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पूर्व राज्यपाल के खिलाफ गैर जमानती वारंट: खेत पर कब्जा और धमकी देने का मामला, पीड़ित को मिला था स्टे ऑर्डर
Mon, 05 Aug 2024 05:35 PM IST
अमन विश्वकर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।
अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।
Published by: अमन विश्वकर्मा
Updated Mon, 05 Aug 2024 05:35 PM IST
सार
Azamgarh News: न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट नंबर 26 ओमश्री चौरसिया ने 16 जुलाई 2024 को फागू चौहान के विरुद्ध गैर जमानती वारंट जारी करने का आदेश दिया। अदालत ने इस मामले में सुनवाई की अगली तिथि 27 अगस्त नियत की है।
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पूर्व राज्यपाल फागू चौहान।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आजमगढ़ में कोर्ट के स्टे ऑर्डर के बावजूद दूसरे के खेत पर कब्जा करने, गाली-गलौज करने व जान से मारने की धमकी देने के मामले में अदालत ने पूर्व राज्यपाल फागू चौहान के विरुद्ध गैर जमानती वारंट जारी किया है।
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इस मामले में नगर कोतवाली क्षेत्र के बलरामपुर निवासी शिवपूजन चौहान ने सीजेएम कोर्ट में परिवाद दाखिल किया था। जिसके अनुसार परिवादी शिवपूजन चौहान की हाफिजपुर स्थित जमीन के बगल में ही फागू चौहान का कोल्ड स्टोरेज है।
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शिवपूजन चौहान की जमीन को फागू चौहान और शिवकुमार चौहान कब्जा करना चाहते थे। तब शिवपूजन ने पहले मंडलायुक्त कोर्ट से बाद में इलाहाबाद हाईकोर्ट से स्टे ऑर्डर ले लिया था।
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स्टे ऑर्डर के बावजूद 9 मार्च, 2001 को फागू चौहान और शिवकुमार चौहान ने सरकारी गनर और अन्य लोगों के साथ मिलकर शिवपूजन के खेत में खड़ी गन्ने की फसल कटवा लिया और शिवपूजन के एतराज करने पर उसे गाली गलौज देते हुए जान से मारने की धमकी भी दी।
इस मामले में सुनवाई पूरी करने के बाद सीजेएम कोर्ट ने 23 जुलाई 2001 को फागू चौहान और शिवकुमार चौहान को विचारण के लिए तलब कर लिया था। इस तलबी आर्डर के विरुद्ध फागू चौहान और शिवकुमार चौहान ने इलाहाबाद हाईकोर्ट से स्टे ऑर्डर ले लिया।
वर्षों तक पत्रावली स्टे ऑर्डर में चलती रही। जब पत्रावली अति प्राचीन हो गई, तब प्राचीन होने के कारण एक्शन प्लान के तहत इस मुकदमे में जारी स्टे ऑर्डर खत्म हो गया। इस बीच आरोपी शिवकुमार चौहान की मौत हो गई।