{"_id":"5c325149bdec2256dc68c3bd","slug":"171546801481-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिले में अभी भी 45 हजार बच्चे टीकाकरण से वंचित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिले में अभी भी 45 हजार बच्चे टीकाकरण से वंचित
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत। जिले में 10 से 15 वर्ष तक के 45 हजार बच्चे मिजिल्स रुबेला टीकाकरण से वंचित हैं। धर्मगुरु लोगों को टीकाकरण के लिए जागरूक करेंगे, स्वास्थ्य विभाग के साथ पहुंचकर टीके लगवाने में मदद करेंगे।
जिले में करीब पांच लाख नौ माह के बच्चे से लेकर 15 वर्ष के किशोर तक मिजिल्स रुबेला का टीकाकरण का लक्ष्य निर्धारित किया। 4.50 लाख को स्वास्थ्य विभाग ने स्कूलों में कैंप लगाकर और जनसमुदाय के बीच पहुंचकर टीकाकरण कर चुके हैं। करीब 50 हजार बच्चे टीकाकरण से वंचित रह गए थे, कारण है अंधविश्वास। वर्ग विशेष के लोग सबसे ज्यादा इसका विरोध कर रहे है। एसीएमओ डॉ. नीरज त्यागी ने बताया कि धर्मगुरुओं से सहयोग लेते हुए चार और पांच जनवरी को करीब पांच हजार बच्चों को टीकाकरण किया। अभी भी लगभग 45 हजार बच्चे इससे वंचित है। उन्होंने बताया कि 10 से 15 वर्ष के बीच के ही बच्चे टीकाकरण से छूटे हैं। सोमवार को धर्मगुरुओं के साथ लेकर विरोध करने वाली बस्तियों में टीम पहुंचकर टीकाकरण करेगी। विरोध करने वालों को समझाकर टीके लगाएंगे।
विज्ञापन
जिले में करीब पांच लाख नौ माह के बच्चे से लेकर 15 वर्ष के किशोर तक मिजिल्स रुबेला का टीकाकरण का लक्ष्य निर्धारित किया। 4.50 लाख को स्वास्थ्य विभाग ने स्कूलों में कैंप लगाकर और जनसमुदाय के बीच पहुंचकर टीकाकरण कर चुके हैं। करीब 50 हजार बच्चे टीकाकरण से वंचित रह गए थे, कारण है अंधविश्वास। वर्ग विशेष के लोग सबसे ज्यादा इसका विरोध कर रहे है। एसीएमओ डॉ. नीरज त्यागी ने बताया कि धर्मगुरुओं से सहयोग लेते हुए चार और पांच जनवरी को करीब पांच हजार बच्चों को टीकाकरण किया। अभी भी लगभग 45 हजार बच्चे इससे वंचित है। उन्होंने बताया कि 10 से 15 वर्ष के बीच के ही बच्चे टीकाकरण से छूटे हैं। सोमवार को धर्मगुरुओं के साथ लेकर विरोध करने वाली बस्तियों में टीम पहुंचकर टीकाकरण करेगी। विरोध करने वालों को समझाकर टीके लगाएंगे।
विज्ञापन