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खनन मामले में अपने ही बयान पर घिरे रमाकांत यादव

Mon, 19 Mar 2018 11:18 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला,आजमगढ़
ब्यूरो,अमर उजाला,आजमगढ़ Updated Mon, 19 Mar 2018 11:18 PM IST
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Ramakant Yadav entangle on his own statement in the mining case
रमाकांत यादव - फोटो : अमर उजाला
प्रतिबंध के बावजूद रविवार को गंभीरपुर थाना क्षेत्र के खराहटी गांव में चारागाह की जमीन से अवैध खनन करते पूर्व सांसद रमाकांत यादव की पोकलैंड मशीन पकड़े जाने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। सरकार के खिलाफ बोलने की वजह से डीएम सहित अन्य अधिकारी मुझे परेशान कर रहे हैं।
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वहीं, खनन विभाग ने दावा किया है कि मिट्टी खनन के लिए सिर्फ गायत्री प्रोजेक्ट को अनुमति दी गई है। उसे भी कहीं ग्राम समाज की किसी जमीन में खनन की अनुमति नहीं दी गई है। इससे पूर्व सांसद अपने बयानों में घिरते नजर आ रहे हैं।
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रविवार को गंभीरपुर थाना क्षेत्र के खराहटी गांव में चारागाह की जमीन से अवैध खनन की शिकायत प्रधान नंदकेश्वर चौहान ने जिला स्तरीय अधिकारियों से की गई थी। सूचना मिलने पर पहुंचे प्रभारी निरीक्षक गंभीरपुर प्रदीप चौधरी ने पूर्व सांसद रमाकांत यादव की पोकलैंड मशीन को कब्जे में कर लिया था।
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मशीन अभी भी थाने में खड़ी है, लेकिन तहसील प्रशासन और पुलिस की ओर से मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई है। वहीं, पोकलैंड पकड़े जाने पर पूर्व सांसद रमाकांत यादव ने कहा पत्रकार वार्ता कर कहा था कि फोरलेन सड़क पर भराव के लिए डीएम-एसडीएम के निर्देश पर एक करोड़ की रॉयल्टी जमा करने के बाद मिट्टी निकाली जा रही थी। सरकार के खिलाफ बोलने की वजह से डीएम सहित अन्य अधिकारी मुझे परेशान कर रहे हैं।

इस संबंध में खनन विभाग के कर्मचारियों का कहना है कि वाराणसी-लुंबिनी हाईवे के निर्माण में सिर्फ दो-तीन कंपनियों को ही खनन की अनुमति दी गई है। इसमें भी किसी को ग्राम समाज की जमीन में खनन की अनुमति नहीं दी गई है।

ग्राम समाज की उसर, बंजर और परती की जमीन में भी खनन से पहले प्रधान की सहमित लेनी पड़ती है। यहां प्रधान की ओर से ही शिकायत की जा रही है। चारागाह और तालाब आदि की जमीन से खनन की अनुमति दी ही नहीं जा सकती है। नियमावली और खनन विभाग के बयानों पूर्व सांसद अपने ही बयानों में घिरते नजर आ रहे हैं।


हाईवे निर्माण के लिए सिर्फ एनएचआई से अधिकृत कंपनियों की अनुमति दी गई है। इसके अलावा 10 ट्राली से ज्यादा मिट्टी निकालने की अनुमति किसी को नहीं दी गई है। मामले की जानकारी की जा रही है। नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। -वीके गुप्ता, एडीएम वित्त एवं राजस्व
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