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मनुष्य को महान बनाते है उतम संस्कार- सत्यदेव
Updated Mon, 25 Dec 2017 12:22 AM IST
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दोघट (बागपत)। आचार्य सत्यदेव स्वामी ने कहा उत्तम संस्कार मनुष्य को महान बनाते है। मनुष्य को अपना जीवन सफल बनाने के लिए बुरे कर्मों का त्याग करना ही होगा।
योगी गीताराम समाज सेवा समिति के तत्वावधान में मेरठ करनाल नेशनल हाइवे पर स्थित सरोरा नगवा कुटी पर चल रहे यज्ञ में ब्रह्मा आचार्य सत्यदेव स्वामी ने कहा वर्तमान समय में मनुष्य एक दूसरे से आगे निकलने की होड़ की दौड़ में बुरे से बुरा कर्म करने से भी पीछे नहीं हट रहा है। जबकि बुरा कर्म मनुष्य के पतन का कारण बन रहा है। मनुष्य द्वारा किए गए कर्म ही उसकी पहचान बनते हैं। जीवन में उत्तम कर्म करने वाला मनुष्य विद्वानों की श्रेणी में आता है। उन्होंने कहा युवा पीढ़ी को संस्कारवान बनाने की भी जरूरत है। नशाखोरी जैसे दुर्गुणों से युवा पीढ़ी को दूर रखा जाए। इसके बाद समिति की बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए महक सिंह राठी ने कहा गुरुकुलीय शिक्षा मनुष्य को विद्वान बनाती है। गुरुकुल शिक्षा को बढ़ावा देना जरूरी है। इसमें बुद्ध सिंह, बबलू वेदवान, सुनीता, भानु प्रताप, रमेश चौहान, मिंटू वेदवान, डॉ. उपेंद्र, हरिराज, देवेंद्र आर्य आदि रहे।
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योगी गीताराम समाज सेवा समिति के तत्वावधान में मेरठ करनाल नेशनल हाइवे पर स्थित सरोरा नगवा कुटी पर चल रहे यज्ञ में ब्रह्मा आचार्य सत्यदेव स्वामी ने कहा वर्तमान समय में मनुष्य एक दूसरे से आगे निकलने की होड़ की दौड़ में बुरे से बुरा कर्म करने से भी पीछे नहीं हट रहा है। जबकि बुरा कर्म मनुष्य के पतन का कारण बन रहा है। मनुष्य द्वारा किए गए कर्म ही उसकी पहचान बनते हैं। जीवन में उत्तम कर्म करने वाला मनुष्य विद्वानों की श्रेणी में आता है। उन्होंने कहा युवा पीढ़ी को संस्कारवान बनाने की भी जरूरत है। नशाखोरी जैसे दुर्गुणों से युवा पीढ़ी को दूर रखा जाए। इसके बाद समिति की बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए महक सिंह राठी ने कहा गुरुकुलीय शिक्षा मनुष्य को विद्वान बनाती है। गुरुकुल शिक्षा को बढ़ावा देना जरूरी है। इसमें बुद्ध सिंह, बबलू वेदवान, सुनीता, भानु प्रताप, रमेश चौहान, मिंटू वेदवान, डॉ. उपेंद्र, हरिराज, देवेंद्र आर्य आदि रहे।
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