{"_id":"60c8e52f8ebc3e32bb787ff5","slug":"if-the-jewelry-will-be-hallmarked-then-customers-will-benefit-azamgarh-news-vns595010114","type":"story","status":"publish","title_hn":"हॉलमार्क युक्त होंगे गहने तो ग्राहकों का होगा फायदा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हॉलमार्क युक्त होंगे गहने तो ग्राहकों का होगा फायदा
विज्ञापन
आजमगढ़। सरकार के निर्देशानुसार 16 जून से आभूषणों की दुकानों पर हॉलमार्क युक्त गहनों की ही बिक्री होगी। लेकिन इससे जहां उपभोक्ताओं को फायदा होगा वहीं व्यापारियों के सामने समस्या खड़ी हो जाएगी क्योंकि अभी तक जिले में हॉलमार्क को लेकर कोई सुविधा नहीं है। हॉलमार्किंग के लिए व्यापारियों को दूसरे जनपदों का चक्कर काटना होगा।
सोने के गहनों की हॉलमार्किंग को सरकार ने जरूरी कर दिया है। बिकने वाले सभी गहने पर हॉलमार्क का निशान लगा होना जरूरी है। हॉलमार्किंग सोने-चांदी और प्लेटिनम की शुद्धता को प्रमाणित करने का एक जरिया होती है। इसके लगने के बाद सोने, चांदी और प्लेटिनम के शुद्घता की गारंटी होती है। इसका फायदा उपभोक्ताओं को मिलेगा। क्योंकि उपभोक्ताओं को इसकी जानकारी नहीं होती और दुकानदार उनसे 76 प्रतिशत शुद्घता का पैसा लेकर उन्हें 52 से 54 प्रतिशत शुद्घता का गहना उन्हें पकड़ा देते हैं। लेकिन हालमार्क लगने के बाद उपभोक्ताओं को इसका फायदा मिलेगा। लेकिन इससे व्यापारियों की परेशानी बढ़ जाएगी। क्योंकि हालमार्क के लिए गहनों पर पांच मुहर लगती है। जिले हॉलमार्किंग की कोई व्यवस्था नहीं है। इसके लिए व्यापारियों को दूसरे जनपदों का चक्कर काटना पड़ेगा। पद्माकर लाल वर्मा, अध्यक्ष सराफा मंडल ने कहा कि सरकार की ओर से उठाया गया यह कदम उपभोक्ताओं के लिए बहुत अच्छा है। हॉलमार्क से उपभोक्ताओं को मिलने वाले गहने के शुद्घता की गारंटी होगी। ग्रामीण इलाकों में लोग 76 प्रतिशत शुद्घता की गारंटी बताकर 52 से 54 प्रतिशत शुद्घता के गहने ग्राहकों को दे देते हैं। सरकार के इस कदम के बाद उपभोक्ताओं को राहत होगी।
-आशुतोष रूंगटा ने कहा कि हॉलमार्क से उपभोक्ताओं को फायदा होगा। हॉलमार्क में गहनों पर पांच मुहरें लगती हैं। अगर उपभोक्ता इन हॉलमार्क को देखकर खरीदारी करें तो उनके साथ धोखाधड़ी नहीं हो सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सोने के गहनों की हॉलमार्किंग को सरकार ने जरूरी कर दिया है। बिकने वाले सभी गहने पर हॉलमार्क का निशान लगा होना जरूरी है। हॉलमार्किंग सोने-चांदी और प्लेटिनम की शुद्धता को प्रमाणित करने का एक जरिया होती है। इसके लगने के बाद सोने, चांदी और प्लेटिनम के शुद्घता की गारंटी होती है। इसका फायदा उपभोक्ताओं को मिलेगा। क्योंकि उपभोक्ताओं को इसकी जानकारी नहीं होती और दुकानदार उनसे 76 प्रतिशत शुद्घता का पैसा लेकर उन्हें 52 से 54 प्रतिशत शुद्घता का गहना उन्हें पकड़ा देते हैं। लेकिन हालमार्क लगने के बाद उपभोक्ताओं को इसका फायदा मिलेगा। लेकिन इससे व्यापारियों की परेशानी बढ़ जाएगी। क्योंकि हालमार्क के लिए गहनों पर पांच मुहर लगती है। जिले हॉलमार्किंग की कोई व्यवस्था नहीं है। इसके लिए व्यापारियों को दूसरे जनपदों का चक्कर काटना पड़ेगा। पद्माकर लाल वर्मा, अध्यक्ष सराफा मंडल ने कहा कि सरकार की ओर से उठाया गया यह कदम उपभोक्ताओं के लिए बहुत अच्छा है। हॉलमार्क से उपभोक्ताओं को मिलने वाले गहने के शुद्घता की गारंटी होगी। ग्रामीण इलाकों में लोग 76 प्रतिशत शुद्घता की गारंटी बताकर 52 से 54 प्रतिशत शुद्घता के गहने ग्राहकों को दे देते हैं। सरकार के इस कदम के बाद उपभोक्ताओं को राहत होगी।
विज्ञापन
-आशुतोष रूंगटा ने कहा कि हॉलमार्क से उपभोक्ताओं को फायदा होगा। हॉलमार्क में गहनों पर पांच मुहरें लगती हैं। अगर उपभोक्ता इन हॉलमार्क को देखकर खरीदारी करें तो उनके साथ धोखाधड़ी नहीं हो सकती है।
विज्ञापन