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Azamgarh News: ''मखमली सपनों'' में पैबंद, 52 प्रतिशत परिषदीय स्कूलों में अब भी टाट-पट्टी पर पढ़ाई
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आजमगढ़। बेसिक शिक्षा विभाग जिले की 2706 परिषदीय स्कूलों को स्मार्ट बनाने में जुटा हुआ है। इसके बाद भी 52 प्रतिशत स्कूलों में बच्चे टाट पट्टी पर बैठ कर पढ़ाई कर रहे हैं। शिक्षा विभाग रंग-रोगन व टाइल्स लगाकर स्कूलों के कलेवर बदलने का प्रयास कर रहा है। बिजली, कंप्यूटर, प्रोजेक्टर, आरओ, सबमर्सिबल सहित अन्य सुविधाओं से स्कूलों को लैस किया जा रहा है।
जिले में 2706 परिषदीय स्कूलों में 1724 प्राथमिक, 458 उच्च प्राथमिक और 524 कंपोजिट विद्यालय हैं। उक्त स्कूलों में 48.90 प्रतिशत विद्यालयों में ही फर्नीचर की व्यवस्था है। बाकी के विद्यालयों में अब भी टाट-पट्टी पर पढ़ाई हो रही है। ठंड में भी बच्चे जमीन पर बैठकर पढ़ते हैं। इसके चलते तमाम अभिभावक बच्चों का सरकारी विद्यालयों में नामांकन कराने से कतराते हैं। पर्याप्त संसाधन न होने के कारण परिषदीय विद्यालयों में बच्चों की संख्या कम होती जा रही है। दूसरी ओर बच्चों का नामांकन बढ़ाने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग परिषदीय विद्यालयों को अंग्रेजी माध्यम में तब्दील कर रहा है। अंग्रेजी माध्यम के विद्यालयों में बच्चों की संख्या बढ़ी है लेकिन इसके पीछे इन विद्यालयों में डेस्क-बेंच सहित अन्य संसाधन मुहैया कराना है।
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परिषदीय स्कूलों में कायाकल्प के तहत कार्य कराए जा रहे हैं। सभी विद्यालयों में फर्नीचर की व्यवस्था करने के लिए बीएसए को निर्देशित किया गया है। कुछ विद्यालयों में अभी तक व्यवस्था नहीं हुई है। वहां भी जल्द ही व्यवस्था कर दी जाएगी।
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- मनोज कुमार मिश्रा, एडी बेसिक आजमगढ़।
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जिले में 2706 परिषदीय स्कूलों में 1724 प्राथमिक, 458 उच्च प्राथमिक और 524 कंपोजिट विद्यालय हैं। उक्त स्कूलों में 48.90 प्रतिशत विद्यालयों में ही फर्नीचर की व्यवस्था है। बाकी के विद्यालयों में अब भी टाट-पट्टी पर पढ़ाई हो रही है। ठंड में भी बच्चे जमीन पर बैठकर पढ़ते हैं। इसके चलते तमाम अभिभावक बच्चों का सरकारी विद्यालयों में नामांकन कराने से कतराते हैं। पर्याप्त संसाधन न होने के कारण परिषदीय विद्यालयों में बच्चों की संख्या कम होती जा रही है। दूसरी ओर बच्चों का नामांकन बढ़ाने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग परिषदीय विद्यालयों को अंग्रेजी माध्यम में तब्दील कर रहा है। अंग्रेजी माध्यम के विद्यालयों में बच्चों की संख्या बढ़ी है लेकिन इसके पीछे इन विद्यालयों में डेस्क-बेंच सहित अन्य संसाधन मुहैया कराना है।
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परिषदीय स्कूलों में कायाकल्प के तहत कार्य कराए जा रहे हैं। सभी विद्यालयों में फर्नीचर की व्यवस्था करने के लिए बीएसए को निर्देशित किया गया है। कुछ विद्यालयों में अभी तक व्यवस्था नहीं हुई है। वहां भी जल्द ही व्यवस्था कर दी जाएगी।
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- मनोज कुमार मिश्रा, एडी बेसिक आजमगढ़।