले को मोक्ष मुक्ति मिलती है। रात्रि में भक्ति संध्या का आयोजन हुआ। इसमें कलाकारों ने भक्ति से ओतप्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। इसमें रतन देवी जैन, उषा जैन, पिंकी, चांदनी जैन, निर्मला जैन, श्रवण जैन, गौतम चंद, राकेश जैन, ममता जैन, मनोज, संकल्प जैन, मुकेश, पूनम जैन आदि ने भाग लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
बिनौली (बागपत)। बरनावा के ज्ञान सागर गुरुकुल में सोमवार को सर्वतोभद्र महामंडल विधान शुरू हुआ। इसमें श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चारण के साथ 60 अर्घ्य चढ़ाए।
विधान का शुभारंभ सौधर्म इंद्र बजाज परिवार आगरा के देवेंद्र जैन ने ध्वजारोहण के साथ किया। इसके बाद डॉ. श्रेयांश जैन के निर्देशन में विधानाचार्य ब्रहमचारी संतोष जैन ने त्रिलोक्य भवनवासी जिनालय, असुर कुमार जिनालय, नाग कुमार देव जिनालय, संपूर्ण कुमार जिनालय पूजा सहित विधान की क्रियाएं कराई। अशोक जैन, राज कुमार जैन, योगेंद्र जैन, प्रभात जैन ने मंडप प्रतिष्ठा की। ब्रह्मचारी अतुल भैया ने दीप जलाया तथा इंद्र प्रतिष्ठा और सकलीकरण की क्रिया कराई। इसके बाद श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चारण के साथ अर्घ्य चढ़ाए।
विज्ञापन
इस अवसर पर जैन संत एलाचार्य प्रभावना भूषण ने कहा कि परमात्मा की सच्चे मन से भक्ति करने वाले मनुष्य को जीवन में सुख और शांति मिलती है। सत्य अहिंसा और संयम को धारण करने वाले को मोक्ष मुक्ति मिलती है। रात्रि में भक्ति संध्या का आयोजन हुआ। इसमें कलाकारों ने भक्ति से ओतप्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। इसमें रतन देवी जैन, उषा जैन, पिंकी, चांदनी जैन, निर्मला जैन, श्रवण जैन, गौतम चंद, राकेश जैन, ममता जैन, मनोज, संकल्प जैन, मुकेश, पूनम जैन आदि ने भाग लिया।
विज्ञापन