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11 साल बीते, नहीं पुरी हुई मुकदमे की विवेचना

Mon, 30 Sep 2019 10:51 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Mon, 30 Sep 2019 10:51 PM IST
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In the case of Yogi, 11 years passed, trial not completed
आजमगढ़। शहर कोतवाली क्षेत्र के तकिया मुहल्ले में सात सितंबर 2008 को गोरखपुर के तत्कालीन सांसद व वर्तमान मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी के काफिले पर हुए सुनियोजित हमले के मामले में शहर कोतवाली में दर्ज कराए गए एक भी मुकदमों की विवेचना अब तक पूरी नहीं हो सकी। साल 2017 में शहर कोतवाली पुलिस की तरफ से बगैर किसी आरोपी की गिरफ्तारी के ही चार्जशीट कोर्ट में पेश करने के लिए दाखिल की गई थी, लेकिन अभियोजन के हस्तक्षेप पर पुन: विवेचना के लिए फाइल वापस कर दी गई। तभी से जांच के नाम पर मामला अटका पड़ा है।
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हिंदू युवा वाहिनी के पूर्व जिलाध्यक्ष हरिवंश मिश्रा के मुताबिक सात सितंबर 2008 को शहर के डीएवी कालेज में जनसभा आयोजित की गई थी। उसमें उस समय के गोरखपुर के सांसद व हिंदू युवा वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष योगी आदित्यनाथ को शामिल होना था। उनका काफिला शहर के बाहर से निकलना था लेकिन अधिकारियों ने बगैर किसी विशेष सुरक्षा के उनका काफिला शहर के तकिया मुहल्ले से निकाल दिया। जैसे ही आदित्यनाथ की गाड़ी पहुंची पहले से ही घात लगाए लोग ईंट पत्थर, सरिया, डंडा आदि से हमला बोल दिया। बवाल होने से काफिला दो भागों में बंट गया। हरिबंश के मुताबिक योजनाबद्ध तरीके से योजना को अंजाम दिलवाया गया था। हमलावरों ने रजादेपुर मठ के महंथ शिवहर्ष भारती की गाड़ी तोड़कर उन्हें चाकू मारकर घायल कर दिया। बम्हौर गांव निवासी मुन्नर यादव सहित अन्य लोग गंभीर रुप से घायल हो गए थे। फायरिंग में युवक मनीउल्लाह (18) की मौत हुई थी। लापरवाही पाए जाने पर तत्कालीन एसपी विजय गर्ग सहित अन्य को निलंबित किया गया था।
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संयुक्त निदेशक अभियोजन वेद प्रकाश वर्मा ने बताया कि इस मामले में पुलिस की तरफ से शहर कोतवाली में केस दर्ज कराया गया था। इसमें अपराध संख्या 997/2008 के अलावा ए,बी,सी, डी, ई तक में बलवा, मारपीट, डकैती, हत्या के प्रयास, हत्या तक की धाराएं आरोपियों पर लगाई गई हैं। सभी मामले में तीन से चार आरोपी नामजद और कई अज्ञात लोगों को आरोपित किया गया है। बावजूद इसके शहर कोतवाली पुलिस अब तक विवेचना नहीं पूरी कर सकी। साल 2017 में पुलिस इस मामले में चार्जशीट दाखिल करना चाहती थी, लेकिन पुन: विवेचना करते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी करने के बाद ही चार्जशीट दाखिल करने को कहा गया है। अभी तक जांच पूरी नहीं हो सकी है। इस संबंध में शहर कोतवाल अनिल सिंह ने बताया कि मामला पुराना है। मामले की विवेचना लगभग पूरी हो चुकी है। सिर्फ अंतिम मुकदमे की विवेचना शेष है। जिसे जल्द पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है।
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घटना के संबंध में दर्ज कराई गई सभी रिपोर्टों की जांच पूरी कर ली गई है। एक मामले की जांच के लिए शासन को पत्र भेजकर अनुमति के लिए पत्र भेजा गया है। वहां से जवाब मिलते ही उक्त रिपोर्ट मामले की भी जांच पूरी कर चार्जशीट कोर्ट में दाखिल कर दी जाएगी। - पंकज पांडेय, एसपीसिटी
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