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जलस्तर में कमी जारी, गांगेपुर रिंगबांध के पास हो रही कटान

Sun, 22 Aug 2021 11:26 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 22 Aug 2021 11:26 PM IST
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Water level continues to decrease, erosion is happening near Gangepur ring dam
सगड़ी तहसील के बगहवा में नाव जाते लोग। - फोटो : AZAMGARH
लाटघाट। सगड़ी तहसील के देवरांचल से होकर गुजरने वाली घाघरा नदी के जलस्तर में लगातार कमी दर्ज की जा रही है। जलस्तर घटने के साथ ही नदी की कटान तेज हो गई है। गांगेपुर रिंग बांध के समीप नदी कटान कर रही है। देवारा खास राजा गांव के बगहवा का पुरा के 35 घर कटान के मुहाने पर खड़े हैं।
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सगड़ी क्षेत्र के उत्तरी छोर पर बहने वाली घाघरा नदी के जलस्तर में लगातार कमी दर्ज की जा रही है। घाघरा नदी अपने तटवर्ती क्षेत्रों में कटान को तेज कर दिया है। जिसेसे देवारा वासियों में दहशत व्याप्त है। देवारा खास राजा के बगहवा का पुरा में घाघरा नदी कटान कर रही है। अब तक कुल आठ घरों को इस वर्ष की बाढ़ में घाघरा नदी काट चुकी है। वैसे तो बगहवा का पुरा में 70 घर की आबादी निवास करती है लेकिन 35 घर घाघरा नदी की कटान के मुहाने पर हैं। जिससे ग्रामीणों में दहशत व्याप्त है कटान के भय से कुछ लोग पलायन कर रहे हैं। अपना आशियाना तोड़ कर सारा सामान हटा रहे हैं। झगरहवा का पुरा, बासु का पुरा, साधु का पुरा आदि गांव के पास भी घाघरा नदी आबादी के साथ-साथ खेती योग्य जमीन काट रही है। गांगेपुर रिंग बाध के पास भी घाघरा नदी कटान का दबाव बनाए हुए हैं। जिससे रिंग बंधे के अंदर निवास करने वाले ग्रामीणों में कटान को रोकने के लिए सिंचाई विभाग द्वारा प्रयास जारी है। कटान स्थल पर पत्थर डाला जा रहा है। लेकिन घाघरा नदी कभी इधर तो कभी उधर लगातार कटान कर रही है। परसिया रिंग बंधे को पहले ही घाघरा नदी काट चुकी है शेष बचे रिंग बंधे को रोज काट रही है। कुड़वा रिंग बंधे को भी पहले काट चुकी है बाकी बचे रिंग बंधे को काट रही है।
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मकान और जमीनों की ग्रामीणों ने की मुआवजे की मांग
लाटघाट। पिछले वर्ष 2020 में कटान के भय से बगहवा गांव के रामसिंगार, राज कुमार, विजय कुमार, अशोक कुमार अपना मकान तोड़कर ईट सहित सारा सामान उठा ले गए और दूसरी जगह जाकर बस गए। इस वर्ष इन लोगों की मकान की जमीन कट गई है। जिस पर लोगों ने राहत अनुदान की मांग किया है। क्षेत्रीय लेखपाल पंकज कुमार ने बताया कि यह लोग अपना पक्का मकान तोड़कर और सामान पिछले वर्ष की कटान के पहले उठा ले गए हैं। जिस जमीन पर मकान बना था वह जमीन इस बार कटी है। जिसके बाद इन लोगों को इस वर्ष मकान कटान का राहत अनुदान मांग रहे हैं। तहसीलदार सगड़ी रामानुज शुक्ला ने बताया कि मकान तोड़कर पिछले वर्ष ईंट सहित सारा सामान उठा ले गए हैं केवल इस वर्ष जमीन कटी है जिससे मकान कटने का राहत अनुदान इन लोगों को नहीं मिलेगा।
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घाघरा का जलस्तर
गेज शनिवार रविवार खतरा बिंदु
डिघिया 71.83 70.72 70.40
बदरहुंआ 71.52 71.40 71.68
- अंबुज राय
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