{"_id":"6abeb2b82d820bec4301a4fb","slug":"notices-issued-to-bmms-of-13-blocks-for-negligence-in-group-formation-azamgarh-news-c-258-1-rdp1005-158137-2026-10-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Azamgarh News: समूह गठन में लापरवाही पर 13 ब्लॉकों के बीएमएम को नोटिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Azamgarh News: समूह गठन में लापरवाही पर 13 ब्लॉकों के बीएमएम को नोटिस
विज्ञापन
स्वयं सहायता समूहों के गठन की रफ्तार धीमी मिलने पर जिले के 13 विकासखंडों के ब्लॉक मिशन मैनेजर (बीएमएम) को नोटिस जारी किया गया है।
चालू वित्तीय वर्ष में जिले में 30 हजार नए स्वयं सहायता समूह गठित कर 4.85 लाख महिलाओं को समूहों से जोड़ने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके सापेक्ष अब तक 1.23 लाख महिलाओं को समूहों से जोड़ा जा चुका है। समीक्षा में 13 विकासखंडों में समूह गठन की प्रगति अपेक्षित स्तर से कम मिली।
समूह गठन की समीक्षा के दौरान कम प्रगति सामने आने पर उपायुक्त स्वतः रोजगार डॉ. आराधना त्रिपाठी ने संबंधित विकासखंडों के बीएमएम को नोटिस जारी किया है। उनसे कम प्रगति का कारण स्पष्ट करते हुए लक्ष्य के अनुरूप कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं।
विभाग का जोर अधिक से अधिक ग्रामीण महिलाओं को स्वयं सहायता समूहों से जोड़कर उन्हें आर्थिक गतिविधियों से जोड़ने पर है। समूहों के माध्यम से महिलाओं को स्वरोजगार और विभिन्न आजीविका गतिविधियों के अवसर उपलब्ध कराए जाते हैं।
विज्ञापन
ऐसे में निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष समूह गठन की धीमी प्रगति को लेकर विभाग ने संबंधित कर्मियों की जवाबदेही तय की है। अधिकारियों के अनुसार शेष लक्ष्य को समय से पूरा करने के लिए विकासखंडवार प्रगति की लगातार समीक्षा की जा रही है। कम प्रगति वाले ब्लॉकों में समूह गठन की गति बढ़ाने के लिए संबंधित कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।
--
सभी ब्लॉकों के बीएमएम को लक्ष्य के सापेक्ष समूह गठन कर महिलाओं को जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं। ताकि अधिक से अधिक महिलाएं समूह से जुड़कर स्वत: रोजगार की दिशा में आगे बढ़ सकें और अपने परिवार का आर्थिक संबल बन सकें। -डॉ. आराधना त्रिपाठी, उपायुक्त स्वतः रोजगार।
विज्ञापन
चालू वित्तीय वर्ष में जिले में 30 हजार नए स्वयं सहायता समूह गठित कर 4.85 लाख महिलाओं को समूहों से जोड़ने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके सापेक्ष अब तक 1.23 लाख महिलाओं को समूहों से जोड़ा जा चुका है। समीक्षा में 13 विकासखंडों में समूह गठन की प्रगति अपेक्षित स्तर से कम मिली।
समूह गठन की समीक्षा के दौरान कम प्रगति सामने आने पर उपायुक्त स्वतः रोजगार डॉ. आराधना त्रिपाठी ने संबंधित विकासखंडों के बीएमएम को नोटिस जारी किया है। उनसे कम प्रगति का कारण स्पष्ट करते हुए लक्ष्य के अनुरूप कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं।
विज्ञापन
विभाग का जोर अधिक से अधिक ग्रामीण महिलाओं को स्वयं सहायता समूहों से जोड़कर उन्हें आर्थिक गतिविधियों से जोड़ने पर है। समूहों के माध्यम से महिलाओं को स्वरोजगार और विभिन्न आजीविका गतिविधियों के अवसर उपलब्ध कराए जाते हैं।
विज्ञापन
ऐसे में निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष समूह गठन की धीमी प्रगति को लेकर विभाग ने संबंधित कर्मियों की जवाबदेही तय की है। अधिकारियों के अनुसार शेष लक्ष्य को समय से पूरा करने के लिए विकासखंडवार प्रगति की लगातार समीक्षा की जा रही है। कम प्रगति वाले ब्लॉकों में समूह गठन की गति बढ़ाने के लिए संबंधित कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।
सभी ब्लॉकों के बीएमएम को लक्ष्य के सापेक्ष समूह गठन कर महिलाओं को जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं। ताकि अधिक से अधिक महिलाएं समूह से जुड़कर स्वत: रोजगार की दिशा में आगे बढ़ सकें और अपने परिवार का आर्थिक संबल बन सकें। -डॉ. आराधना त्रिपाठी, उपायुक्त स्वतः रोजगार।