आजमगढ़। शासन की ओर से पंचायत सचिवों की ऑनलाइन उपस्थिति अनिवार्य करने के आदेश के खिलाफ जिले के विभिन्न ब्लाॅकों में ग्राम पंचायत अधिकारी एवं ग्राम विकास अधिकारियों का आंदोलन जारी है। मंगलवार को आंदोलन के दूसरे दिन भी सचिवों ने काली पट्टी बांधकर विरोध जताया। शासनादेश को अव्यावहारिक बताया।
फूलपुर: ब्लॉक मुख्यालय पर सचिवों ने आंदोलन जारी रखा। ग्राम पंचायत अधिकारी व ग्राम विकास अधिकारियों ने काली पट्टी बांधकर शासकीय कार्य किया। सरकार के निर्णय के खिलाफ नाराजगी की। कर्मचारियों ने कहा कि ऑनलाइन उपस्थिति व्यवस्था से कार्यों में बाधा उत्पन्न हो रही है। यह नियमों के विपरीत है। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक मांगें पूरी नहीं होंगी, आंदोलन जारी रहेगा। इस दौरान आशीष कुमार, अभिमन्यु, सुनील कुमार, अरविंद यादव, अरुण यादव आदि मौजूद रहे। अतरौलिया : ब्लाॅक में ग्राम पंचायत अधिकारियों ने काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन किया। सचिवों ने बताया कि यह चार दिन का सांकेतिक धरना है। उन्होंने कहा कि यदि इस अवधि में मांगें नहीं मानी गई तो पांच दिसंबर से प्रदेश स्तरीय वृहद आंदोलन शुरू किया जाएगा। इस दौरान अभय कुमार यादव, रमेश यादव, राजीव सिंह, अरुण, आदेश शुक्ला, रविंद्र यादव उपस्थित रहे। मेंहनगर : ब्लॉक मुख्यालय पर पंचायत सचिव और ग्राम विकास अधिकारी समन्वय समिति के बैनर तले सचिवों ने ब्लॉक अध्यक्ष एवं जिला महामंत्री अनिल कुमार के नेतृत्व में प्रदर्शन किया। काली पट्टी बांधकर कर्मचारी एकता जिंदाबाद के नारे लगाए और ऑनलाइन हाजिरी प्रणाली का विरोध किया। सीडीओ को संबोधित ज्ञापन बीडीओ रवि कुमार को सौंपा। इस दौरान अतुल कुमार पांडेय, हरिनंदन यादव, रितेश सिंह, रामअवध यादव, अजित यादव, विनय यादव आदि उपस्थित रहे। ठेकमा : ब्लाक में अध्यक्ष मनोज कुमार की अध्यक्षता में ऑनलाइन हाजिरी के विरोध व अन्य मांगों के लिए शांतिपूर्वक प्रदर्शन किया।