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ऋण माफ होने के बाद भी बैंक ने भेजा नोटिस
Updated Sun, 28 Jan 2018 01:40 AM IST
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दोघट (बागपत)। सरकार के चित्तम खेड़ी गांव के किसान का ऋण माफ करने के बाद भी बैंक ने किसान को नोटिस भेज दिया। इससे परेशान किसान ऋण मोचन प्रमाण पत्र लेकर बैंक अधिकारियों के चक्कर काट रहा है, लेकिन उसकी कोई सुनने वाला नहीं है।
अमर पाल पुत्र सूरजमल चित्तमखेड़ी गांव का रहने वाला है। उसने केनरा बैंक शाखा पुसार से ऋण लिया हुआ था। पिछले दिनों से उप्र सरकार द्वारा लघु एवं सीमांत किसानों के ऋण माफ किए गए थे। फसली ऋण मोचन योजना के अंतर्गत किसान अमरपाल के भी 34367 रुपये माफ किए गए थे और किसान को प्रमाण पत्र भी दिया गया था, लेकिन केनरा बैंक शाखा पुसार ने फिर से किसान को नोटिस भेजकर ऋण जमा कराने को कहा है। किसान का कहना है कि जब सरकार द्वारा उसका ऋण माफ कर दिया गया तो फिर बैंक ने उसे नोटिस कैसे भेज दिया। किसान ऋण मोचन प्रमाण पत्र लेकर बैंक अधिकारियों के चक्कर काट रहा है।
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अमर पाल पुत्र सूरजमल चित्तमखेड़ी गांव का रहने वाला है। उसने केनरा बैंक शाखा पुसार से ऋण लिया हुआ था। पिछले दिनों से उप्र सरकार द्वारा लघु एवं सीमांत किसानों के ऋण माफ किए गए थे। फसली ऋण मोचन योजना के अंतर्गत किसान अमरपाल के भी 34367 रुपये माफ किए गए थे और किसान को प्रमाण पत्र भी दिया गया था, लेकिन केनरा बैंक शाखा पुसार ने फिर से किसान को नोटिस भेजकर ऋण जमा कराने को कहा है। किसान का कहना है कि जब सरकार द्वारा उसका ऋण माफ कर दिया गया तो फिर बैंक ने उसे नोटिस कैसे भेज दिया। किसान ऋण मोचन प्रमाण पत्र लेकर बैंक अधिकारियों के चक्कर काट रहा है।
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